BJP Vs Congress: BJP के कांग्रेस फाइल एपिसोड के मुकाबले टीम राहुल का इनाम या अंजाम, 2024 की हो रही घेराबंदी
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विस्तार
मिशन 2024 के लिए कांग्रेस और भाजपा, दोनों राष्ट्रीय पार्टियां एक दूसरे पर निशाना साधने का कोई भी मौका नहीं गंवा रही हैं। कांग्रेस और भाजपा के बीच सोशल मीडिया पर 'नहले-दहले' का दांव लग रहा है। एक पार्टी जैसे ही 'नहला' चलती है तो दूसरा दल, 'दहला' मार देता है। भाजपा ने 'कांग्रेस फाइल' नाम से एपिसोड शुरू कर दिया है। अभी तक चार एपिसोड सामने आए हैं। कांग्रेस ने भी बिना कोई देरी किए, 'साथ रहो तो इनाम, वरना समझ लो अंजाम' शुरू कर दिया है। भाजपा ने अपने एपिसोड में भ्रष्टाचार के मामले उठाकर कांग्रेस पार्टी को घेरने का प्रयास किया है, तो वहीं कांग्रेस ने भी अपनी मुहिम के तहत उन लोगों की सूची जारी की है, जिन्होंने भाजपा के शीर्ष नेताओं को किन्हीं मामलों में बचाया और बाद में उन्हें केंद्र सरकार की तरफ से इनाम दिया गया।
भाजपा ने अपने एपिसोड में किया इन घोटालों का जिक्र
भाजपा ने कांग्रेस के खिलाफ अभी तक चार एपिसोड जारी किए हैं। एक एपिसोड में दिखाया गया कि किस तरह से 48 खरब रुपये का घोटाला किया गया। भाजपा ने 2004 से लेकर 2014 तक के कई घोटालों का जिक्र किया है। इसमें 1.86 लाख करोड़ का कोयला घोटाला, 1.76 लाख करोड़ का 2जी घोटाला, 10 हजार करोड़ का मनरेगा घोटाला, 70 हजार करोड़ का कॉमनवेल्थ घोटाला, 12 हेलिकॉप्टर की खरीद में 362 करोड़ रुपये की रिश्वत और रेलवे बोर्ड के चेयरमैन की कुर्सी के लिए 12 करोड़ का घूसकांड शामिल है।
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दूसरे एपिसोड में दिखाया गया है कि पेंटिंग के नाम पर कैसे उगाही की गई। पद्म भूषण देने के वादे की कहानी को भी विस्तार से बताया गया है। कांग्रेस राज में एक के बाद एक भ्रष्टाचार और घोटाले हुए, भाजपा ने अपने एपिसोड में सिलसिलेवार तरीके से इसकी रिपोर्ट प्रस्तुत की है। इसमें पुराने वीडियो भी शामिल किए गए हैं। कोयले की दलाली में काले हुए 'हाथ' की कहानी, भाजपा ने तीसरे एपिसोड को यही नाम दिया है। कांग्रेस सरकार के दौरान सामने आए, कोयला घोटाले की परतें खोली गई। भाजपा ने इस एपिसोड में उन सभी लोगों का जिक्र किया है, जिनकी मदद से इस घोटाले को अंजाम दिया गया। किस तरह से नियमों को ताक पर रखा गया। कोयले की लूट में कौन कौन शामिल रहा। भाजपा ने इन सभी बातों को अपने एपिसोड में शामिल किया है।
खेलों के दौरान कांग्रेस के 'खेल' की कहानी
भाजपा ने कांग्रेस फाइल के चौथे एपिसोड में कॉमनवेल्थ खेलों के दौरान कांग्रेस के 'खेल' की कहानी बताई है। इस एपिसोड में दिखाया गया है कि कांग्रेस के कारण भारत, विश्व से नजरें नहीं मिला सका था। सीबीआई ने इस घोटाले में 19 केस दर्ज किए थे। सात वर्ष में खेलों के आयोजन की तैयारी के दौरान घोटाला ही ज्यादा हुआ। खेल शुरू होने से पहले जो प्रतिनिधिमंडल भारत आया था, उसने तैयारियों पर सवाल उठाए। खेलों की बैटन को लेकर आयोजन समिति के अध्यक्ष सुरेश कलमाड़ी पर सवाल उठे। ट्रांसपोर्ट वीडियोग्राफी बैरिकेडिंग के लिए एएम कंपनी को चार करोड़ रुपये दे दिए गए। सुरेश कलमाड़ी ने इसके लिए ब्रिटेन स्थित भारतीय हाई कमीशन का नाम लिया। दूसरी ओर भारतीय उच्चायोग ने कहा, हमने ऐसा कोई सुझाव नहीं दिया कि फलां कंपनी को कांट्रेक्ट दें।
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भाजपा के शीर्ष नेताओं की बुरे वक्त में मदद का मिला इनाम
कांग्रेस पार्टी ने जो वीडियो जारी किया है, उसमें बताया गया है कि किस तरह से भाजपा सरकार में कई लोगों को खास पद दिए गए, क्योंकि उन्होंने शीर्ष नेताओं की बुरे वक्त में मदद की थी। इसमें सबसे पहला नाम आरके राघवन का आता है। कांग्रेस ने अपने वीडियो में दिखाया है कि गुजरात दंगों में नरेंद्र मोदी को एसआईटी जांच में क्लीन चिट मिली, नतीजा आरके राघवन को साइप्रस का उच्चायुक्त नियुक्त किया गया। जस्टिस सदाशिवम, फर्जी मुठभेड़ में अमित शाह को क्लीन चिट, नतीजा वे केरल के राज्यपाल बनाए गए। जस्टिस सुनील गौर ने कांग्रेस नेता पी चिदंबरम की गिरफ्तारी का रास्ता साफ किया, नतीजा वे पीएमएलए के अध्यक्ष नियुक्त किए गए। केवी चौधरी, सहारा-बिड़ला मामले में मोदी और अन्य नेताओं को क्लीन चिट, नतीजा वे केंद्रीय सतर्कता आयुक्त बनाए गए। राकेश अस्थाना, गुजरात पुलिस के कई मामलों को कम्प्रोमाइज किया, नतीजा वे सीबीआई के स्पेशल डायरेक्टर बनाए गए। एडवोकेट यूयू ललित, फर्जी एनकाउंटर केस में अमित शाह के वकील, नतीजा वे सुप्रीम कोर्ट के जज बनाए गए। वाईसी मोदी, गुजरात दंगों और हरेन पांड्या हत्याकांड केस में क्लीन चिट, नतीजा वे एनआईए के प्रमुख बनाए गए। संजीव भट्ट, गुजरात दंगों में मोदी शाह की भूमिका पर सवाल, नतीजा उन्हें कई मामलों में फंसाकर जेल में डाला गया। जज लोया, अमित शाह के मामले में तह तक जाना चाहते थे, नतीजा सभी जानते हैं।