फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Big step: Kerala government will publish the names of the dead o Covid-19, decision after allegations of data manipulation

बड़ा कदम: केरल सरकार प्रकाशित करेगी कोविड-19 के मृतकों के नाम, हेरफेर के आरोप के बाद फैसला

Sat, 03 Jul 2021 12:16 AM IST
सुरेंद्र जोशी पीटीआई. तिरुवनंतपुरम
पीटीआई. तिरुवनंतपुरम Published by: सुरेंद्र जोशी Updated Sat, 03 Jul 2021 12:16 AM IST
सार

पारदर्शिता की दृष्टि से केरल सरकार का यह अहम फैसला है। इससे मुआवजे के मामलों को भी सुलझाने में मदद मिलेगी। 
 

विज्ञापन
Big step: Kerala government will publish the names of the dead o Covid-19, decision after allegations of data manipulation
Corona virus deaths - फोटो : amar ujala

विस्तार

कोविड-19 से हुई मौतों के आंकड़ों में हेरफेर होने के विपक्षी कांग्रेस और भाजपा के आरोपों के बाद केरल सरकार ने शुक्रवार को बड़ा फैसला किया। राज्य की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने कहा कि सरकार ने राज्य में संक्रमण से जान गंवाने वालों के नाम और अन्य विवरण प्रकाशित करने का फैसला किया है।

विज्ञापन


मंत्री ने कहा कि उन्होंने शनिवार से स्वास्थ्य विभाग की वेबसाइट पर संक्रमण से जान गंवाने वाले मरीजों के नाम, उम्र और स्थान के विवरण प्रकाशित करने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि विभाग की वेबसाइट पर अब तक जान गंवाने वाले मरीज के जिला, उम्र और मृत्यु तारीख के विवरण ही प्रकाशित किए जा रहे थे।
विज्ञापन


विपक्ष लगा रहा था गलत आंकड़ों का आरोप
इससे पहले, कांग्रेस और भाजपा ने राज्य सरकार पर महामारी के खिलाफ लड़ाई में अपनी नाकामी छिपाने के लिए गलत आंकड़ा पेश करने का आरोप लगाया। एक दिन पहले स्वास्थ्य मंत्री ने कहा था कि राज्य सरकार ने महामारी से हुई मौतों से संबंधित कोई आंकड़े नहीं छिपाए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता वी डी सतीशन ने शुक्रवार को कोझिकोड में संवाददाता सम्मेलन में दावा किया कि मरने वालों की संख्या में अंतर है। उन्होंने आरोप लगाया कि स्वास्थ्य मंत्री कोविड से होने वाली मौतों की भ्रामक संख्या पर सरकार का बचाव करने की कोशिश कर रही हैं। सतीशन ने कहा, 'मुझे आश्चर्य है कि सरकार को तथ्यों को क्यों छिपाना चाहिए। सरकार को यह सोचने की कोई जरूरत नहीं है कि वास्तविक आंकड़ों के खुलासे से उसकी छवि धूमिल होगी।' यह कहते हुए कि दुनिया भर में महामारी के कारण लाखों लोग मारे गए हैं, उन्होंने राज्य सरकार पर तथ्यात्मक संख्या छिपाने के लिए फर्जी आंकड़ा पेश करने की साजिश रचने का आरोप लगाया।

एक तिहाई आंकड़ों का ही रिकॉर्ड में उल्लेख
इस बीच, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष के सुरेंद्रन ने आरोप लगाया कि कोविड-19 से मौतों के केवल एक तिहाई मामलों का सरकारी रिकॉर्ड में उल्लेख है और यहां तक कि स्वास्थ्य मंत्री ने भी स्वीकार किया था कि राज्य के अधिकारियों ने संख्या को छिपाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि पिनराई विजयन के नेतृत्व वाली सरकार ने 'केरल नंबर वन' अभियान चलाने के लिए आधिकारिक आंकड़ों में मृतक संख्या को कम दिखाया।


उन्होंने कहा कि राज्य शुरू से ही इस संबंध में भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के मानदंडों और केंद्रीय नीति का उल्लंघन कर रहा है। भाजपा नेता ने आगे आरोप लगाया कि झूठी निगेटिव रिपोर्ट और चिकित्सा जांच में देरी के कारण राज्य में अधिक लोग बीमारी के कारण मर रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed