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Kullu News: दलाश में बशता मेला संपन्न, सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने मोहा मन
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बशता मेले में पारंपरिक नाटी डालती महिलाएं। संवाद
दलाश (कुल्लू)। तीन दिवसीय ऐतिहासिक बशता मेला शुक्रवार को देव विदाई के साथ संपन्न हो गया। मेले में सैकड़ों लोगों ने कुई कंडा नाग देवता, परशुराम देवता ओलवा और देऊरी नाग देवता का आशीर्वाद लिया। शुक्रवार को मेले में स्कूली छात्र-छात्राओं ने मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
इन कार्यक्रमों ने उपस्थित लोगों का खूब मनोरंजन किया। हिमाचल के लोक गायक पीसी डोगरा और अमर ठाकुर ने अपने पहाड़ी गीतों से दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। मेले के समापन समारोह में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश उपाध्यक्ष परस राम और एचपीएमसी के निदेशक चेतन चौहान मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। उन्होंने उपस्थित जनसमूह को मेले की बधाई दी। मेले के अंतिम दिन विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियां भी देखने को मिलीं। ग्रामीणों ने दिनभर नाटी डाली।
लोगों ने इन पारंपरिक नृत्यों का खूब आनंद लिया। स्कूली बच्चों के कार्यक्रमों को खूब सराहा गया। लोक गायकों ने अपनी प्रस्तुतियों से समां बांध दिया। मेले में आए लोगों ने जमकर खरीदारी भी की। यह मेला क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को दर्शाता है। स्थानीय लोगों के लिए यह एक बड़ा सामाजिक और आर्थिक आयोजन है। संवाद
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इन कार्यक्रमों ने उपस्थित लोगों का खूब मनोरंजन किया। हिमाचल के लोक गायक पीसी डोगरा और अमर ठाकुर ने अपने पहाड़ी गीतों से दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। मेले के समापन समारोह में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश उपाध्यक्ष परस राम और एचपीएमसी के निदेशक चेतन चौहान मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। उन्होंने उपस्थित जनसमूह को मेले की बधाई दी। मेले के अंतिम दिन विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियां भी देखने को मिलीं। ग्रामीणों ने दिनभर नाटी डाली।
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लोगों ने इन पारंपरिक नृत्यों का खूब आनंद लिया। स्कूली बच्चों के कार्यक्रमों को खूब सराहा गया। लोक गायकों ने अपनी प्रस्तुतियों से समां बांध दिया। मेले में आए लोगों ने जमकर खरीदारी भी की। यह मेला क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को दर्शाता है। स्थानीय लोगों के लिए यह एक बड़ा सामाजिक और आर्थिक आयोजन है। संवाद
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