फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Solan News ›   Cantonment residents unite against fencing of Subathu grounds

Solan News: सुबाथू मैदान की बाड़बंदी के खिलाफ छावनी के एकजुट

Mon, 20 Jul 2026 11:50 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन Updated Mon, 20 Jul 2026 11:50 PM IST
विज्ञापन
विधायक विनोद सुल्तानपुरी को मांग पत्र सौंपा, हस्तक्षेप की उठाई मांग
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
सुबाथू (सोलन)। सुबाथू छावनी क्षेत्र में स्थानीय जनता ने अपने एकमात्र ऐतिहासिक मैदान को बचाने के लिए लामबंदी शुरू कर दी है। भारतीय थल सेना के एमईएस विभाग द्वारा इस मैदान के चारों ओर चहारदीवारी और कटीले तार लगाने का विरोध हो रहा है। छावनी के लोगों ने स्थानीय विधायक विनोद सुल्तानपुरी को ज्ञापन सौंपकर तुरंत हस्तक्षेप की मांग की है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि सैन्य प्रशासन मैदान को पूरी तरह बंद करने की तैयारी में है। ठेकेदार द्वारा इसके लिए निशानदेही भी शुरू कर दी गई है। सेना के इस कदम से क्षेत्र के सामाजिक और सांस्कृतिक ताने-बाने पर गहरा असर पड़ेगा। 105 वर्ष पुराने ऐतिहासिक गुग्गा माड़ी मेले पर भी संकट आ सकता है। इस मैदान में पिछले 105 वर्षों से गुग्गा माड़ी मेला आयोजित होता रहा है। मेले में दुकानें, सांस्कृतिक संध्याएं और बड़े झूले स्थानीय संस्कृति का अहम हिस्सा हैं। मैदान की बाड़बंदी होने पर यहां झूले नहीं लग पाएंगे। सुबाथू में इस मेले के लिए कोई अन्य समतल भूमि उपलब्ध नहीं है। बिना झूलों के मेले की रौनक समाप्त हो जाएगी, जिससे इसकी साख को ठेस पहुंचेगी।
विज्ञापन

वहीं सैन्य प्रशासन के पास सुबाथू में पहले से सलारिया स्टेडियम और हेलिपैड मैदान जैसे दो विशाल मैदान हैं। हेलिपैड मैदान पहले आम जनता के लिए खुला था, पर उसे भी प्रतिबंधित कर दिया गया। अब इस अंतिम बचे मैदान को भी बंद किया जा रहा है, जिससे स्थानीय जनता में भारी रोष है। सुबाथू छावनी के निवासियों, बुजुर्गों और युवा वर्ग ने विधायक विनोद सुल्तानपुरी से अपील की है। उन्होंने इस गंभीर विषय को उच्च स्तर पर सेना और रक्षा मंत्रालय के समक्ष उठाने का आग्रह किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


खेलकूद और बुजुर्गों के लिए महत्व
यह मैदान सुबाथू छावनी का एकमात्र खुला स्थान है। यहां हर वर्ग के बुजुर्ग रोजाना सुबह-शाम टहलने आते हैं। स्थानीय युवाओं के पास खेलकूद के लिए इसके सिवा कोई दूसरा विकल्प नहीं है। हाल ही में छावनी परिषद ने यहां एक क्रिकेट प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया था। मैदान बंद होने से युवा वर्ग खेलकूद से पूरी तरह वंचित हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed