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Congress Income Tax Notice: कांग्रेस ने किया खुलासा, भाजपा से 4,600 करोड़ रुपये की पैनल्टी पर मौन आयकर विभाग

Jitendra Bhardwaj जितेंद्र भारद्वाज
Updated Fri, 29 Mar 2024 04:42 PM IST
सार

कांग्रेस पार्टी के कोषाध्यक्ष अजय माकन ने बताया, कांग्रेस पार्टी के सिर्फ 14 लाख रुपये के उल्लंघन के ऊपर आयकर विभाग ने 135 करोड़ रुपये छीन लिए। 2017-18 में भाजपा ने 1,297 लोगों से चंदा लिया। सूची में उन लोगों का कोई पता नहीं लिखा है। सिर्फ नाम लिखा गया है। नियम है कि चंदा देने वाले का नाम और पता, दोनों होने जरूरी हैं। इस तरह की राशि 42 करोड़ रुपये है...

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Congress Income Tax Notice: Congress revealed, IT Department silent on penalty of Rs 4,600 crore on BJP
Congress Income Tax Notice - फोटो : Amar Ujala/ Rahul Bisht

विस्तार

लोकसभा चुनाव से पहले राजनीतिक दलों को मिले चंदे को लेकर भाजपा व कांग्रेस में घमासान मचा है। भाजपा कह रही है कि कांग्रेस ने डोनेशन लेने के नियमों का उल्लंघन किया है, तो दूसरी तरफ कांग्रेस पार्टी का आरोप है कि चुनाव के मौके पर उसके बैंक खाते फ्रीज किए जा रहे हैं। सरकार का यह कदम देश की स्वस्थ लोकतांत्रिक प्रक्रिया को बाधित करने का प्रयास है। यह मामला अब केवल भारत तक ही सीमित नहीं रहा है, बल्कि अमेरिका और संयुक्त राष्ट्र संघ 'यूएनओ' तक इसकी गूंज पहुंच रही है। अमेरिका और यूएन में उठे इस मामले के बाद शुक्रवार को कांग्रेस पार्टी ने एक बड़ा खुलासा कर दिया है। पार्टी के कोषाध्यक्ष अजय माकन ने कहा, हमने सात वर्ष में भाजपा को मिले चंदे का हिसाब-किताब जोड़ा है। उसमें कई जगहों पर उल्लंघन एवं अनियमितताएं हैं। हमने जो हिसाब लगाया है, उसमें करीब 4,600 करोड़ रुपये की भाजपा पर पैनल्टी बनती है। आयकर विभाग, भाजपा को कोई नोटिस नहीं दे रहा। इतनी भारी पैनल्टी एकत्रित होने पर भी उसके बैंक खाते फ्रीज नहीं किए जा रहे।

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अमेरिका और जर्मनी के राजनयिक तलब

लोकसभा चुनाव से पहले दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को ईडी द्वारा गिरफ्तार करना और कांग्रेस पार्टी के बैंक खाते फ्रीज करना, इस मामले को लेकर अमेरिका, जर्मनी और यूएन में टिप्पणी की गई है। भारत ने इस मामले में जर्मनी के राजयनिक को तलब किया था। उन्हें सख्त संदेश देते हुए कहा था कि यह भारत का आंतरिक मामला है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, हम ऐसी टिप्पणियों को हमारी न्यायिक प्रक्रिया में दखल और न्यायपालिका की स्वतंत्रता को कमजोर करने के रूप में देखते हैं। भारत, कानून के शासन वाला एक जीवंत और मजबूत लोकतंत्र है। इस मामले में कानून अपना काम करेगा। इस संबंध में बनाई गई सभी पक्षपातपूर्ण धारणाएं बहुत अनुचित हैं। इसके बाद अमेरिका ने इस मामले में टिप्पणी कर दी। अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा, हम दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी सहित इन कार्रवाईयों पर बारीकी से नजर रखना जारी रखेंगे।

अमेरिका बोला, कानूनी प्रक्रियाओं को प्रोत्साहित करते हैं

केजरीवाल और कांग्रेस पार्टी के मामले में अमेरिका की टिप्पणी के बाद भारत सरकार ने अमेरिकी राजनयिक को भी तलब किया था। उसमें बावजूद अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, हम कांग्रेस पार्टी के आरोपों से भी अवगत हैं कि आयकर विभाग ने उनके कुछ बैंक खातों को फ्रीज कर दिया है। इसकी वजह से आगामी चुनावों में प्रचार करना उनके लिए चुनौतीपूर्ण हो गया है। हम इनमें से हर मुद्दे के लिए निष्पक्ष, पारदर्शी और समय पर कानूनी प्रक्रियाओं को प्रोत्साहित करते हैं। इसमें किसी को भी आपत्ति नहीं होनी चाहिए। संयुक्त राष्ट्र संघ के प्रवक्ता ने भी कह दिया, हमें बहुत उम्मीद है कि भारत में या किसी अन्य देश में हर किसी के अधिकार सुरक्षित हैं। हर कोई स्वतंत्र और निष्पक्ष माहौल में मतदान करने में सक्षम है। पिछले दिनों कांग्रेस पार्टी की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी ने दावा किया था कि सरकार ने 14 लाख रुपये के टैक्स बकाये से जुड़े एक मामले में पार्टी के 285 करोड़ रुपये के फंड को रोक दिया है।

1,297 लोगों ने बिना पते के दिया चंदा

अजय माकन ने बताया, कांग्रेस पार्टी के सिर्फ 14 लाख रुपये के उल्लंघन के ऊपर आयकर विभाग ने 135 करोड़ रुपये छीन लिए। 2017-18 में भाजपा ने 1,297 लोगों से चंदा लिया। सूची में उन लोगों का कोई पता नहीं लिखा है। सिर्फ नाम लिखा गया है। नियम है कि चंदा देने वाले का नाम और पता, दोनों होने जरूरी हैं। इस तरह की राशि 42 करोड़ रुपये है। यह राशि देने वाले आदमी कहां रहते हैं, क्या वे पाकिस्तान में रहते हैं या हमारे देश में कहीं पर रहते हैं, उनका पता क्या है। ये किसी को मालूम नहीं है। यह तो नियमों का सरासर उल्लंघन है। आयकर विभाग ने 42 करोड़ रुपये के उल्लंघन के मामले में आंख पर पट्टी लगा ली है। दूसरी ओर, कांग्रेस पार्टी को मात्र 14 लाख रुपये के चंदे के मामले में इतनी बड़ी कार्रवाई कर दी। वह चंदा कांग्रेस के ही 23 लोगों ने, जो हमारे मेंबर ऑफ पार्लियामेंट थे, हमारे एमएलए थे, जमा कराया था। बाद में हमने उनके नाम, पेन नंबर और दूसरी डिटेल भी बताई थी। आयकर विभाग ने कुछ नहीं सुना और हमारे 135 करोड़ रुपये छीनकर ले गए। भाजपा को चंदा देने वाले 1,297 लोगों का तो पता ही नहीं है। 92 लोगों के तो नाम भी नहीं हैं।

भाजपा पर 4,600 करोड़ रुपये की पैनल्टी

बतौर अजय माकन, भाजपा को चंदा देने वाले 92 लोगों का नाम नहीं है और 1,297 के एड्रेस नहीं, ये सिर्फ 2017-18 का डाटा है। पिछले दो वर्षों का जब विश्लेषण किया गया, तो 253 लोगों के नाम नहीं मिले। ढाई करोड़ रुपये लिए गए। 126 लोगों से 1.05 करोड़ रुपये लिए गए, जिनका कहीं पता तक नहीं मिला। इतना कुछ हो गया, मगर आयकर विभाग भाजपा की इस कमी को आंख बंद कर नजरअंदाज करता रहा। उसे तो सिर्फ कांग्रेस का उल्लंघन नजर आता है। भाजपा को मिले चंदे में नियमों का उल्लंघन एवं अनियमितताओं को देखें तो उसकी पैनल्टी का हिसाब किताब करें, तो 4,600 करोड़ रुपये, भाजपा पर पैनल्टी लगती है। कांग्रेस पार्टी की इंकम टैक्स डिपार्टमेंट से मांग है कि वह भाजपा से उक्त पैनल्टी वसूले। ये तो सीधा उल्लंघन है। इसे कोई भी व्यक्ति भारतीय निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर जाकर चेक कर सकता है।

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