भगवान का नया घर बनाने पर मुकदमा नहीं बनता: साक्षी
सुप्रीम कोर्ट द्वारा आयोध्या में विवादित ढांचा गिराए जाने की साजिश रचने के आरोप में 24 साल बाद भाजपा नेता लालकृष्ण अडवानी, उमा भारती, डा. मुरली मनोहर जोशी पर मुकदमा चलाने के फैसले पर बीजेपी सांसद और उन्नाव के सांसद साक्षी महराज ने टिप्पणी की है।
एटा स्थित अपने आश्रम पर उन्होंने कहा कि विवादित स्थल पर कभी मस्जिद थी नहीं, तो मस्जिद तोड़ने का आरोप भी तीनों नेताओं पर नहीं बनता। भगवान का नया घर बनाने पर मुकदमा नहीं होता। साक्षी ने राम मंदिर निर्माण का राग अलापते हुए फिर कहा 2019 के संसदीय चुनाव में जाने से पहले अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण शुरू हो जाएगा ।
सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद एटा स्थित अपने आश्रम पहुंचे उन्नाव के भाजपा सांसद साक्षी महराज ने मीडिया से वार्ता में कहा कि वहां कभी बाबरी मस्जिद थी ही नहीं। प्रभु श्री राम का मंदिर था और बाबर आक्र्तांता था, उसी ने मंदिर तोड़ा था।
मुकद्ममा राजीव गांधी पर बनता है
साक्षी बोले पुराने घर को तोड़कर अगर भगवान का नया घर बनाने का प्रयास किया तो कोई अपराध नहीं बनता। बोले कि मूर्ति हटवाने, ताला खुलवाने आदि सब काम कांग्रेस सरकार में हुए हैं, तो मुकदमा कांग्रेस पार्टी के पूर्व प्रधानमंत्री नरसिम्हा राव और राजीव गांधी पर बनता है।
आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, उमा भारती और हमारे खिलाफ किस बात का केस बनेगा। क्या उमा भारती और कल्याण सिंह को इस्तीफ़ा देना चाहिए? इस सवाल बोले कि जब कोई अपराध बनता ही नहीं बनता तो पद से हटने का कोई औचित्य नहीं है।
हालांकि मंदिर का निर्माण सहमति से होने की बात भी उन्होंने कही। आडवाणी का राष्ट्रपति पद की दौड़ शामिल होने पर कहा कि इसका फैसला पार्टी और संसदीय बोर्ड करेगा।