Kullu Dussehra Festival 2024: राज्यपाल करेंगे अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा का शुभारंभ, ये रहेगा आकर्षक का केंद्र
13 अक्तूबर को राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल कुल्लू दशहरा उत्सव का शुभारंभ करेंगे। वह रघुनाथ की रथयात्रा में शामिल होंगे और शाम को सरकारी विभागों की प्रदर्शनी का अवलोकन करने के बाद भगवान रघुनाथ के दर्शन करेंगे।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
देवी-देवताओं के महाकुंभ अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा उत्सव में इस बार भगवान रघुनाथ की रथयात्रा 13 अक्तूबर को चार बजे से पहले शुरू होगी। इस पर भगवान रघुनाथ के मुख्य छड़ीबरदार महेश्वर सिंह ने हामी भरी है। शुक्रवार को सीपीएस एवं दशहरा उत्सव समिति के अध्यक्ष सुंदर सिंह ठाकुर ने परिधि गृह में पत्रकार वार्ता में कहा कि 13 अक्तूबर को राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल दशहरा उत्सव का शुभारंभ करेंगे।
वह रघुनाथ की रथयात्रा में शामिल होंगे और शाम को सरकारी विभागों की प्रदर्शनी का अवलोकन करने के बाद भगवान रघुनाथ के दर्शन करेंगे। शाम को कलाकेंद्र में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का शुभारंभ करेंगे। दशहरा उत्सव को पिछले साल के मुकाबले इस बार और भी शानदार तरीके से मनाया जाएगा। कल्चरल परेड और कुल्लू कार्निवल आकर्षण का केंद्र रहेंगे। दशहरा उत्सव में विदेशी राजदूतों के साथ सम्मेलन होगा। सीएम की अध्यक्षता में उद्योग, पर्यटन और संस्कृति के आदान-प्रदान पर बातचीत होगी। 15 से 18 अक्तूबर तक राष्ट्रीय और ग्रामीण खेलकूद प्रतियोगिता होगी। वॉलीबाल, कबड्डी की राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता होगी। लोगों के मनोरंजन के लिए रथ मैदान में लालड़ी प्रतियोगिता होगी। सुंदर सिंह ने कहा कि इस बार दशहरा में पिछले साल के मुकाबले अधिक देवी-देवताओं के आने की उम्मीद है।
दशहरा के लिए 332 देवताओं को निमंत्रण, 16 साल बाद आ सकते हैं श्रृंगाऋषि, बालू नाग
13 से 19 अक्तूबर तक मनाए जाने वाले कुल्लू दशहरा के लिए रघुनाथ की नगरी सज गई है। दशहरा उत्सव समिति ने इस बार 332 देवी-देवताओं को निमंत्रण दिया है। 16 साल बाद श्रृंगाऋषि और बालू नाग को भी निमंत्रण दिया गया है। शुक्रवार शाम तक कुल्लू के ढालपुर में पांच देवता पहुंच भी गए हैं। जबकि आनी, निरमंड, बंजार, सैंज, मनाली, तीर्थन और मणिकर्ण क्षेत्र के 150 के करीब देवी-देवता रास्ते में हैंं और शनिवार शाम को अस्थायी शिविरों में पहुंचे जाएंगे। दशहरा के लिए पूरा ढालपुर लाइटों से जगमगा गया है। माल रोड में लगने वाले दुकानों के लिए केनोपी से सजाया गया है।