ज्यादा काढ़ा पीने से गले-पेट में हो सकता है अल्सर, 'गोल्डन मिल्क' प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सक्षम

अमित शर्मा, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Mon, 07 Sep 2020 06:04 PM IST
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सार

  • बार-बार काढ़ा पीने से गले-पेट में पड़ सकते हैं छाले, त्वचा पर पड़ सकते हैं चकत्ते
  • विशेषज्ञों की सलाह, दूध में हल्दी मिलाकर पीना शरीर की रोग प्रतिरोधी क्षमता विकसित करने में पूर्णतया सक्षम

विस्तार

कोरोना काल में संक्रमण से बचने के लिए काढ़ा पीने का प्रचलन तेजी से बढ़ा है। संक्रमण के डर से लोग रोज दिन में बार-बार काढ़ा पी रहे हैं। लेकिन आयुर्वेद विशेषज्ञों का कहना है कि बार-बार काढ़ा पीना स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। यह गले-पेट में अल्सर का कारण भी बन सकता है। किसी व्यक्ति के लिए एक दिन में दो बार काढ़ा पीना पर्याप्त होता है। शरीर में प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए रोज 'गोल्डन मिल्क' पीना सर्वश्रेष्ठ उपाय होता है, जो अकेले ही व्यक्ति को किसी वायरस या जीवाणु से बचने में मदद कर सकता है।
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