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सिंघवी और थरूर भी बोले- मोदी को खलनायक की तरह पेश करना गलत
Fri, 23 Aug 2019 07:54 PM IST
Priyesh Mishra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Priyesh Mishra
Updated Fri, 23 Aug 2019 07:54 PM IST
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अभिषेक सिंघवी और जयराम रमेश
- फोटो : सोशल मीडिया
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कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने अपनी ही पार्टी के नेता जयराम रमेश का समर्थन करते हुए शुक्रवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खलनायक की तरह पेश करना गलत है और ऐसा करके विपक्ष एक तरह से उनकी मदद करता है।
सिंघवी ने रमेश के बयान का हवाला देते हुए ट्वीट किया, "मैंने हमेशा कहा है कि मोदी को खलनायक की तरह पेश करना गलत है। सिर्फ इसलिए नहीं कि वह देश के प्रधानमंत्री हैं, बल्कि ऐसा करके एक तरह से विपक्ष उनकी मदद करता है।'
उन्होंने कहा, 'काम हमेशा अच्छा, बुरा या मामूली होता है। काम का मूल्यांकन व्यक्ति नहीं बल्कि मुद्दों के आधार पर होना चाहिए। जैसे उज्ज्वला योजना कुछ अच्छे कामों में एक है।'
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बुधवार को जयराम रमेश ने राजनीतिक विश्लेषक कपिल सतीश कोमीरेड्डी की किताब मेलिवॉलेंट रिपब्लिक: ए शॉर्ट हिस्ट्री ऑफ द न्यू इंडिया का विमोचन करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासन का मॉडल पूरी तरह नकारात्मक गाथा नहीं है और उनके काम के महत्व को स्वीकार नहीं करना तथा हर समय उन्हें खलनायक की तरह पेश करके कुछ हासिल नहीं होने वाला है।
उन्होंने कहा कि यह वक्त है कि हम मोदी के काम और 2014 से 2019 के बीच उन्होंने जो किया उसके महत्व को समझे, जिसके कारण वह सत्ता में दोबारा लौटे। इसी के कारण 30 प्रतिशत मतदाताओं ने उनकी सत्ता वापसी करवाई।
पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की बेटी और कांग्रेस नेता शर्मिष्ठा मुखर्जी ने सिंघवी के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए कहा, बिल्कुल सही है सर। राष्ट्र निर्माण निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है जिसे सभी सरकारों ने आगे बढ़ाया है। आशा करती हूं कि मोदी जी और उनकी टीम को भी इसका अहसास है। पंडित नेहरू को गलत ढंग से पेश करने की बजाय उन्हें उनके और कांग्रेस के असीम योगदान को स्वीकार करना चाहिए और इसे आगे बढ़ाना चाहिए। नीतियों पर आलोचना होनी चाहिए, व्यक्तियों की आलोचना नहीं होना चाहिए।’’
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सिंघवी ने रमेश के बयान का हवाला देते हुए ट्वीट किया, "मैंने हमेशा कहा है कि मोदी को खलनायक की तरह पेश करना गलत है। सिर्फ इसलिए नहीं कि वह देश के प्रधानमंत्री हैं, बल्कि ऐसा करके एक तरह से विपक्ष उनकी मदद करता है।'
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उन्होंने कहा, 'काम हमेशा अच्छा, बुरा या मामूली होता है। काम का मूल्यांकन व्यक्ति नहीं बल्कि मुद्दों के आधार पर होना चाहिए। जैसे उज्ज्वला योजना कुछ अच्छे कामों में एक है।'
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Always said demonising #Modi wrong. No only is he #PM of nation, a one way opposition actually helps him. Acts are always good, bad & indifferent—they must be judged issue wise and nt person wise. Certainly, #ujjawala scheme is only one amongst other good deeds. #Jairamramesh
— Abhishek Singhvi (@DrAMSinghvi) August 23, 2019
बुधवार को जयराम रमेश ने राजनीतिक विश्लेषक कपिल सतीश कोमीरेड्डी की किताब मेलिवॉलेंट रिपब्लिक: ए शॉर्ट हिस्ट्री ऑफ द न्यू इंडिया का विमोचन करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासन का मॉडल पूरी तरह नकारात्मक गाथा नहीं है और उनके काम के महत्व को स्वीकार नहीं करना तथा हर समय उन्हें खलनायक की तरह पेश करके कुछ हासिल नहीं होने वाला है।
उन्होंने कहा कि यह वक्त है कि हम मोदी के काम और 2014 से 2019 के बीच उन्होंने जो किया उसके महत्व को समझे, जिसके कारण वह सत्ता में दोबारा लौटे। इसी के कारण 30 प्रतिशत मतदाताओं ने उनकी सत्ता वापसी करवाई।
थरूर ने भी किया समर्थन
कांग्रेस सांसद और पूर्व केंद्रीय मंत्री शशि थरूर ने कुछ लोगों के ट्वीट का जवाब देते हुए रमेश के विचार का समर्थन किया। उन्होंने कहा, जैसा कि आप जानते हैं, मैं छह साल से यह दलील देते आ रहा हूं कि मोदी जब भी कुछ अच्छा कहते हैं या सही चीज करते हैं तो उनकी तारीफ करनी चाहिए। ऐसा करने के बाद जब हम उनकी गलतियों की आलोचना करेंगे तो हमारी बात की विश्वसनीयता बढ़ेगी। मैं विपक्ष के उन लोगों का स्वागत करता हूं जो मेरे विचार से मिलती-जुलती बात कर रहे हैं।पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की बेटी और कांग्रेस नेता शर्मिष्ठा मुखर्जी ने सिंघवी के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए कहा, बिल्कुल सही है सर। राष्ट्र निर्माण निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है जिसे सभी सरकारों ने आगे बढ़ाया है। आशा करती हूं कि मोदी जी और उनकी टीम को भी इसका अहसास है। पंडित नेहरू को गलत ढंग से पेश करने की बजाय उन्हें उनके और कांग्रेस के असीम योगदान को स्वीकार करना चाहिए और इसे आगे बढ़ाना चाहिए। नीतियों पर आलोचना होनी चाहिए, व्यक्तियों की आलोचना नहीं होना चाहिए।’’