{"_id":"5e99b6418ebc3e77505a5348","slug":"containment-operations-to-be-scaled-down-if-no-secondary-covid-19-case-for-4-weeks-government","type":"story","status":"publish","title_hn":"चार सप्ताह तक कोरोना का मामला सामने न आने पर कंटेनमेंट जोन में धीमा होगा अभियान","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
चार सप्ताह तक कोरोना का मामला सामने न आने पर कंटेनमेंट जोन में धीमा होगा अभियान
Fri, 17 Apr 2020 07:53 PM IST
गौरव पाण्डेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Fri, 17 Apr 2020 07:53 PM IST
सार
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि संक्रमण की पुष्टि वाले व्यक्ति को अलग-थलग रखे जाने और उसके संपर्क में आए लोगों की 28 दिन तक निगरानी करने के बाद कम से कम चार सप्ताह तक किसी पृथक जोन से अगर कोरोना वायरस का कोई पुष्ट मामला सामने नहीं आता है तो कंटेनमेंट जोन (निषिद्ध क्षेत्र) के लिए चलाए जाने वाले अभियान को सीमित कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मंत्रालय की ‘कोविड-19 के लिए रोकथाम योजना’ के अनुसार कंटेनमेंट अभियान को उस जोन में जहां संक्रमण के अधिक मामले हैं, अंतिम मामला निगेटिव आने की तिथि से 28 दिन तक माना जाता है। इसमें कहा गया है कि राज्यों को यह सुनिश्चित करना होगा कि इन क्षेत्रों में इस महामारी से निपटने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं और संक्रमण की चेन को तोड़ा जाए।
विज्ञापन
इसमें कहा गया है कि जहां संक्रमण के अधिक मामले आए हैं, उनके लिए निगरानी का बंद होना, एक अन्य क्षेत्र से भिन्न हो सकता है यदि इन क्षेत्रों के बीच कोई भौगोलिक निरंतरता नहीं हो। हालांकि गंभीर तीव्र श्वसन संक्रमण (एसएआरआई) और इन्फ्लूएंजा जैसी बीमारी (आईएलआई) के लिए निगरानी जारी रहेगी।
विज्ञापन
देश में महाराष्ट्र, दिल्ली, तमिलनाडु, मध्यप्रदेश और राजस्थान से बड़ी संख्या में मामले सामने आए हैं। केंद्र ने 170 जिलों को हॉटस्पॉट घोषित किया है । इसके अलावा 207 जिलों की पहचान गैर-हॉटस्पॉट जिलों के रूप में की है।
विज्ञापन
स्वास्थ्य मंत्रालय के दस्तावेज के अनुसार अधिकारी निषिद्ध क्षेत्र में सक्रिय मामलों का पता लगाएंगे और सभी संदिग्ध मामलों तथा जोखिम वाले संपर्कों की जांच करेंगे, सभी संदिग्ध या पुष्ट मामलों को अलग करेंगे और सामाजिक दूरी को बनाए रखने संबंधी कदमों को लागू करेंगे।
मंत्रालय ने कहा, ‘कंटेनमेंट जोन के लिए चलाए जाने वाले अभियान का उद्देश्य संक्रमण की चेन को तोड़ना है ताकि कोरोना वायरस के कारण प्रभावित होने वाले मरीजों की संख्या और मृत्यु दर को कम किया जा सके।’