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SCO RATS Meet in Delhi : एससीओ की आतंकवाद विरोधी बैठक शुरू, भारत कर रहा मेजबानी, पाक प्रतिनिधि भी आए
Mon, 16 May 2022 10:00 AM IST
सुरेंद्र जोशी
एएनआई, नई दिल्ली
एएनआई, नई दिल्ली
Published by: सुरेंद्र जोशी
Updated Mon, 16 May 2022 10:00 AM IST
सार
एससीओ की यह प्रमुख आतंकवाद विरोधी बैठक आज सुबह शुरू हुई। इसमें एससीओ के सभी सदस्य भाग लेंगे। पाकिस्तान का एक अंतर-मंत्रालयीन प्रतिनिधिमंडल शनिवार को वाघा सीमा के रास्ते भारत पहुंचा।
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शंघाई सहयोग संगठन की आतंकवाद पर दिल्ली बैठक
- फोटो : ANI
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विस्तार
शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के तत्वावधान में एक क्षेत्रीय आतंकवाद विरोधी संरचना ( RATS) वार्ता हो रही है। चार दिनी बैठक सोमवार सुबह दिल्ली में शुरू हुई। इसमें पाकिस्तान का भी तीन सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल आया है। भारत इस बैठक की मेजबानी कर रहा है।
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एससीओ की आतंकवाद विरोधी यह बैठक 16 से 19 मई तक चलेगी। इसमें एससीओ के सभी नौ सदस्य देशों के प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं। एससीओ में रूस, चीन, भारत, पाकिस्तान, ईरान, कजाख्स्तान, ताजिकिस्तान और उज्बेकिस्तान शामिल हैं।
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पाकिस्तान का एक अंतर-मंत्रालयीन प्रतिनिधिमंडल शनिवार को वाघा सीमा के रास्ते भारत पहुंचा। द एक्सप्रेस ट्रिब्यून अखबार ने बताया कि पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल 20 मई तक भारत में रहेगा।पाकिस्तानी प्रतिनिधि मंडल का नेतृत्व एक महानिदेशक स्तर के अधिकारी कर रहे हैं। यह पड़ोसी देश में पीएम शहबाज शरीफ के नेतृत्व में नई सरकार बनने के बाद पहला प्रतिनिधि मंडल है, जो भारत आया है।
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पिछले महीने, एससीओ सदस्य देशों के उप विदेश मंत्रियों ने मास्को में परामर्श किया था। उसमें उन्होंने अफगानिस्तान में जल्द से जल्द एक समावेशी सरकार के गठन की आवश्यकता पर जोर दिया था। यह बैठक ऐसे समय हो रही है, जब पिछले साल अगस्त में तालिबान द्वारा अफगानिस्तान पर कब्जा किए जाने के बाद से देश गंभीर स्थिति का सामना कर रहा है। तालिबान के सत्ता में आने के कारण अफगानिस्तान में आर्थिक अव्यवस्था और भोजन की कमी हुई, जिसने देश को मानवीय संकट के कगार पर धकेल दिया।
इससे पहले नवंबर में, अफगानिस्तान पर तीसरी क्षेत्रीय सुरक्षा वार्ता एक विस्तारित प्रारूप में नई दिल्ली में आयोजित की गई थी। बैठक में भारत, ईरान, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, रूस, ताजिकिस्तान, तुर्कमेनिस्तान और उजबेकिस्तान की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषदों के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों व सचिवों ने भाग लिया।
बैठक में शामिल पक्षों ने अफगानिस्तान में उभरती स्थिति, विशेष रूप से सुरक्षा की स्थिति और इसके क्षेत्रीय और वैश्विक प्रभावों पर चर्चा की थी। इसमें अफगानिस्तान की राजनीतिक स्थिति और आतंकवाद, कट्टरपंथ और मादक पदार्थों की तस्करी से उत्पन्न खतरों के साथ-साथ मानवीय मदद की जरूरत पर गौर किया था।
क्या है एससीओ का RATS
एससीओ के आरएटीएस का ताशकंद में मुख्यालय है। यह यूरेशियन क्षेत्र में आतंकवाद, उग्रवाद और अलगाववाद का मुकाबला करने के लिए गठित समूह का एक स्थायी निकाय है। भारत इस निकाय की कार्यकारी परिषद का वर्तमान में अध्यक्ष है। एससीओ आरएटीएस के निदेशक मिर्जेव रुस्लान एर्किनोविच ने इस साल की शुरुआत में भारत का दौरा कर एनएसए अजीत डोभाल और विदेश राज्यमंत्री मीनाक्षी लेखी के साथ चर्चा की थी। भारत अक्तूबर में एससीओ आरएटीएस परिषद की बैठक की मेजबानी करेगा। भारत ने इस साल मानेसर में एससीओ का आतंकवाद विरोधी संयुक्त सत्र आयोजित करने का भी प्रस्ताव रखा है।
एससीओ बड़े बहुपक्षीय समूहों में से एक है। यह वैश्विक आबादी के लगभग 40 फीसदी और वैश्विक जीडीपी का 30 फीसदी प्रतिनिधित्व करता है। उज्बेकिस्तान अभी संगठन का अध्यक्ष है। वह सितंबर में शिखर सम्मेलन आयोजित करेगा। भारत अगले साल एससीओ शिखर सम्मेलन आयोजित करेगा।