{"_id":"5d12da558ebc3e3c671b3c08","slug":"demolition-of-chandrababu-naidu-praja-vedike-building-is-underway-in-amaravati","type":"story","status":"publish","title_hn":"चंद्रबाबू नायडू के आलीशान बंगले 'प्रजा वेदिका' पर चला बुलडोजर, गिराने का काम शुरू","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
चंद्रबाबू नायडू के आलीशान बंगले 'प्रजा वेदिका' पर चला बुलडोजर, गिराने का काम शुरू
Wed, 26 Jun 2019 09:31 AM IST
आसिम खान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरावती
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरावती
Published by: आसिम खान
Updated Wed, 26 Jun 2019 09:31 AM IST
विज्ञापन
चंद्रबाबू नायडू का आलीशान बंगला 'प्रजा वेदिका'
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी के आदेश के बाद पूर्व मुख्यमंत्री और तेलगु देशम पार्टी (टीडीपी) अध्यक्ष एन चंद्रबाबू नायडू के अमरावती स्थित आलीशान बंगले 'प्रजा वेदिका' को तोड़ने का काम शुरू हो गया है।
विज्ञापन
Andhra Pradesh: Demolition of 'Praja Vedike' building is underway in Amaravati. The building was constructed by the previous government led by N Chandrababu Naidu. pic.twitter.com/ZCpqBzmEZC
— ANI (@ANI) June 26, 2019विज्ञापन
बता दें कि मुख्यमंत्री जगनमोहन रेड्डी ने 'प्रजा वेदिका' इमारत को तोड़ने का आदेश दिया था। इसी इमारत में पूर्व मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू रह रहे थे। जगनमोहन के आदेश के अनुसार मंगलवार से इमारत तोड़ने का काम शुरू हो गया।
विज्ञापन
बीते दिनों चंद्रबाबू नायडू ने जगनमोहन रेड्डी को चिट्ठी लिखकर 'प्रजा वेदिका' को नेता प्रतिपक्ष का सरकारी आवास घोषित करने की मांग की थी। लेकिन राज्य सरकार ने शनिवार को चंद्रबाबू नायडू के अमरावती स्थित आवास 'प्रजा वेदिका' को अपने कब्जे में ले लिया था। टीडीपी ने इसे राज्य सरकार की बदले की कार्रवाई बताया था।
टीडीपी सरकार ने 'प्रजा वेदिका' का निर्माण आंध्र प्रदेश राजधानी क्षेत्र विकास प्राधिकरण (एपीसीआरडीए) के जरिए तत्कालीन मुख्यमंत्री आवास के रूप में किया था। पांच करोड़ रुपये में बने इस आवास का इस्तेमाल चंद्रबाबू आधिकारिक कार्यों के साथ ही पार्टी की बैठकों के लिए करते थे।
इससे पहले मंगलवार को मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी ने चंद्रबाबू नायडू के परिवार की सुरक्षा कम करने का फैसला लिया था। राज्य सरकार ने उनके बेटे और पूर्व राज्य मंत्री नारा लोकेश से जेड श्रेणी की सुरक्षा वापस ले ली। नारा लोकेश की सुरक्षा 5+5 से घटाकर 2+2 कर दी गई। इसके अलावा चंद्रबाबू के परिवार के अन्य सदस्यों की सुरक्षा वापस ले ली गई।