Cabinet Decisions: केंद्र ने ₹160 प्रति क्विंटल बढ़ाई गेहूं की एमएसपी, हाईवे और रिसर्च प्रोग्राम को भी मंजूरी
Central Govt Hikes Wheat MSP: केंद्र सरकार ने किसानों को तोहफा देते हुए गेहूं की एमएसपी में 160 रुपये प्रति क्विंटल का इजाफा कर ₹2,585 प्रति क्विंटल कर दिया है। वहीं सरकार को आगामी रबी सीजन 297 लाख मीट्रिक टन गेहूं की खरीद का अनुमान है।पढ़ें केंद्रीय कैबिनेट में और किन-किन फैसलों पर मुहर लगी है...
विस्तार
#WATCH | On Cabinet decisions, Union Minister Ashwini Vaishnaw says, "Estimated procurement during Rabi season 2026-27 is likely to be 297 Lakh MT and the amount to be paid to the farmers on the proposed MSP is Rs 84,263 Cr." pic.twitter.com/Kgy5Rr27tN
— ANI (@ANI) October 1, 2025विज्ञापन
छह प्रमुख रबी फसलों की एमएसपी में बढ़ोतरी
कैबिनेट के फैसलों पर प्रेस को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, 'रबी सीजन के लिए एमएसपी बढ़ाने के फैसले से हमारे किसानों को उनकी कड़ी मेहनत का लाभ मिलेगा। सीएसीपी की सिफारिशों के आधार पर, छह प्रमुख रबी फसलों, गेहूं, जौ, चना, मसूर, रेपसीड, सरसों और सूरजमुखी के लिए एमएसपी को मंजूरी दी गई है। नीति यह सुनिश्चित करती है कि प्रत्येक फसल के लिए एमएसपी उत्पादन लागत पर न्यूनतम 50% का मार्जिन प्रदान करे।'
VIDEO | Delhi: “Another major decision is to increase the MSP for the Rabi season. This will channel a total of Rs 84,263 crore to our farmers for their hard work. Based on CACP’s recommendations, the MSPs for six major Rabi crops, wheat, barley, gram, lentil, rapeseed, mustard,… pic.twitter.com/NIYrF8yTh1
— Press Trust of India (@PTI_News) October 1, 2025
पीएम मोदी ने कैबिनेट के फैसले पर दी प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री मोदी ने रबी फसलों की एमएसपी बढ़ाए जाने पर प्रतिक्रिया देते हुए एक्स पर एक पोस्ट में लिखा- विकसित भारत के निर्माण में अहम भागीदारी निभा रहे अन्नदाताओं का कल्याण हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। इसी दिशा में रबी फसलों की एमएसपी बढ़ाने का फैसला लिया गया है। इससे जहां हमारी खाद्य सुरक्षा और मजबूत होगी, वहीं हमारे किसान भाई-बहनों को भी लाभ होगा।
विकसित भारत के निर्माण में अहम भागीदारी निभा रहे अन्नदाताओं का कल्याण हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। इसी दिशा में रबी फसलों की एमएसपी बढ़ाने का फैसला लिया गया है। इससे जहां हमारी खाद्य सुरक्षा और मजबूत होगी, वहीं हमारे किसान भाई-बहनों को भी लाभ होगा।…
— Narendra Modi (@narendramodi) October 1, 2025
केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा, 'भारत, दुनिया के सबसे बड़े दाल उत्पादकों और उपभोक्ताओं में से एक है। 2024 के भाजपा घोषणापत्र में दालों के लिए एक मिशन बनाने की बात कही गई थी और हम आत्मनिर्भरता हासिल करने और आयात में कटौती के लिए 11,440 करोड़ रुपये का मिशन शुरू कर रहे हैं। इस पहल का उद्देश्य बेहतर बीजों के साथ उत्पादकता में सुधार, खेती को 275 लाख हेक्टेयर से बढ़ाकर 310 लाख हेक्टेयर करना और खेती से लेकर भंडारण तक पूरी मूल्य श्रृंखला को मजबूत करना है। इसका लक्ष्य उपज को 881 किलोग्राम से बढ़ाकर 1,130 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर करना है, जिससे उत्पादन में बढ़ोतरी और आत्मनिर्भरता सुनिश्चित होगी।'
VIDEO | Delhi: At the Cabinet briefing, Union Minister Ashwini Vaishnaw (@AshwiniVaishnaw) says, “India, one of the world’s largest producers and consumers of pulses. It was in the 2024 BJP’s manifesto that we will make mission for pulses and we are launching a Rs 11,440 crore… pic.twitter.com/XSncSZgGL3
— Press Trust of India (@PTI_News) October 1, 2025
'किसानों के कल्याण के लिए नहीं छोड़ रहे कोई कोर-कसर'
कैबिनेट के इस फैसले पर पीएम मोदी ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा- देशभर के अपने किसान भाई-बहनों के कल्याण के लिए हम कोई कोर-कसर नहीं छोड़ रहे हैं। इसी कड़ी में हमारी सरकार ने ‘दालों में आत्मनिर्भरता मिशन’ को मंजूरी दी है। इस ऐतिहासिक पहल से जहां दालों के उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा, वहीं आत्मनिर्भरता के हमारे संकल्प को भी बल मिलेगा।
देशभर के अपने किसान भाई-बहनों के कल्याण के लिए हम कोई कोर-कसर नहीं छोड़ रहे हैं। इसी कड़ी में हमारी सरकार ने ‘दालों में आत्मनिर्भरता मिशन’ को मंजूरी दी है। इस ऐतिहासिक पहल से जहां दालों के उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा, वहीं आत्मनिर्भरता के हमारे संकल्प को भी बल मिलेगा।…
— Narendra Modi (@narendramodi) October 1, 2025
केंद्रीय कैबिनेट ने असम में कालीआबर-नुमालिगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग-715 के 86 किमी हिस्से को चार लेन बनाने की मंजूरी दी है। इस परियोजना की लागत ₹6,957 करोड़ होगी। इसमें काजीरंगा नेशनल पार्क के बीच से गुजरते हुए 34 किमी लंबा ऊंचा पुलनुमा (एलिवेटेड वायाडक्ट) बनाया जाएगा।
#WATCH | Union Minister Ashwini Vaishnaw says, "The fifth big decision taken by the Union Cabinet today is the four-laning of Kaliabor-Numaligarh section of NH-715 (86 km, Rs 6,957 Cr). It has a 34 km elevated viaduct in Kaziranga National Park." pic.twitter.com/HMZFx5sSQx
— ANI (@ANI) October 1, 2025
इसके साथ ही केंद्र सरकार ने 'बायोमेडिकल रिसर्च करियर प्रोग्राम' (फेज-3) को भी हरी झंडी दी है। इस योजना पर ₹1,500 करोड़ खर्च किए जाएंगे। इसका उद्देश्य मेडिकल और वैज्ञानिक शोध को बढ़ावा देना है।
#WATCH | Delhi | Union Minister Ashwini Vaishnaw says, "Biomedical Research Career Programme Phase 3 with an outlay of Rs 1,500 Cr has been approved by the Union Cabinet." pic.twitter.com/bZvBRBu8wC
— ANI (@ANI) October 1, 2025
उन्होंने आगे कहा कि, 'अगर आप गौर करें, तो प्रधानमंत्री मोदी के ऐतिहासिक तीसरे कार्यकाल के दौरान, स्वीकृत की गई पहली नीतियों में से एक बायो-ई3 थी, जो आईटी, सेमीकंडक्टर और एआई जैसी क्षमता वाले बायोमेडिकल, बायोसाइंस और बायोटेक्नोलॉजी क्षेत्रों पर केंद्रित थी। बायोमेडिकल, बायोफिजिक्स, बायोटेक्नोलॉजी और बायोसाइंस प्रमुख विकास क्षेत्रों के रूप में उभर रहे हैं और इन्हें उच्च प्राथमिकता दी जा रही है।'
वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ पर देश में जश्न
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट ब्रीफिंग के दौरान कहा, 'भारत के स्वतंत्रता संग्राम में प्रमुख भूमिका निभाने वाले देशभक्ति गीत वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ पर पूरे देश में उत्सव मनाया जाएगा। इस समारोह का उद्देश्य विशेष रूप से युवाओं और इसके ऐतिहासिक महत्व से अनभिज्ञ लोगों को गीत की मूल भावना और मूल्यों से जोड़ना होगा।'
VIDEO | Delhi: “The patriotic song Vande Mataram, which played a major role in India’s freedom struggle, will be celebrated on its 150th anniversary across the country. The celebrations will especially aim to engage the youth and those unaware of its historical significance,… pic.twitter.com/UcQ67Lga9l
— Press Trust of India (@PTI_News) October 1, 2025