{"_id":"5f13f1391110ce69553e5678","slug":"all-pharmaceuticals-products-sale-by-qr-code-at-every-level-no-counterfeit-drug-will-be-sold","type":"story","status":"publish","title_hn":"नकली दवा बेचने पर शिकंजा, क्यूआर कोड से होगी सभी फार्मास्युटिकल उत्पाद की बिक्री","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
नकली दवा बेचने पर शिकंजा, क्यूआर कोड से होगी सभी फार्मास्युटिकल उत्पाद की बिक्री
Sun, 19 Jul 2020 12:37 PM IST
Tanuja Yadav
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Tanuja Yadav
Updated Sun, 19 Jul 2020 12:37 PM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केंद्र सरकार एक नई योजना ला रही है, जिसके तहत सभी फार्मास्युटिकल उत्पादों को क्यूआर कोड (QR Code) के जरिए बेचा जाएगा। इससे नकली दवा और नकली फार्मास्युटिकल प्रोडक्ट की बिक्री बंद हो जाएगी।
विज्ञापन
इस सिलसिलें में केंद्र सरकार ने एक कमिटी गठित की है, जो जल्द ही एक क्यूआर कोड को लेकर एक अधिसूचना जारी कर सकती है। सरकार का कहना है कि इस क्यूआर कोड के जरिए यह पता लगाना आसान हो जाएगा कि दवा कहां बनी है और क्या दवा के फॉर्मूले के साथ कोई छेड़छाड़ की गई है।
विज्ञापन
सरकार साल 2011 से ही इस सिस्टम को लागू करने की मेहनत कर रही थी लेकिन फार्मा कंपनियों के बार-बार मना करने की वजह से इस पर कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया। फार्मा कंपनियां इस बात को लेकर ज्यादा चिंतित थी कि वो अलग-अलग सरकारी विभाग अलग-अलग दिशा निर्देश जारी करेंगे।
विज्ञापन
कंपनियों की मांग थी कि देशभर में एक समान क्यूआर कोड लागू किया जाए, जिसके बाद साल 2019 में सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गनाइजेशन ने एक ड्राफ्ट तैयार नोटिफिकेशन जारी किया। इस नोटिफिकेशन के तहत एक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रिडेएंट्स (API) के लिए क्यूआर कोड जरूरी कर दिया गया।
केंद्र सरकार की ओर इस नीति पर काम शुरू हो चुका है, पिछले ही हफ्ते प्रधानमंत्री कार्यालय के साथ स्वास्थ्य मंत्रालय, नीति आयोग और फार्मास्युटिकल विभाग के प्रतिनिधियों ने बैठक की। बैठक के बाद स्वास्थ्य सचिव की अध्यक्षता में कमिटी बनाई गई, जो 21 दिन में अपनी रिपोर्ट केंद्र को सौपेंगी।