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India-China: 'हम भारतीय कंपनियों का चीन के बाजार में स्वागत करने के लिए तैयार', चीन के राजदूत बोले
Fri, 20 Sep 2024 01:55 AM IST
निर्मल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
Published by: निर्मल कांत
Updated Fri, 20 Sep 2024 01:55 AM IST
सार
India-China: चीनी राजदूत ने कहा कि दोनों देशों को एक-दूसरे के विकास और रणनीतिक इरादों को सही तरीके से समझना होगा और द्विपक्षीय संबंधों को सही दिशा में आगे बढ़ना होगा। उन्होंने कहा, हमें संवाद के जरिए मदभेदों को सुलझाना चाहिए और विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा देना चाहिए।
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शु फेइहोंग
- फोटो : एएनआई (फाइल)
विस्तार
चीन के राजतू शु फेइहोंग ने कहा कि चीन और अधिक भारतीय कंपनियों का अपने बाजार में स्वागत करने के लिए तैयार है। उन्होंने यह भी उम्मीद जताई कि भारत में चीन चीनी कंपनियो के लिए एक अच्छा कारोबारी माहौल प्रदान किया जाएगा। शु ने कहा कि चीन भारत से सकारात्मक कदम उठाने की उम्मीद कर रहा है, जैसे सीधी उड़ानें और चीनी नागरिकों के लिए वीजा की बहाली।
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फेइहोंग का यह बयान पूर्व लद्दाख में जारी सीमा विवाद के बीच आया है। भारत का कहना है कि सीमा क्षेत्रों में शांति के बिना चीन के साथ संबंध सामान्य नहीं हो सकते। चीनी राजदूत ने कहा कि दोनों देशों को एक-दूसरे के विकास और रणनीतिक इरादों को सही तरीके से समझना होगा और द्विपक्षीय संबंधों को सही दिशा में आगे बढ़ना होगा। उन्होंने कहा, हमें संवाद के जरिए मदभेदों को सुलझाना चाहिए और विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा देना चाहिए।
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उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने सीमा विवाद के बाद चीन की कंपनियों की गतिविधियों पर अधिक निगरानी बढ़ा दी है। राजदूत ने कहा, हम अधिक भारतीय वस्तुओं का अपने बाजार में स्वागत करने के लिए तैयार हैं और अधिक भारतीय कंपनियों को चीन में निवेश करने के लिए आमंत्रित करते हैं।
शु ने यह भी कहा कि चीन अब भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है। पिछले साल द्विपक्षीय व्यापार की मात्रा 136.2 अरब डॉलर तक पहुंच गई। उन्होंने कहा कि पिछले साल से चीनी दूतावास और वाणिज्य दूतावासों ने भारत में चार लाख से ज्यादा वीजा जारी किए हैं, जिससे भारतीय नागरिकों के लिए चीन यात्रा करना आसान हुआ।