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आंगनवाड़ी केंद्र, शिशु गृह भी ३० अप्रैल तक बंद
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----नोएडा के ध्यानार्थ----
कोरोना : प्रदेश में आंगनवाड़ी केंद्र, शिशु गृह भी 30 अप्रैल तक बंद
- आंगनवाड़ी केंद्रों पर टीकाकरण के लिए बीस से अधिक नहीं बुलाए जाएंगे लाभार्थी
- डीसी गठित करेंगे निरीक्षण दल, मुनादी कराएंगे, आदेश न मानने पर होगी कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों के मद्देनजर सभी आंगनवाड़ी केंद्र और शिशु गृह भी 30 अप्रैल तक बंद कर दिए हैं। सरकारी व निजी स्कूलों के 8वीं कक्षा तक के बच्चों केलिए पहले ही छुट्टियां घोषित की जा चुकी हैं। सरकार ने डीसी को निरीक्षण दल गठित करने का जिम्मा सौंपा है। कोरोना को लेकर जारी दिशा-निर्देशों की वे मुनादी कराएंगे। इनका उल्लंघन होने पर कार्रवाई की जाएगी।
हरियाणा राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की कार्यकारी समिति के चेयरमैन व एसीएस संजीव कौशल की तरफ से यह आदेश जारी किए हैं। आंगनवाड़ी केंद्रों पर लाभार्थियों को कोविड टीकाकरण के लिए बुलाया जाएगा। एक समय में बीस से अधिक लोगों को नहीं बुला सकेंगे। उन्होंने सभी विभागों के प्रशासनिक सचिवों, डीजीपी, मंडलायुक्तों और डीसी को ये आदेश प्रभावी तरीके से लागू कराने के निर्देश दिए हैं।
महिला एवं बाल विकास मंत्री कमलेश ढांडा ने बताया कि सभी 25 हजार 962 आंगनवाड़ी केंद्र, कामकाजी महिलाओं के बच्चों की देखभाल के लिए संचालित 102 शिशु गृह 30 अप्रैल 2021 तक बंद रहेंगे। इस अवधि के बाद कोरोना संक्रमण की दर और हालात को देखते हुए आगामी निर्णय लिया जाएगा।
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मंत्री के अनुसार आंगनवाड़ी केंद्रों, शिशु गृह के बंद रहने के दौरान नौनिहालों, गर्भवती महिलाओं, दूध पिलाने वाली माताओं, किशोरियों को विभिन्न योजनाओं का लाभ आंगनवाड़ी कर्मचारियों, सहायकों के माध्यम से देना सुनिश्चित किया जाएगा। प्रदेश में कोरोना के मामलों की बढ़ती संख्या को देखते हुए यह निर्णय लिया है।
संजीव कौशल ने कहा कि स्कूलों में विद्यार्थियों का कोरोना संक्रमित होना गंभीर मामला है। आंगनवाड़ी केंद्र व शिशु गृह में छोटे बच्चों के लिए भी संक्रमण खतरनाक साबित हो सकता है।
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कोरोना : प्रदेश में आंगनवाड़ी केंद्र, शिशु गृह भी 30 अप्रैल तक बंद
- आंगनवाड़ी केंद्रों पर टीकाकरण के लिए बीस से अधिक नहीं बुलाए जाएंगे लाभार्थी
- डीसी गठित करेंगे निरीक्षण दल, मुनादी कराएंगे, आदेश न मानने पर होगी कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों के मद्देनजर सभी आंगनवाड़ी केंद्र और शिशु गृह भी 30 अप्रैल तक बंद कर दिए हैं। सरकारी व निजी स्कूलों के 8वीं कक्षा तक के बच्चों केलिए पहले ही छुट्टियां घोषित की जा चुकी हैं। सरकार ने डीसी को निरीक्षण दल गठित करने का जिम्मा सौंपा है। कोरोना को लेकर जारी दिशा-निर्देशों की वे मुनादी कराएंगे। इनका उल्लंघन होने पर कार्रवाई की जाएगी।
हरियाणा राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की कार्यकारी समिति के चेयरमैन व एसीएस संजीव कौशल की तरफ से यह आदेश जारी किए हैं। आंगनवाड़ी केंद्रों पर लाभार्थियों को कोविड टीकाकरण के लिए बुलाया जाएगा। एक समय में बीस से अधिक लोगों को नहीं बुला सकेंगे। उन्होंने सभी विभागों के प्रशासनिक सचिवों, डीजीपी, मंडलायुक्तों और डीसी को ये आदेश प्रभावी तरीके से लागू कराने के निर्देश दिए हैं।
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महिला एवं बाल विकास मंत्री कमलेश ढांडा ने बताया कि सभी 25 हजार 962 आंगनवाड़ी केंद्र, कामकाजी महिलाओं के बच्चों की देखभाल के लिए संचालित 102 शिशु गृह 30 अप्रैल 2021 तक बंद रहेंगे। इस अवधि के बाद कोरोना संक्रमण की दर और हालात को देखते हुए आगामी निर्णय लिया जाएगा।
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मंत्री के अनुसार आंगनवाड़ी केंद्रों, शिशु गृह के बंद रहने के दौरान नौनिहालों, गर्भवती महिलाओं, दूध पिलाने वाली माताओं, किशोरियों को विभिन्न योजनाओं का लाभ आंगनवाड़ी कर्मचारियों, सहायकों के माध्यम से देना सुनिश्चित किया जाएगा। प्रदेश में कोरोना के मामलों की बढ़ती संख्या को देखते हुए यह निर्णय लिया है।
संजीव कौशल ने कहा कि स्कूलों में विद्यार्थियों का कोरोना संक्रमित होना गंभीर मामला है। आंगनवाड़ी केंद्र व शिशु गृह में छोटे बच्चों के लिए भी संक्रमण खतरनाक साबित हो सकता है।