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आंध्रप्रदेश में सियासी जमीन तलाशने की तैयारी, वाईएसआर की 10वीं पुण्यतिथि मनाएगी कांग्रेस
Mon, 02 Sep 2019 10:10 AM IST
शिल्पा ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरावती
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरावती
Published by: शिल्पा ठाकुर
Updated Mon, 02 Sep 2019 10:10 AM IST
सार
- आंध्रप्रदेश में कांग्रेस अपनी सियासी जमीन तलाशने की कोशिश में जुटी।
- सोमवार को पूर्व मुख्यमंत्री वाईएस राजशेखर रेड्डी की 10वीं पुण्यतिथि मनाएगी।
- वाईएस राजशेखर रेड्डी को वाईएसआर के नाम से जाना जाता है।
- जिनके बेटे वाईएस जगनमोहन रेड्डी इस वक्त राज्य के मुख्यमंत्री हैं।
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वाईएस राजशेखर रेड्डी
- फोटो : social media
विस्तार
आंध्रप्रदेश में कांग्रेस अपनी सियासी जमीन तलाशने की कोशिश में जुट गई है। पार्टी यहां सोमवार को आंध्रप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वाईएस राजशेखर रेड्डी की 10वीं पुण्यतिथि मनाएगी। वाईएस राजशेखर रेड्डी को वाईएसआर के नाम से जाना जाता है। जिनके बेटे वाईएस जगनमोहन रेड्डी इस वक्त राज्य के मुख्यमंत्री हैं। उन्होंने कंग्रेस से अलग होकर वाईएसआर कांग्रेस पार्टी का गठन किया था, जो मई में सत्ता में आई।
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आंध्रप्रदेश के कांग्रेस प्रभारी सीडी मेयप्पन का कहना है, "वो (वाईएसआर) हमारे नेता थे। जगन अपनी पारिवारिक विरासत का दावा कर सकते हैं लेकिन उनकी राजनीतिक विरासत कांग्रेस की है और कोई नहीं। वाईएसआर का सपना राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनते देखना था लेकिन जगन अपने पिता की इच्छा पूरी नहीं कर रहे हैं।"
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मेयप्पन ने कहा कि वाईएसआर की पुण्यतिथि पर कांग्रेस पूरे राज्य में कार्यक्रमों का आयोजन करेगी। कांग्रेस का कहना है कि वाईएसआर उसके सबसे बड़े नेताओं में से एक थे, जिन्होंने सामाजिक न्याय और समावेशी विकास के लिए काम किया। वाईएसआर की मौत साल 2009 में दो सितंबर को एयरक्रैश में हो गई थी। 2004 और 2009 में राज्य चुनावों में कांग्रेस की जीत के लिए वाईएसआर के नेतृत्व को श्रेय दिया गया था। 2004 में हुए लोकसभा चुनाव में भी पार्टी ने 29 सीट हासिल की थीं। जो 2009 में बढ़कर 33 तक पहुंच गईं।
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2014 में तेलंगाना के आने के बाद विधानसभा और लोकसभा चुनावों में कांग्रेस को हार नसीब हुई। फिर जगन की पार्टी के आने के बाद कांग्रेस की राज्य में जमीन पूरी तरह से खत्म हो गई।