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आनंद महिंद्रा बोले- चुनौती स्वीकार, यह सबसे प्रेरक टिप्पणी... उकसाने के लिए शुक्रिया
Wed, 01 Jul 2020 12:51 PM IST
Rohit Ojha
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Rohit Ojha
Updated Wed, 01 Jul 2020 12:51 PM IST
सार
चीन के सरकारी अखबार ने कहा: ‘चीनी लोग भारतीय उत्पादों का बहिष्कार करना चाहें तो ज्यादा उत्पाद खोज भी नहीं पाएंगे।’
महिंद्रा ने लिखा, ‘मैं समझता हूं कि यह तंज भारतीय कंपनियाें काे मिला अब तक का सबसे प्रभावी और प्रेरक नारा हाे सकता है। हमें उकसाने के लिए धन्यवाद। हम इसे अवसर बनाकर ऊपर उठेंगे। जल्द ही जवाब देंगे।’
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उद्योगपति आनंद महिंद्रा
- फोटो : PTI
विस्तार
भारत ने टिकटॉक और शेयरइट समेत चीन के 59 मोबाइल एप्स पर पाबंदी क्या लगाई, चीन बौखला गया। भारतीय भी चीनी सामान के बहिष्कार की बात कर रहे हैं। इससे चिढ़े चीन चीन के सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स के प्रधान संपादक हू शिजिन ने मंगलवार को लिखा कि चीन के लोग अगर भारतीय उत्पादों का बहिष्कार करना चाहें तो वे ऐसे ज्यादा उत्पाद खोज भी नहीं पाएंगे।
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उनके कहने का मतलब यह था कि चीन में भारतीय उत्पाद मिलते ही नहीं हैं जबकि भारतीय बाजार तो चीनी सामानों से भरे पड़े हैं। शिजिन ने लिखा, ‘भारतीय दोस्तो, आपको राष्ट्रवाद से अधिक महत्वपूर्ण बातों के बारे में सोचने की जरूरत है।’
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चीन के अखबार के संपादक की इस बात में उनकी बौखलाहट भी झलक रही है। उनके इस घटिया वक्तव्य का उत्तर उद्याेगपति आनंद महिंद्रा ने ट्विटर पर दिया। महिंद्रा ने लिखा, ‘मैं समझता हूं कि यह तंज भारतीय कंपनियाें काे मिला अब तक का सबसे प्रभावी और प्रेरक नारा हाे सकता है। हमें उकसाने के लिए धन्यवाद। हम इसे अवसर बनाकर ऊपर उठेंगे। जल्द ही जवाब देंगे।’
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चीन में भारतीय समाचार न्यूज वेबसाइट्स बंद कीं
एप बैन होने के बाद चीन में भारतीय अखबार और न्यूज वेबसाइट्स बंद कर दी गई हैं। चीन ने ऐसा फायरवॉल लगाया है कि अब वहां के लोग वीपीएन के जरिए भी भारतीय मीडिया प्लेटफाॅर्म नहीं देख पा रहे हैं।
बाइडांस की 7600 कराेड़ रु. की याेजना काे झटका
भारत के कदम से टिकटाॅक और हैलाे के स्वामित्व वाली कंपनी बाइडांस काे तगड़ा झटका लगा है। कंपनी भारत में 7600 कराेड़ रुपये (एक अरब डाॅलर) की विस्तार याेजना पर काम कर रही थी। बाइडांस पिछले एक साल में कई वरिष्ठ पदाें पर भर्तियां कर चुकी है। मालूम हाे कि भारत टिकटाॅक का सबसे बड़ा बाजार था। दुनियाभर में उसके 200 कराेड़ डाउनलाेड में से 61 करोड़ डाउनलोड सिर्फ भारत में हैं। जब उसके सिर्फ 12 करोड़ यूजर थे, तब वह भारत में रोज 3.5 करोड़ कमा रही थी।
हमारे स्टार्टअप चीन से बेहतर एप बना लेंगे
एप पर बैन आत्मनिर्भर भारत की तरफ बढ़ा कदम है। इससे भारतीय स्टार्टअप प्राेत्साहित होंगे। वे जल्द ही चीन के मुकाबले बेहतर एप बना लेंगे।’ - प्रकाश जावड़ेकर, केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री
I suspect this comment might well be the most effective & motivating rallying cry that India Inc. has ever received. Thank you for the provocation. We will rise to the occasion...🙏🏽 https://t.co/LZbQhS8xVW
— anand mahindra (@anandmahindra) June 30, 2020
हालांकि अलीबाबा ग्रुप के यूसी ब्राउजर-यूसी न्यूज, शाओमी का मी कम्यूनिटी जैसे एप मंगलवार रात तक उपलब्ध थे। जिन यूजर्स ने एप पहले से इंस्टॉल कर रखे हैं, वे भी इन्हें इस्तेमाल कर पा रहे हैं। सरकार के आदेश के बाद अब इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर कंपनियों को इन एप के लिए इंटरनेट बंद करना होगा, ताकि लोग इसे उपयोग न कर सकें।
मालूम हो कि भारत सरकार ने उन 59 मोबाइल एप को प्रतिबंधित किया है, जो भारत की संप्रभुता और अखंडता, भारत की रक्षा, राज्य की सुरक्षा और सार्वजनिक व्यवस्था के लिए खतरनाक थे।सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय को विभिन्न स्रोतों से इन एप्स को लेकर कई शिकायतें मिली थीं, जिनमें कई मोबाइल एप के दुरुपयोग की बाते थीं। ये एप आईफोन और एंड्रॉयड दोनों यूजर्स का डाटा चोरी कर रहे हैं। इन सभी एप्स का सर्वर भारत के बाहर है।
संपादक ने थियानमेन चौक की बर्बरता को ठहराया था सही
ऐसा इसलिए है क्योंकि ग्लोबल टाइम्स में पीपुल्स डेली की भी हिस्सेदारी है। पीपुल्स डेली कम्युनिस्ट पार्टी आफ चाइना की केंद्रीय समिति का आधिकारिक अखबार है। ग्लोबल टाइम्स के संपादक हू शीजिन भी पार्टी के प्रति वफादार हैं। यह वही ग्लोबल टाइम्स है जिसके संपादक ने थियानमेन चौक पर चीनी फौज द्वारा की गई बर्बरता को सही कहा था।