घटे तीन तलाक: 2019 में बनाए गए सख्त कानून का हुआ असर, केंद्रीय मंत्री नकवी ने कही यह बात
तत्काल तीन तलाक के खिलाफ सख्त कानून लागू होने के बाद मुस्लिम समाज में इस तरह से विवाह विच्छेद करने के मामलों में उल्लेखनीय कमी आई है। 1 अगस्त 2019 को यह कानून लागू किया गया था। रविवार को इसकी सालगिरह है।
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अल्पसंख्यक मामलों के केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी का कहना है कि देश में तीन तलाक के मामलों में उल्लेखनीय गिरावट आई है। इस प्रथा के खिलाफ बनाए गए कानून का देशभर में मुस्लिम महिलाओं ने स्वागत किया है।
नकवी ने यह बयान 'मुस्लिम महिला अधिकार दिवस' की पूर्व संध्या पर दिया। एक अगस्त को तीन तलाक की सामाजिक बुराई की समाप्ति की सालगिरह है। यह दिन देशभर में मुस्लिम महिला अधिकार दिवस के रूप में मनाया जाता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने 1 अगस्त 2019 को यह कानून बनाया और तत्काल तीन तलाक को दंडनीय अपराध बनाया गया।
नकवी ने शनिवार को बयान जारी कर कहा कि यह कानून बनने के बाद देश में तीन तलाक के मामलों में उल्लेखनीय गिरावट आई है। देशभर की मुस्लिम महिलाओं ने इस कानून का उत्साहपूर्वक स्वागत किया है।
देश के विभिन्न संगठन 1 अगस्त को मुस्लिम महिला अधिकार दिवस के रूप में मनाएंगे। केंद्रीय महिला व बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी, केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव और नकवी रविवार को दिल्ली में इस उपलक्ष्य में होने वाले कार्यक्रम में शरीक होंगे।
Muslim Women Rights Day will be observed across the country tomorrow 1st August 2021, to celebrate the enactment of the law against Triple Talaq: Ministry of Minority Affairs pic.twitter.com/WKYq8wdzHZ— ANI (@ANI) July 31, 2021
नकवी ने कहा कि मोदी सरकार ने तीन तलाक के खिलाफ कानून बनाकर देश की मुस्लिम महिलाओं की आत्म निर्भरता, आत्म सम्मान, आत्म विश्वास को मजबूत किया है और उनके संवैधानिक, मूलभूत व लोकतांत्रिक अधिकारों का संरक्षण किया है।