फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   100 MW power project in Sainj stalled loss of Rs 1 crore every day power house is filled with debris

Himachal : सैंज में सौ मेगावाट का बिजली प्रोजेक्ट ठप, हर रोज एक करोड़ का नुकसान; पावर हाउस में भर चुका है मलबा

Fri, 18 Jul 2025 05:00 AM IST
अंकेश डोगरा महेंद्र सिंह पालसरा, संवाद न्यूज एजेंसी, न्यूली/सैंज (कुल्लू)।
महेंद्र सिंह पालसरा, संवाद न्यूज एजेंसी, न्यूली/सैंज (कुल्लू)। Published by: अंकेश डोगरा Updated Fri, 18 Jul 2025 05:00 AM IST
सार

जिला कुल्लू की सैंज घाटी में 100 मेगावाट की जल विद्युत परियोजना में बिजली उत्पादन ठप है। वजह है मलबा और चट्टानें। परियोजना अधिकारियों की मानें तो अभी आने वाले एक महीने तक उत्पादन शुरू होने की उम्मीद दिखाई नहीं दे रही है। पढ़ें पूरी खबर...

विज्ञापन
100 MW power project in Sainj stalled loss of Rs 1 crore every day power house is filled with debris
सैंज में पावर प्रोजेक्ट में बाढ़ से लेकर विद्युत उत्पादन बंद चल रहा है। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

सैंज घाटी में एचपीपीसीएल की 100 मेगावाट जल विद्युत परियोजना में 21 दिन से बिजली उत्पादन ठप है। ऐसे में हर दिन करीब एक करोड़ रुपये का नुकसान परियोजना प्रबंधन को झेलना पड़ रहा है। 100 मेगावाट की इस जल विद्युत परियोजना में 2.6 मिलियन यूनिट बिजली उत्पादन होता है, लेकिन इन दिनों प्रोजेक्ट में उत्पादन पूरी तरह से प्रभावित चल रहा है।

विज्ञापन


क्षेत्र में 25 जून को स्थानीय नाला में बादल फट जाने से विद्युत प्रोजेक्ट के पावर हाउस में काफी मात्रा में मलबा और चट्टानें घुस गई हैं इससे परियोजना में उत्पादन प्रभावित हो गया। परियोजना अधिकारियों की मानें तो प्रोजेक्ट के पावर हाउस को साफ करने के लिए कार्य तो शुरू किया है लेकिन मलबा अधिक होने के कारण अभी इसमें काफी वक्त लग जाएगा। ऐसे में अभी आने वाले एक महीने तक उत्पादन शुरू होने की उम्मीद दिखाई नहीं दे रही है।
विज्ञापन


धीमा चला है कार्य
स्थानीय लोगों की मानें तो पावर हाउस में भरे मलबे को हटाने का कार्य दिन में चंद घंटों ही चल रहा है। इस कारण इस प्रोजेक्ट के शुरू होने में काफी समय लग जाएगा। लोगों का कहना है कि प्रोजेक्ट प्रबंधन को ड्रेजिंग के कार्य में तेजी लानी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रोजेक्ट के पावर हाउस में काफी मलबा आया है। इसे हटाने में वक्त लग रहा है। ऐसे में इस प्रोजेक्ट को रिस्टोर करने में समय लग जाएगा। फिलहाल, प्रोजेक्ट बंद रहने से प्रतिदिन करीब एक करोड़ रुपये का नुकसान हो रहा है। - मनीष चौधरी, डीजीएम, एचपीपीसीएल

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed