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Yamuna Nagar News: आदेशों की अनदेखी, प्राइवेट स्कूलों ने नहीं बदला समय
Mon, 24 Nov 2025 11:53 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Mon, 24 Nov 2025 11:53 PM IST
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स्कूल से छुट्टी के बाद ऑटो में घर लौटते विद्यार्थी। संवाद
यमुनानगर। सरकारी आदेश के बाद भी प्राइवेट स्कूलों की ओर से समय सारिणी में बदलाव नहीं किए जाने से बच्चों और अभिभावकों की चिंता बढ़ गई है। हाल ही में बढ़ी ठंड को देखते हुए सरकार ने सभी राजकीय स्कूलों में स्कूल शुरू होने का समय सुबह आठ बजे से बढ़ाकर 9:30 बजे करने का आदेश जारी किया था। इस आदेश का उद्देश्य बच्चों को सुबह की सर्दी से बचाना और उनके स्वास्थ्य की सुरक्षा करना था। वहीं शहर के सभी प्राइवेट स्कूलों ने आदेश की अनदेखी करते हुए स्कूल का समय अभी भी सुबह आठ बजे किया हुआ है। इससे न केवल बच्चे ठंड में आने-जाने को मजबूर हैं, बल्कि कई अभिभावक भी अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं।
अभिभावकों का कहना है कि अलग सुबह ठंड में बाहर लंबा समय बिताना छोटे बच्चों के लिए स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं पैदा कर सकता है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि उन्हें इस विषय में पर्याप्त जानकारी नहीं है। अभी भी प्राइवेट स्कूलों की बसें व वैन सुबह पौने सात बजे या फिर इससे पहले ही बच्चों को घर लेने के लिए पहुंच रही हैं। सुबह हो रही ठंड में जब सात बजे भी लोगों का कंबल या रजाई से बाहर निकलने का मन नहीं करता, तब तक नर्सरी से 12वीं कक्षा में पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं तैयार होकर स्कूल वैन में बैठ चुके होते हैं। ज्यादातर प्राइवेट स्कूल अभी भी सुबह आठ बजे ही लग रहे हैं।
अभिभावक रमन, संजीव व विकास ने बताया कि प्राइवेट स्कूलों को भी सरकारी स्कूलों की तरह समय सारिणी बदलने के आदेश का पालन करना चाहिए। सर्दी में बच्चों को सुबह साढ़े पांच बजे से छह के बीच उठाना पड़ रहा है। सुबह सात बजे से पहले बस बच्चों को लेने पहुंच जाती है। ठंड की वजह से कई बार तो बच्चों को सुबह पानी से नहला भी नहीं पाते। इसलिए प्राइवेट स्कूलों के समय में बदलाव होना चाहिए। सुबह जल्दी उठने की वजह से बच्चे सर्दी, खांसी और अन्य स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों के शिकार हो रहे हैं। बस में सफर करते समय भी ठंडी हवा बच्चों को लगती है।
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डीईओ से मिलेंगे: शैंकी गुप्ता
अभिभावक सेवा मंच के जिला संयोजक शैंकी गुप्ता का कहना है कि कई स्कूल तो सुबह 8:30 बजे से 8:50 बजे के बीच लग रहे हैं। परंतु बहुत से ऐसे हैं जिनका समय अभी तक नहीं बदला है। सर्दी के हिसाब से स्कूलों को अपने समय में बदलाव करना चाहिए। वह इस बारे में जिला शिक्षा अधिकारी से भी मिलेंगे। स्कूलों द्वारा सरकारी आदेश की अनदेखी करना गंभीर मामला है।
ठंड को देखते हुए स्कूलों का समय सुबह 9:30 बजे कर दिया गया है। यह आदेश सरकारी व प्राइवेट दोनों तरह के स्कूलों पर लागू होते हैं। यदि प्राइवेट स्कूल अभी भी सुबह जल्दी लग रहे हैं तो इसकी सभी खंडों के बीईओ से रिपोर्ट मंगवाई जाएगी। जो स्कूल जल्द खुल रहे हैं उन पर कार्रवाई की जाएगी।
- प्रेमलता, जिला शिक्षा अधिकारी, यमुनानगर।
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अभिभावकों का कहना है कि अलग सुबह ठंड में बाहर लंबा समय बिताना छोटे बच्चों के लिए स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं पैदा कर सकता है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि उन्हें इस विषय में पर्याप्त जानकारी नहीं है। अभी भी प्राइवेट स्कूलों की बसें व वैन सुबह पौने सात बजे या फिर इससे पहले ही बच्चों को घर लेने के लिए पहुंच रही हैं। सुबह हो रही ठंड में जब सात बजे भी लोगों का कंबल या रजाई से बाहर निकलने का मन नहीं करता, तब तक नर्सरी से 12वीं कक्षा में पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं तैयार होकर स्कूल वैन में बैठ चुके होते हैं। ज्यादातर प्राइवेट स्कूल अभी भी सुबह आठ बजे ही लग रहे हैं।
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अभिभावक रमन, संजीव व विकास ने बताया कि प्राइवेट स्कूलों को भी सरकारी स्कूलों की तरह समय सारिणी बदलने के आदेश का पालन करना चाहिए। सर्दी में बच्चों को सुबह साढ़े पांच बजे से छह के बीच उठाना पड़ रहा है। सुबह सात बजे से पहले बस बच्चों को लेने पहुंच जाती है। ठंड की वजह से कई बार तो बच्चों को सुबह पानी से नहला भी नहीं पाते। इसलिए प्राइवेट स्कूलों के समय में बदलाव होना चाहिए। सुबह जल्दी उठने की वजह से बच्चे सर्दी, खांसी और अन्य स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों के शिकार हो रहे हैं। बस में सफर करते समय भी ठंडी हवा बच्चों को लगती है।
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डीईओ से मिलेंगे: शैंकी गुप्ता
अभिभावक सेवा मंच के जिला संयोजक शैंकी गुप्ता का कहना है कि कई स्कूल तो सुबह 8:30 बजे से 8:50 बजे के बीच लग रहे हैं। परंतु बहुत से ऐसे हैं जिनका समय अभी तक नहीं बदला है। सर्दी के हिसाब से स्कूलों को अपने समय में बदलाव करना चाहिए। वह इस बारे में जिला शिक्षा अधिकारी से भी मिलेंगे। स्कूलों द्वारा सरकारी आदेश की अनदेखी करना गंभीर मामला है।
ठंड को देखते हुए स्कूलों का समय सुबह 9:30 बजे कर दिया गया है। यह आदेश सरकारी व प्राइवेट दोनों तरह के स्कूलों पर लागू होते हैं। यदि प्राइवेट स्कूल अभी भी सुबह जल्दी लग रहे हैं तो इसकी सभी खंडों के बीईओ से रिपोर्ट मंगवाई जाएगी। जो स्कूल जल्द खुल रहे हैं उन पर कार्रवाई की जाएगी।
- प्रेमलता, जिला शिक्षा अधिकारी, यमुनानगर।