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हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी की गिरफ्तारी का रास्ता साफ, हाईकोर्ट ने वापस ली राहत
ब्यूरो/ अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Thu, 03 May 2018 09:15 PM IST
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फरार हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी
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गीतांजलि जेम्स के मालिक फरार हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी के सिर पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है। हाईकोर्ट ने चोकसी को गिरफ्तारी व कड़ी कार्रवाई से प्रदान राहत वापस ले ली है। चोकसी 11 हजार करोड़ का घोटाला कर विदेश भाग चुके नीरव मोदी का मामा है।
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जस्टिस मुक्ता गुप्ता ने पुलिस की स्टेटस रिपोर्ट के मद्देनजर चोकसी को प्रदान राहत बृहस्पतिवार को वापस ले ली। पुलिस ने कहा चोकसी जांच में सहयोग नहीं कर रहा है और वह अपने किसी भी पते नहीं मिल रहा है।
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साकेत जिला अदालत ने ईस्ट ऑफ कैलाश निवासी बीटेक छात्र वैभव खुरानियां व उसके मित्रों की शिकायत पर कोर्ट ने एफआईआर का निर्देश जून 2016 में दिया था। अदालती आदेश पर थाना अमर कालोनी पुलिस ने एफआईआर दर्ज की थी। हाईकोर्ट ने 26 अप्रैल 2017 को चोकसी को गिरफ्तार न करने या कड़ी कार्रवाई न करने का निर्देश दिल्ली पुलिस को दिया था।
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हाईकोर्ट ने चोकसी की याचिका पर सुनवाई करते हुये उसके खिलाफ धोखाधड़ी के मामले में दर्ज मामले में जांच करने और स्टेटस रिपोर्ट पेश करने का निर्देश 20 फरवरी 2018 को दिया था। तब पुलिस ने कहा था कि दोनों पक्ष आपसी बातचीत से मामला सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं। इसलिये मामले की जांच फिलहाल रुकी हुई है।
एफआईआर के मुताबिक सात छात्रों ने गीतांजलि ज्वेलरी रिटेल की फ्रेंचाइजी लेने के लिये तीन करोड़ रुपये जमा किये थे। इस छात्रों ने इस पैसे से राजौरी गार्डन इलाके में आरएम ग्रीन सोल्यूशन के नाम से ज्वेलरी शोरूम खोला। इसके बाद छात्रों को पता चला कि गीतांजलि ने जो हीरे उन्हें दिये थे वह थर्ड क्लास थे जबकि इसके लिये डेढ़ करोड़ रुपये की गारंटी ली गई थी।