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बीडीसी ऊना पर भाजपा का कब्जा
ब्यूरो/ अमर उजाला, ऊना
Updated Wed, 27 Jan 2016 06:49 PM IST
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ऊना। ब्लॉक समिति ऊना पर एक बार फिर भाजपा ने भगवा लहरा दिया है। लगातार तीन बार पंचायत समिति ऊना पर काबिज भाजपा एक बार फिर से अपना कब्जा जमाने में कामयाब रही है।
डीआरडीए भवन में एसडीएम ऊना पृथी पाल सिंह की देखरेख में हुए चुनाव में भाजपा समर्थित सदस्य रानी गिल अध्यक्ष तथा अश्वनी शर्मा उपाध्यक्ष चुने गए। इस चुनाव को लेकर जहां एक ओर ऊना से विधायक व भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सत्ती समर्थकों समेत डीआरडीए हाल के बाहर नजर रखे हुए थे, वहीं कांग्रेस के जिलाध्यक्ष वीरेंद्र धर्माणी और पीसीसी सदस्य सतपाल रायजादा कांग्रेस सदस्यों के साथ काफी देर तक गुफ्तगू करते रहे।
कांग्रेस द्वारा अध्यक्ष पद के लिए सरोज कुमारी व उपाध्यक्ष के लिए ऊषा देवी को मैदान में उतारा गया। 28 सदस्यों वाली पंचायत समिति ऊना के लिए भाजपा समर्थित रानी गिल को 18 मत पड़े ,जबकि कांग्रेस समर्थित सरोज कुमारी को 10 मत पड़े। वहीं उपाध्यक्ष पद के लिए हुए चुनाव में भाजपा समर्थित अश्वनी शर्मा को 19 व कांग्रेस समर्थित ऊषा देवी को 9 वोट ही मिल पाए। हालांकि कांग्रेस अपने पास 12 सदस्य होने का दावा जता रही थी, लेकिन कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों को उतने वोट भी नहीं मिल पाए। पंचायत समिति ऊना की नवनिर्वाचित अध्यक्ष रानी गिल ने कहा कि विकास खंड ऊना का विकास करना उनकी प्राथमिकता है।
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इनसेट
कांग्रेस के मंसूबे धराशाही : सत्ती
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सत्ती ने कहा कि कांग्रेस ने सत्ता का दुरुपयोग करके ऊना पंचायत समिति में कब्जा करने का प्रयास किया था, लेकिन भाजपा समर्थित जीते हुए सदस्यों की एकता ने उनके मंसूबे धराशाही कर दिए हैं। भाजपा इस जीत को लेकर खासी उत्साहित है। पंचायत समिति ऊना भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सत्ती के गृह विधानसभा हलके में आती है। ऐसे में इस सीट पर काबिज होना भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का सवाल था।
डीआरडीए भवन में एसडीएम ऊना पृथी पाल सिंह की देखरेख में हुए चुनाव में भाजपा समर्थित सदस्य रानी गिल अध्यक्ष तथा अश्वनी शर्मा उपाध्यक्ष चुने गए। इस चुनाव को लेकर जहां एक ओर ऊना से विधायक व भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सत्ती समर्थकों समेत डीआरडीए हाल के बाहर नजर रखे हुए थे, वहीं कांग्रेस के जिलाध्यक्ष वीरेंद्र धर्माणी और पीसीसी सदस्य सतपाल रायजादा कांग्रेस सदस्यों के साथ काफी देर तक गुफ्तगू करते रहे।
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कांग्रेस द्वारा अध्यक्ष पद के लिए सरोज कुमारी व उपाध्यक्ष के लिए ऊषा देवी को मैदान में उतारा गया। 28 सदस्यों वाली पंचायत समिति ऊना के लिए भाजपा समर्थित रानी गिल को 18 मत पड़े ,जबकि कांग्रेस समर्थित सरोज कुमारी को 10 मत पड़े। वहीं उपाध्यक्ष पद के लिए हुए चुनाव में भाजपा समर्थित अश्वनी शर्मा को 19 व कांग्रेस समर्थित ऊषा देवी को 9 वोट ही मिल पाए। हालांकि कांग्रेस अपने पास 12 सदस्य होने का दावा जता रही थी, लेकिन कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों को उतने वोट भी नहीं मिल पाए। पंचायत समिति ऊना की नवनिर्वाचित अध्यक्ष रानी गिल ने कहा कि विकास खंड ऊना का विकास करना उनकी प्राथमिकता है।
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कांग्रेस के मंसूबे धराशाही : सत्ती
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सत्ती ने कहा कि कांग्रेस ने सत्ता का दुरुपयोग करके ऊना पंचायत समिति में कब्जा करने का प्रयास किया था, लेकिन भाजपा समर्थित जीते हुए सदस्यों की एकता ने उनके मंसूबे धराशाही कर दिए हैं। भाजपा इस जीत को लेकर खासी उत्साहित है। पंचायत समिति ऊना भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सत्ती के गृह विधानसभा हलके में आती है। ऐसे में इस सीट पर काबिज होना भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का सवाल था।