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ओडिशा: पुरी जिले में पीपली के पास इन्टैक ने खोजा 1400 साल पुराना गुप्तकालीन मंदिर
Tue, 20 Jul 2021 10:53 PM IST
संजीव कुमार झा
पीटीआई, भुवनेश्वर
पीटीआई, भुवनेश्वर
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Tue, 20 Jul 2021 10:53 PM IST
सार
इन्टैक की ओर से जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह गुप्तकाल के बाद के कालखंड के सर्वाधिक प्राचीन मंदिरों में से एक हो सकता है।
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ओडिशा का मंदिर
- फोटो : Facebook@Deepak kumar nayak
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विस्तार
भारतीय राष्ट्रीय कला एवं सांस्कृतिक धरोहर न्यास (इन्टैक) की ओडिशा इकाई के सर्वेक्षण दल द्वारा पुरी जिले में एक प्राचीन मंदिर के अवशेष खोजे गए हैं जो छठी से सातवीं शताब्दी का हो सकता है। इन्टैक की ओर से जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह गुप्तकाल के बाद के कालखंड के सर्वाधिक प्राचीन मंदिरों में से एक हो सकता है।
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इन्टैक के चार सदस्यीय दल ने पुरी शहर से 40 किलोमीटर उत्तर में पीपली क्षेत्र के बिरोपुरुषोत्तमपुर इलाके में स्थित प्राचीन स्थल का प्रलेखन किया। प्रेस विज्ञप्ति में परियोजना समन्वयक अनिल धीर ने कहा कि दल ने रत्नचिरा घाटी और उसके स्मारकों के विस्तृत सर्वेक्षण के दौरान इस अवशेष का पता लगाया।
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इन्टैक के अनुसार, प्राची नदी की तरह, मिथकीय नदी रत्नचिरा भी विलुप्त होने वाली है। मान्यता है कि भगवान राम ने सीता की प्यास बुझाने के लिए उनकी मोती अंगूठी से नदी का निर्माण किया था।
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प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक गटेश्वर मंदिर के पास स्थित 1,400 साल पुराना मंदिर स्वप्नेश्वर महादेव के नाम से जाना जाता है। इस मंदिर को अब तक दस्तावेज में शामिल नहीं किया गया था।