फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Yamuna Nagar News ›   Greenery will increase, more than nine lakh saplings will be planted

बढ़ेगी हरियाली, लगाए जाएंगे नौ लाख से अधिक पौधे

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 30 Jun 2022 01:48 AM IST
विज्ञापन
Greenery will increase, more than nine lakh saplings will be planted
Greenery will increase, more than nine lakh saplings will be planted - फोटो : Yamuna Nagar
यमुनानगर। वन विभाग की 18 नर्सरियों में 84 प्रजातियों के नौ लाख पौधे तैयार हैं। इनसे जिले की 769.313 हेक्टेयर भूमि हरियाली से खिल उठेगी। वहीं 264.049 पौधे अलग से उन पौधों की जगह लगेंगे जो किसी कारणवश टूटकर खत्म हो चुके या फिर सूख गए।
विज्ञापन

यहां बता दें पिछले साल की अपेक्षा इस बार पेड़ों की पौध कम है लेकिन विभाग पर्यावरण को बढ़ावा देने के लिए जनता को अलग से जागरूक भी करेगा। जुलाई, अगस्त और सितंबर में बारिश के मौसम में पौधरोपण का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
विज्ञापन

इन प्रजातियों की पौध हो रही तैयार
18 नर्सरियां में नीम, बरगद, पीपल, पिलखन, कट सागवान, पपरी, कुसुम, चौकरसिया, मोलसिरी, बाकेन, बहेरा, शीशम, सफेदा, पॉपुलर, रोहेरा, तून, टीक, सिबल, अर्जुन, खैर, कीकर, डैंक, जंगल जलेबी, खैरी, फ्रांश, गुलमोहर, सिल्वर ओक, आम, जामुन, अमरूद, अनार, इमली व पपीता आदि प्रजातियों के पेड़ों की पौध तैयार हो चुकी है। जुलाई, अगस्त और सितंबर में पौधरोपण का कार्य शुरू हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

इतने वितरित किए जाएंगे पौधे विभाग के मुताबिक साढ़े पांच लाख पौधे बांटे जाएंगे तथा दो लाख पौधे जल शक्ति अभियान के तहत, एक लाख पौधगिरी के तहत स्कूलों में, ढाई लाख जनता के बीच वितरित किए जाएंगे। ये पौधे लोगों को बिल्कुल मुफ्त दिए जाएंगे। बता दें वन विभाग ने कई बार कुछ गांवों का सर्वे किया था। इसमें ज्यादातर पेड़ टूटे मिले, कई जगहों पर पेड़ गायब और कुछ जगहों पर सूखे थे। हालांकि पेड़ क्यों सूखे थे इसका पता नहीं चला। इसके बाद विभाग ने पर्यावरण संरक्षण को बचाने के लिए मुहिम को चलाने का फैसला लिया है।
हरियाली कम होने का एक कारण यह भी
हालांकि जिले में हरियाली की कोई कमी नहीं है। मगर धड़ाधड़ कंक्रीटों की मीनारें बनने से अब इसका असर हरियाली पर भी पड़ने लगा है। लोग हरियाली को खत्म कर भवनों को तैयार करने में लगे हैं। जबकि दूसरी तरफ हरियाणा एनवायरमेंटल सोसायटी (एचईएस) के संस्थापक ग्रीनमैन प्रोफेसर एसएल सैनी का कहना है। वे 32 साल से पौधरोपण करने का कार्य करते आ रहे हैं। उनके प्रयास से शहर में लगभग तीन लाख के करीब पेड़ लगे हैं लेकिन उन्हें दुख इस बात का भी है जो पेड़ उनकी देखरेख में लगाए गए थे आज उन पेड़ों को काटा जा रहा है जो पर्यावरण के लिए खतरा है। इस समय लोगों पर्यावरण के प्रति जागरूक होने की बहुत आवश्यकता है। हर घर में एक पेड़ लगा होना अति आवश्यक है।

इस बार लगभग नौ लाख से अधिक पौधे रोपित किए जाएंगे। विभाग की 18 नर्सरियों में 84 प्रजातियों के पेड़ों की पौध तैयार हो चुकी है। जुलाई, अगस्त और सितंबर माह में पौधरोपण का सबसे अच्छा समय होता है। पर्यावरण को बढ़ावा देने के लिए स्कूल, जनता, पंचायत आदि के तहत पौधे वितरित किए जाएंगे।
-सूरजभान, डीएफओ, वन विभाग।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed