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Aviation: पाकिस्तान के एयरस्पेस की जरूरत नहीं पड़ेगी? भारत ने खोजा नया रास्ता, इन देशों के रूट पर नजर
Tue, 29 Sep 2026 06:44 PM IST
राहुल कुमार
डिजिटल ब्यूरो अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: राहुल कुमार
Updated Tue, 29 Sep 2026 06:44 PM IST
सार
22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा था। इसके दो दिन बाद पाकिस्तान ने भारतीय विमानों के लिए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया। भारत ने भी बाद में पाकिस्तानी विमानों के लिए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया।
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वर्जिन अटलांटिक विमान की इमरजेंसी लैंडिंग
- फोटो : @ANI
विस्तार
पाकिस्तानी एयरस्पेस बंद होने से प्रभावित भारतीय एयरलाइंस के लिए राहत की उम्मीद है। भारत सरकार पश्चिमी देशों की ओर जाने वाली उड़ानों के लिए वैकल्पिक एयर रूट तलाश रही है। इसके लिए भूटान और चीन के शिनजियांग एयरस्पेस के इस्तेमाल पर बातचीत चल रही है।
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सूत्रों के मुताबिक, भूटान के ऊपर से वैकल्पिक रूट की संभावना पर चर्चा हो रही है। वहीं, चीन के शिनजियांग एयरस्पेस के इस्तेमाल को लेकर भी बातचीत जारी है। विदेश मंत्रालय इस मामले में चीनी अधिकारियों के संपर्क में है। सूत्रों का कहना है कि इस विकल्प पर बातचीत एक साल से ज्यादा समय से चल रही है।
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22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा था। इसके दो दिन बाद पाकिस्तान ने भारतीय विमानों के लिए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया। भारत ने भी बाद में पाकिस्तानी विमानों के लिए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया। तब से दोनों देशों की उड़ानों को एक-दूसरे के हवाई क्षेत्र से गुजरने की अनुमति नहीं है। इस फैसले का इसका असर पश्चिमी देशों की ओर जाने वाली भारतीय उड़ानों पर पड़ा है। विमानों को पाकिस्तान से बचकर लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है। इससे उड़ान का समय और ईंधन की खपत बढ़ी है।
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सूत्रों के मुताबिक, अगर किसी वैकल्पिक एयर रूट पर सहमति बनती है तो भारतीय एयरलाइंस को राहत मिल सकती है। भूटान के ऊपर से रूट मिलने या चीन के शिनजियांग एयरस्पेस के इस्तेमाल की अनुमति से विमानों को मौजूदा लंबे रूट से बचने का विकल्प मिल सकता है। इससे उड़ानों का समय और परिचालन खर्च कम होने की संभावना है।