फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Congress demands the inquiry on the role of modi government in Vijay Mallya escape 

कांग्रेस का भाजपा पर पलटवार, कहा- अगर मालूम था माल्या से हमारी मिलीभगत तो भगाया क्यों

Wed, 19 Sep 2018 03:29 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, नई दिल्ली
ब्यूरो/ अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 19 Sep 2018 03:29 AM IST
विज्ञापन
Congress demands the inquiry on the role of modi government in Vijay Mallya escape 
रणदीप सुरजेवाला

कांग्रेस ने भाजपा नेताओं और रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण के आरोप पर कहा कि अगर मोदी सरकार को ये मालूम था कि कांग्रेस की माल्या से मिलीभगत है तो उसे भागने क्यों दिया। पार्टी प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि सरकार के मंत्रियों को अगर इस बात की खुशबू आ रही थी कि यूपीए सरकार से माल्या के संबंध थे तो देश को बताएं कि उसे भगा क्यों दिया। 

विज्ञापन


कांग्रेस ने माल्या के देश से भागने में चार लोगों और संस्थाओं की भूमिका पर सवाल उठाकर जांच और वित्त मंत्री अरुण जेटली को बर्खास्त करने की मांग की है। सुरजेवाला ने कहा कि सीबीआई सीधे तौर पर प्रधानमंत्री कार्यालय के अधीन है। सीबीआई ने उसकी गिरफ्तारी के नोटिस को बदलकर जानकारी देने वाले नोटिस में बदला। आखिर पीएमओ में किस व्यक्ति ने ऐसा करने की अनुमति दी। पीएमओ की भूमिका की जांच होनी चाहिए। 
विज्ञापन


माल्या के भागने में दूसरी अहम भूमिका वित्त मंत्री अरुण जेटली की है जिन्हें पता था कि उसे 17 बैंकों का 9 हजार करोड़ चुकाना है। अगर मान लें कि वो संसद के कॉरिडोर में ही मिला और लंदन जाने की बात कही तो उन्होंने सीबीआई, ईडी को सूचना क्यों नहीं दी। कांग्रेस ने कहा तत्कालीन सीबीआई प्रमुख अनिल सिन्हा, संयुक्त निदेशक एपी.शर्मा और एसपी हर्षिता अत्तातुली की भूमिका की जांच होनी चाहिए। इन्होंने माल्या और किंगफिशर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर रेड डाली, दस्तावेज बरामद किए, लुकआउट नोटिस जारी किया और फिर उसे बदल दिया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


सीबीआई ये भी कहती है कि लुकआउट नोटिस गलती से जारी हुआ। एजेंसी माल्या के खिलाफ कार्रवाई को गलती मानती है। ऐसे में सीबीआई का लगातार बदलता रुख और तीन बार साफ-सफाई की भी जांच होनी चाहिए। सुरजेवाला ने कहा कि लोन देने वाले बैंकों खासकर स्टेट बैंक के उन अधिकारियों की जांच होनी चाहिए।


बैंकों ने वकील दुष्यंत दवे के 28 मार्च 2016 को 24 घंटे के भीतर सुप्रीम कोर्ट से माल्या के पासपोर्ट जब्त कराने सुझाव पर अमल नहीं किया और दो दिन बाद माल्या भाग गया। इसकी भी निष्पक्ष और व्यापक जांच होनी चाहिए बैंकों को पासपोर्ट जब्त कराने से किसने रोका था। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed