फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Center for wildlife studies report families of civilians killed in wildlife-human conflict in India are not getting fair compensation

जंगली जानवर ने मारा तो देश में औसत मुआवजा मात्र 1.91 लाख रुपये

Thu, 25 Feb 2021 02:44 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Thu, 25 Feb 2021 02:44 AM IST
सार

  • हरियाणा में सबसे कम 76 हजार तो महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा 8.73 लाख औसतन दिए जा रहे।

विज्ञापन
Center for wildlife studies report families of civilians killed in wildlife-human conflict in India are not getting fair compensation
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Twitter

विस्तार

देश में वन्यजीव-मानव संघर्ष में मारे गए नागरिकों के परिजनों को वाजिब मुआवजा नहीं मिल रहा है। एक नए अध्ययन के अनुसार परिजनों को औसतन 1,91,437 रुपये ही मिल रहे हैं। हरियाणा में यह सबसे कम मात्र 76,400 रुपये है, वहीं महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा 8,73,995 रुपये।

विज्ञापन


वन्य क्षेत्रों के निकट रहने वाले करीब 5,196 परिवारों के बीच किए अध्ययन के आधार पर यह दावा सेंट्रल फॉर वाइल्ड लाइफ स्टडीज बंगलूरू ने किया है। इसमें शामिल प्रमुख अध्ययनकर्ता सुमित गुलाटी के अनुसार वन्यजीव-मानव संघर्ष में घायल होने पर भी केवल 6,185 रुपये औसतन दिए जा रहे हैं।
विज्ञापन


यह रवैया बदलना होगा ताकि वन्य जीव संरक्षण के प्रयास सफल हो सकें। जिन क्षेत्रों  में ऐसे संघर्ष अक्सर हो रहे हैं, उनकी पहचान भी करनी होगी। गुलाटी के अनुसार मुआवजे की गणना वैल्यू ऑफ स्टेटिस्टिकल लाइफ सिद्धांत के आधार पर हो रही है जो श्रम बाजार पर आधारित है। यानी कोई व्यक्ति अपने कार्य क्षेत्र में कितना पैसा कमा सकता है, उससे मुआवजा तय होता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


जानकारों के अनुसार इससे आर्थिक-सामाजिक रूप से निचले पायदान पर जीने वाले नागरिकों को व्यापाक मुआवजा नहीं मिल पाता। अगर बेहतर मुआवजा मिलेगा तो संरक्षण के कामों को वे शत्रुता से नहीं देखेंगे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed