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कोरोना संक्रमित मरीजों के लिए नया खतरा डेंगू और मलेरिया, डॉक्टरों ने चेताया
Sun, 06 Sep 2020 03:04 PM IST
Tanuja Yadav
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Tanuja Yadav
Updated Sun, 06 Sep 2020 03:04 PM IST
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दिल्ली के दो अस्पतालों में डॉक्टरों ने कोरोना के कुछ ऐसे मामले भी देखे हैं, जिनमें मलेरिया या डेंगू के लक्षण भी दिखाई दिए। डॉक्टरों का मानना है कि यह चिंता का विषय हो सकता है क्योंकि दो बीमारी एक साथ ज्यादा खतरनाक साबित हो सकती हैं। वहीं दिल्ली अब उस मौसम में प्रवेश कर रहा है, जिस समय मच्छरों से बीमारी तेजी से फैलती हैं।
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हाल ही में दिल्ली के इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल में एक मलेरिया का मरीज मिला, जिसमें कोविड-19 और डेंगू दोनों के लक्षण थे। अस्पताल के वरिष्ठ कंसेल्टेटिंग फुफ्फुसीय रोग विशेषज्ञ डॉ राजेश चावला का कहना है कि हम जानते हैं कि डेंगू और मलेरिया एक साथ उन जगहों पर होते हैं, जहां मच्छर प्रजनन करते हैं।
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डॉ चावला का कहना है कि मौजूदा प्रोटोकॉल्स की वजह से मरीज का कोविड-19 टेस्ट करना पड़ा, जिसमें उसके कोरोना पॉजिटिव होने के बारे में पता चला। डॉक्टर ने बताया कि कम उम्र होने के बाद भी मरीज की मौत हो गई। ऐसा ही एक मामला लोकनायक अस्पताल में आया।
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इस मामले में डॉक्टर ने पाया कि 14 साल के कोविड-19 से पीड़ित मरीज की प्लेटलेट्स गिर गई हैं। अस्पताल के मेडिकल निदेशक डॉ सुरेश कुमार का कहना है कि हमने मरीज का डेंगू का टेस्ट किया, वो पॉजिटिव आया। इससे हमने उस मरीज का डेंगू का भी इलाज किया, हालांकि उसकी स्थिति ज्यादा नहीं बिगड़ी और दस दिन बाद उसे छुट्टी दे दी गई।
सामान्य तौर पर डेंगू के मामले जुलाई में शुरू होते हैं, अक्तूबर में इन मामलों में तेजी आती है। सरकारी रिकॉर्ड के मुताबिक साल 2015 में 15,867 मरीजों को डेंगू हुआ था, जिसमें 60 मरीजों की मौत हो गई थी। जबकि साल 2019 में डेंगू के मामलों में गिरावट दिखी और पिछले साल केवल 2,036 मामले सामने आए और दो मरीजों ने अपनी जान गंवाई।