{"_id":"62f9b10d6a26ce7afd6648d4","slug":"76th-independence-day-pm-modi-said-its-time-to-remember-gandhi-bose-ambedkar-and-savarkar","type":"story","status":"publish","title_hn":"76th Independence Day: पीएम मोदी बोले- ये गांधी, बोस, आंबेडकर और सावरकर को याद करने का वक्त, पढ़ें क्या कहा","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
76th Independence Day: पीएम मोदी बोले- ये गांधी, बोस, आंबेडकर और सावरकर को याद करने का वक्त, पढ़ें क्या कहा
Mon, 15 Aug 2022 08:06 AM IST
सुरेंद्र जोशी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: सुरेंद्र जोशी
Updated Mon, 15 Aug 2022 08:06 AM IST
सार
लाल किले से पीएम मोदी ने कहा कि बापू का सपना था आखिरी व्यक्ति की आकांक्षा को पूरा करना। हमें उनके सपने को पूरा करना है। जन जन की आकांक्षा को पूरा करना है। पीएम ने कहा कि कर्तव्य पथ पर अपने प्राणों की आहुति देने वाले बापू, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, बाबासाहेब आंबेडकर, वीर सावरकर के प्रति नागरिक आभारी हैं। कर्तव्य पथ ही उनका जीवन पथ रहा।
विज्ञापन
आजादी की 76 वीं वर्षगांठ पर लाल किले से संबोधित करते पीएम मोदी
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
स्वतंत्रता की 76 वीं वर्षगांठ पर लाल किले की प्राचीर से लगातार नौंवी बार संबोधित करते हुए पीएम नरेंद्र मोदी ने देश को आजादी दिलाने वाले महान क्रांतिकारियों का स्मरण कर उन्हें नमन किया। उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, सुभाष चंद्र बोस, डॉ. भीमराव आंबेडकर, वीर सावरकर का खासतौर से स्मरण किया।
लाल किले से पीएम मोदी ने कहा कि बापू का सपना था आखिरी व्यक्ति की आकांक्षा को पूरा करना। हमें उनके सपने को पूरा करना है। जन जन की आकांक्षा को पूरा करना है। पीएम ने कहा कि कर्तव्य पथ पर अपने प्राणों की आहुति देने वाले बापू, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, बाबासाहेब अम्बेडकर, वीर सावरकर के प्रति नागरिक आभारी हैं। कर्तव्य पथ ही उनका जीवन पथ रहा।
पीएम मोदी ने कहा कि यह देश मंगल पांडे, तात्या टोपे, भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु, चंद्रशेखर आजाद, अशफाकउल्ला खान, राम प्रसाद बिस्मिल और ब्रिटिश शासन की नींव हिलाने वाले हमारे असंख्य क्रांतिकारियों का कृतज्ञ है। पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान का कोई कोना, कोई काल ऐसा नहीं था, जब देशवासियों ने सैकड़ों सालों तक गुलामी के खिलाफ जंग न की हो, जीवन न खपाया हो, यातनाएं न झेली हो, आहुति न दी हो। आज हम सब देशवासियों के लिए ऐसे हर महापुरुष को, हर त्यागी और बलिदानी को नमन करने का अवसर है।
विज्ञापन
पं. नेहरू से लेकर नानाजी देशमुख का भी स्मरण
पीएम ने अपने भाषण आजादी की जंग लड़ने वाले पं. नेहरू, डॉ. राजेंद्र प्रसाद, श्याम प्रसाद मुखर्जी, जयप्रकाश नारायण, राम मनोहर लोहिया, नानाजी देशमुख जैसे अनगिनत ऐसे महापुरुषों को आज नमन करने का अवसर है। पीएम मोदी ने कहा कि 2014 में देशवासियों ने मुझे दायित्व दिया। आजादी के बाद मैं जन्मा हुआ मैं पहला व्यक्ति था जिसको लाल किले से देशवासियों को गौरव गान करने का अवसर मिला। लेकिन मेरे दिल में जो भी आप लोगों से सीखा हूं। जितना आप लोगों को जान पाया हूं मेरे देशवासियों। आपके सुख-दुख को समझ पाया हूं। उसको लेकर मैं अपना पूरा कालखंड देश के उन लोगों को मजबूत करने में खपाया। दलित, शोषित, पीड़ित, आदिवासी, महिला, युवा, किसान हो दिव्यांग, पूरब, पश्चिम, दक्षिण हो। हर कोने में महात्मा गांधी को जो सपना था आखिरी व्यक्ति की चिंता करने की। मैंने अपने आपको उसके लिए समर्पित किया। 8 साल का नतीजा और आजादी के इतने दशक का अनुभव आज 75 साल के अमृत काल की ओर कदम रख रहे हैं। मैं एक ऐसे सामर्थ्य को देख रहा हैं और इसे देखकर गौरव से भर जाता हूं। आज भारत का जन मन आकांक्षी जन मन है। ये देश की बहुत बड़ी अमानत होती है। हमें गर्व है कि आज हिंदुस्तान के हर कोने में, हर वर्ग में, हर तबके में अकांक्षाएं उफान पर है।
विज्ञापन
लाल किले से पीएम मोदी ने कहा कि बापू का सपना था आखिरी व्यक्ति की आकांक्षा को पूरा करना। हमें उनके सपने को पूरा करना है। जन जन की आकांक्षा को पूरा करना है। पीएम ने कहा कि कर्तव्य पथ पर अपने प्राणों की आहुति देने वाले बापू, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, बाबासाहेब अम्बेडकर, वीर सावरकर के प्रति नागरिक आभारी हैं। कर्तव्य पथ ही उनका जीवन पथ रहा।
विज्ञापन
पीएम मोदी ने कहा कि यह देश मंगल पांडे, तात्या टोपे, भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु, चंद्रशेखर आजाद, अशफाकउल्ला खान, राम प्रसाद बिस्मिल और ब्रिटिश शासन की नींव हिलाने वाले हमारे असंख्य क्रांतिकारियों का कृतज्ञ है। पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान का कोई कोना, कोई काल ऐसा नहीं था, जब देशवासियों ने सैकड़ों सालों तक गुलामी के खिलाफ जंग न की हो, जीवन न खपाया हो, यातनाएं न झेली हो, आहुति न दी हो। आज हम सब देशवासियों के लिए ऐसे हर महापुरुष को, हर त्यागी और बलिदानी को नमन करने का अवसर है।
विज्ञापन
पं. नेहरू से लेकर नानाजी देशमुख का भी स्मरण
पीएम ने अपने भाषण आजादी की जंग लड़ने वाले पं. नेहरू, डॉ. राजेंद्र प्रसाद, श्याम प्रसाद मुखर्जी, जयप्रकाश नारायण, राम मनोहर लोहिया, नानाजी देशमुख जैसे अनगिनत ऐसे महापुरुषों को आज नमन करने का अवसर है। पीएम मोदी ने कहा कि 2014 में देशवासियों ने मुझे दायित्व दिया। आजादी के बाद मैं जन्मा हुआ मैं पहला व्यक्ति था जिसको लाल किले से देशवासियों को गौरव गान करने का अवसर मिला। लेकिन मेरे दिल में जो भी आप लोगों से सीखा हूं। जितना आप लोगों को जान पाया हूं मेरे देशवासियों। आपके सुख-दुख को समझ पाया हूं। उसको लेकर मैं अपना पूरा कालखंड देश के उन लोगों को मजबूत करने में खपाया। दलित, शोषित, पीड़ित, आदिवासी, महिला, युवा, किसान हो दिव्यांग, पूरब, पश्चिम, दक्षिण हो। हर कोने में महात्मा गांधी को जो सपना था आखिरी व्यक्ति की चिंता करने की। मैंने अपने आपको उसके लिए समर्पित किया। 8 साल का नतीजा और आजादी के इतने दशक का अनुभव आज 75 साल के अमृत काल की ओर कदम रख रहे हैं। मैं एक ऐसे सामर्थ्य को देख रहा हैं और इसे देखकर गौरव से भर जाता हूं। आज भारत का जन मन आकांक्षी जन मन है। ये देश की बहुत बड़ी अमानत होती है। हमें गर्व है कि आज हिंदुस्तान के हर कोने में, हर वर्ग में, हर तबके में अकांक्षाएं उफान पर है।