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Agniveer: सियाचिन ग्लेशियर में जान गंवाने वाले अग्निवीर को सरकार से मिली इतनी मदद, RTI से हुआ खुलासा

Tue, 07 May 2024 04:32 PM IST
अभिषेक दीक्षित डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अभिषेक दीक्षित Updated Tue, 07 May 2024 04:32 PM IST
सार

आरटीआई एक्टिविस्ट अजय बोस ने राइट टू इनफॉरमेशन एक्ट के तहत रक्षा मंत्रालय से पूछा था कि सियाचिन में ड्यूटी के दौरान जान गंवाने वाले अक्षय लक्ष्मण गावते के परिवार को सरकार ने क्या कोई आर्थिक मदद दी है। अक्षय गावते की पिछले साल अक्तूबर, 2023 में लाइन ऑफ ड्यूटी पर तैनाती के दौरान दुनिया के सबसे ऊंचे युद्ध क्षेत्र सियाचिन में मौत हो गई थी।

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Agniveer who lost his life in Siachen Glacier got how much help from the government revealed through RTI
Agniveer - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

सियाचिन में तैनात अग्निवीर जवान अक्षय लक्ष्मण गावते की ड्यूटी के दौरान मौत हो गई थी। लक्ष्मण गावते पहले अग्निवीर थे, जिनका ड्यूटी के दौरान निधन मौत हुआ था। वहीं एक आरटीआई से खुलासा हुआ है कि अक्षय लक्ष्मण गावते के परिजनों को सरकार ने एक करोड़ रुपये से ज्यादा की आर्थिक मदद प्रदान की है। लक्ष्मण भारतीय सेना की फायर एंड फ्यूरी कोर (14 कोर) का हिस्सा थे, जो लद्दाख में तैनात है। अग्निपथ योजना को लागू करने के दौरान सरकार ने कहा था कि ड्यूटी के दौरान अगर किसी अग्निवीर का निधन हो जाता है, तो उन्हें बीमा की रकम मिलेगी। 

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आरटीआई में पूछा ये सवाल
आरटीआई एक्टिविस्ट अजय बोस ने राइट टू इनफॉरमेशन एक्ट के तहत रक्षा मंत्रालय से पूछा था कि सियाचिन में ड्यूटी के दौरान जान गंवाने वाले अक्षय लक्ष्मण गावते के परिवार को सरकार ने क्या कोई आर्थिक मदद दी है। अक्षय गावते की पिछले साल अक्तूबर, 2023 में लाइन ऑफ ड्यूटी पर तैनाती के दौरान दुनिया के सबसे ऊंचे युद्ध क्षेत्र सियाचिन में मौत हो गई थी। उनकी मौत के बाद सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स ने उन्हें श्रद्धांजलि भी दी थी। शहीद जवान की तस्वीर साझा करते हुए भारतीय सेना की 14 कोर ने अपनी पोस्ट में लिखा था, बर्फ में खामोश हैं, जब बिगुल बजेगा तो वे उठेंगे और फिर से मार्च करेंगे। फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स के सभी रैंक के अफसर सियाचिन की दुर्गम ऊंचाइयों में हुए अग्निवीर (ऑपरेटर) गावते अक्षय लक्ष्मण की सर्वोच्च बलिदान को सलाम करते हैं और उनके शोक संतिप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं।
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एक करोड़ 30 लाख रुपये की दी आर्थिक मदद
अजय बोस की आरटीआई के जवाब में भारतीय सेना के आरटीआई सेल के एडीजी ने बताया है कि मृतक अक्षय लक्ष्मण गावते के परिवारजनों को अग्निपथ योजना के तहत आर्थिक मदद उपलब्ध कराई गई है। उन्होंने बताया कि कुल मिला कर एक करोड़ 30 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी गई है। इनमें 48 लाख रुपये गैर-अंशदायी बीमा (इंश्योरेंस कवर), 44 लाख रुपये की अनुग्रह राशि (एकमुश्त एक्स-ग्रेशिया), आर्मी वाइव्स वेलफेयर एसोसिएशन से 30,000 रुपये, आर्मी सेंट्रल वेलफेयर फंड से 8 लाख रुपये, सेवा निधि में अग्निवीर द्वारा दिए गए 30 फीसदी योगदान, जिसमें सरकार का भी बराबर योगदान होता है और पूरी राशि पर ब्याज दिया गया है। इसके अलावा परिजनों को मृत्यु की तारीख से चार साल पूरे होने तक शेष कार्यकाल के लिए भी वेतन भी दिया गया है। 
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इन हालात में नहीं मिलेगा गार्ड ऑफ ऑनर 
वहीं सेना का स्पष्ट कहना है कि अगर कोई अग्निवीर सुसाइड कर लेता है, तो गार्ड ऑफ ऑनर नहीं दिया जाएगा। सेना के नियमों के मुताबिक, अग्निवीरों को हर महीने 30 हजार से 40 हजार सैलरी मिलेगी। अग्निवीरों को जॉइनिंग के पहले साल में 4.76 लाख रुपये का पैकेज मिलता है। वहीं, चार साल का कार्यकाल पूरा होने तक इसमें 6.92 लाख रुपये तक बढ़ोतरी की जा सकती है। साथ ही, तीनों सेनाओं में तैनात अग्निवीरों को स्थायी सैनिकों की तरह अवॉर्ड, मेडल और भत्ता दिया जाएगा। साथ ही, सरकार 44 लाख रुपये का बीमा भी कराएगी।

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