आजादी का अमृत महोत्सव: आईटीबीपी की 10 साइकिल रैलियां 16 हजार किलोमीटर की दूरी तय कर पहुंची राजघाट
पटना से निकली आईटीबीपी की साइकिल रैली 1516 किलोमीटर की दूरी तय कर 02 अक्तूबर को राजघाट पर समाप्त हुई। रैली ने जदीशपुर (वीर कुंवर सिंह, जन्म स्थान), वाराणसी, प्रयागराज जैसे कई शहरों में स्वतंत्रता सेनानियों के स्मारकों पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए। जवानों ने लोगों के साथ आजादी के अमृत महोत्सव पर संवाद स्थापित कियाI कानपुर से राजघाट, नई दिल्ली तक 935 किलोमीटर लंबी साइकिल रैली का राजघाट पर समापन हुआ...
विस्तार
भारत की आजादी के 75 साल के उपलक्ष्य (आजादी का अमृत महोत्सव) में आईटीबीपी द्वारा 10 साइकिल रैलियों का आयोजन किया गया। 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस से शुरू होकर इन रैलियों ने देश के सुदूरवर्ती इलाकों से हजारों किलोमीटर की दूरी तय कर दो अक्तूबर, को महात्मा गांधी की समाधि पर श्रद्धांजलि पुष्प अर्पित किएI इन रैलियों ने कुल मिलकर 16,426 किलोमीटर की दूरी तय की है।
इन रैलियों में कुल 10 रूट शामिल किए गए थे
- गोगरा से राजघाट – 1612 किलोमीटर
- ईटानगर से राजघाट – 2916 किलोमीटर
- तेजपुर से राजघाट – 2756 किलोमीटर
- गुवाहाटी से राजघाट- 2545 किलोमीटर
- सिलीगुड़ी से राजघाट- 2054 किलोमीटर
- पटना से राजघाट- 1516 किलोमीटर
- कानपुर से राजघाट- 935 किलोमीटर
- बरेली से राजघाट- 571 किलोमीटर
- भोपाल से राजघाट- 956 किलोमीटर
- करेरा से राजघाट- 565 किलोमीटर
लद्दाख से लेकर जलियांवाला बाग तक
आईटीबीपी की साइकिल रैली लद्दाख के दुर्गम इलाकों से होते हुए देश के उत्तरी क्षेत्र में वास्तविक नियंत्रण रेखा के नजदीक गोगरा/हॉट स्प्रिंग, चांगचेनमो घाटी व लेह लद्दाख से होते राजघाट पहुंची हैं। यह रैली जलियांवाला बाग जैसे भारत के स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण स्थानों से होकर गुज़री। यात्रा के दौरान रैली मार्सिमिक-ला (5,582 मीटर), चांगला (5319 मीटर), ताउंगे ला (5328 मीटर) जैसे दुनिया के कुछ सबसे ऊंचे मोटर मार्गों और दर्रों (7 दर्रों) को पार करते हुए अटल सुरंग से होती हुई मनाली पहुंची।
साईकिल रैली के प्रतिभागियों द्वारा 40-50 किमी प्रतिदिन का सफर तय किया गया। लेह के अलावा पालमपुर, गुरदासपुर, लुधियाना, जींद, रोहतक, सर छोटू राम नगर आदि स्थानों पर लोगों ने रैली का स्वागत किया। साईकिल रैली द्वारा मार्ग में स्वतंत्रता संग्राम से संबंधित ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण स्थानों में जाकर स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि दी गई।
जवानों ने शहीद सुखदेव सिंह के वंशज को सम्मानित किया….
21 सितंबर 2021 को आईटीबीपी रैली स्वतंत्रता सेनानी सुखदेव सिंह के जन्म स्थान लुधियाना पहुंची। रैली ने जगराव (पंजाब) में अमर शहीद सुखदेव सिंह के वंशज को सम्मानित कियाI 22 सितंबर 2021 को टीम ने महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय लाला लाजपत राय को उनके स्मारक पर श्रद्धांजलि दी। 23 सितंबर 2021 को पंजाब में संगरूर जिले में सनौर पहुंच कर शहीद उधम सिंह के स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
ईटानगर (अरूणाचल प्रदेश), तेजपुर (असम) और गुवाहाटी (असम) से 03 साइकिल रैलियों का शुभारम्भ किया गया। इन टीमों ने 8217 किमी की दूरी तय की है। ये रैलियां 07 राज्यों- अरुणाचल प्रदेश, असम, पश्चिम बंगाल, बिहार, उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड और दिल्ली से होकर गुजरीं। साइकिल रैलियां द्वारा यात्रा में पड़ने वाले ऊबड़-खाबड़ रास्तों, भारी बारिश और कठोर मौसम का सामना किया गया। यात्रा रूट पर स्थानीय लोगों को आजादी का अमृत महोत्सव, और भारत सरकार की अन्य पहल जैसे फिट इंडिया मूवमेंट, स्वच्छ भारत अभियान आदि के बारे में जागरूक किया गया।
पटना से निकली आईटीबीपी की साइकिल रैली 1516 किलोमीटर की दूरी तय कर 02 अक्तूबर को राजघाट पर समाप्त हुई। रैली ने जदीशपुर (वीर कुंवर सिंह, जन्म स्थान), वाराणसी, प्रयागराज जैसे कई शहरों में स्वतंत्रता सेनानियों के स्मारकों पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए। जवानों ने लोगों के साथ आजादी के अमृत महोत्सव पर संवाद स्थापित कियाI कानपुर से राजघाट, नई दिल्ली तक 935 किलोमीटर लंबी साइकिल रैली का राजघाट पर समापन हुआ। इस साइकिल रैली ने प्रतिदिन 40-50 किमी की दूरी तय कर कानपुर, लखनऊ, हरदोई, बरेली से होते हुए नई दिल्ली तक की दूरी तय की है। बरेली से निकली आईटीबीपी की साइकिल रैली 11 दिनों में लगभग 571 किलोमीटर की दूरी तय कर राजघाट पहुंची। साइकिल रैली के मार्ग पर पड़ने वाले विभिन्न स्थानों मुरादाबाद, नूरपुर, बिजनौर, देहरादून व हरिद्वार आदि स्थानों पर स्थानीय जनता द्वारा रैली का बड़े उत्साह के साथ स्वागत किया गया।
भोपाल से आईटीबीपी तक की साइकिल रैली ने 956 किलोमीटर की दूरी तय कर दो अक्तूबर को राजघाट पर श्रद्धांजलि दी है। मार्ग में आईटीबीपी की टीम ने भारत के पहले स्वतंत्रता संग्राम के नायक मंगल पांडे के शहीद स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित की। करेरा से आईटीबीपी की साइकिल रैली ने 565 किलोमीटर की दूरी तय की है। अभियान के दौरान, साइकिल रैलियों द्वारा देश के स्वतंत्रता संग्राम से संबंधित एतिहासिक स्थानों का दौरा करते हुए "एक भारत, श्रेष्ठ भारत" का संदेश प्रदर्शित किया गया। साईकिल रैली द्वारा ग्रीन भारत मिशन के अंतर्गत मार्ग में पड़ने वाले विभिन्न स्थानों पर पौधरोपण अभियान भी चलाया गया। चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। रैलियों द्वारा स्थानीय जनता में राष्ट्रवाद की भावना जगाने के लिए देशभक्ति संबंधी विभिन्न कार्यक्रम भी आयोजित किए गए।