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Major Dhyan Chand Stadium: कैसे साकार होगा सपना ? दुर्दशा की कहानी कहता मेजर ध्यान चंद स्टेडियम

Sun, 22 Dec 2024 11:24 PM IST
Shashidhar Pathak शशिधर पाठक
Updated Sun, 22 Dec 2024 11:24 PM IST
सार

मेजर ध्यान चंद स्टेडियम के हाल बदहाल हैं। वहां अभ्यास करने वालों को तमाम अव्यवस्थाओं का सामना करना पड़ रहा है। अमर उजाला ने वहां जाकर हालात जानें। देखिए ये रिपोर्ट...

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condition of tennis court of Major Dhyan Chand Stadium is bad
मेजर ध्यान चंद स्टेडियम में टेनिस कोर्ट का हाल बेहाल। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सुबह के आठ बजे हैं। दिल्ली में दिसंबर की ठंड पड़ रही है। टेनिस खिलाड़ी मानसी मजेजी प्रैक्टिस के लिए मेजर ध्यान चंद स्टेडियम में हैं। लेकिन टेनिस कोर्ट की मार्कर लाइन दिखाई नहीं दे रही है। मानसी से एक सवाल? कैसे खेलेंगी और कैसे प्रैक्टिस हो सकेगी? एक खिलाड़ी का मजबूरी भरा जवाब भी सुन लीजिए, हम इस सिस्टम को नहीं सुधार नहीं सकते। शिकायत करते हैं और रोज खेलते भी हैं। आखिर हमारी सुनता ही कौन है?

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पता करने पर मालूम हुआ कि यहां कोई कोच नहीं है। होगा भी तो ग्राऊंड पर नहीं मिला। घूम आइए। टॉयलेट, वॉशरूम किधर है? सफाई कर्मी का पता नहीं। ग्राउंड मैन को खोजने पर भी वह कहीं दिखाई नहीं दिया। खिलाड़ी प्रैक्टिस के बाद साफ पीने का पानी कहां पिएंगे? खेलते-खेलते थोड़ा आराम करना चाहें तो कहां बैठेंगे और सबसे बड़ी बात टेनिस कोर्ट के आस-पास कहीं रोलिंग के उपकरण नहीं दिखाई दिए। 
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कोर्ट के हालात ऐसे थे कि, वो फिसलने, गिरने की दावत देता नजर आया। फिर एक सवाल ये भी इस मैदान में टेनिस बॉल कैसे बाउंस करेगी? थक हारकर लौट आए उन्हीं खिलाडि़यों के पास जो कोर्ट पर अभ्यास कर रहे थे। पूछने पर वह भी कुछ नहीं बोलना चाहते थे। दरअसल उन्हें भी अभ्यास के लिए हर रोज यहां आना है। खेलने आने के लिए अपनी पानी की बोतल समेत काफी कुछ लेकर आना है। ग्राउंड की हालत देखकर एहसास हुआ कि संभवत: इसकी इस दशा के कारण अभ्यास और खेलने के लिए यहां खिलाड़ी आना पसंद नहीं करते।
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मेजर ध्यान चंद स्टेडियम की इस दशा पर भारतीय खेल प्राधिकरण(साई) के अधिकारियों से बात करने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो सका। इसके प्रशासक दिलीप कुमार सिंह से बात नहीं हो सकी। साई की सचिव सुजाता चतुर्वेदी से भी संपर्क नहीं हो पाया, लेकिन ग्राउंड रिपोर्टिंग के दौरान उपजे कई सवाल पीछा कर रहे हैं।

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