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चंडीगढ़ ने मणिपुर को 255 रन से हराया
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चंडीगढ़। कटक में खेली जा रही बीसीसीआई वुमन अंडर 23 वन-डे ट्रॉफी के अंर्तगत खेले गए एक मैच में चंडीगढ़ ने मणिपुर को एकतरफा मुकाबले में 255 रन से हराया। चंडीगढ़ के सलामी बल्लेबाज कप्तान अमनजोत कौर और मोनिका पांडेय के शतकों के चलते टीम ने मणिपुर को 336 रन का लक्ष्य दिया।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी मणिपुर की टीम मात्र 81 रन पर ही ढेर हो गई। इस जीत के साथ ही चंडीगढ़ सभी चार मैचों में जीत दर्ज करके 16 अंकों के साथ अंक तालिका में शीर्ष पर काबिज है। रविवार की सुबह चंडीगढ़ ने टॉस जीत कर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया जो टीम के लिए फायदेमंद साबित हुआ। सलामी बल्लेबाज कप्तान अमनजोत कौर और मोनिका पांडेय ने विपक्षी गेंदबाजों की धुनाई की और मात्र 16वें ओवर में बिना विकेट गंवाए 100 रन का आंकड़ा पार किया। दोनों के बीच 34वें ओवर में 200 रन की सांझेदारी हुई। इस जोड़ी में सबसे पहले अमनजोत कौर ने 124 गेंदों में अपना शतक पूरा किया। इसके बाद मोनिका ने 110 गेंदों में शतक ठोका। चंडीगढ़ ने 47वें ओवर में 300 रन को आंकड़ा पर किया। वहीं दूसरी ओर मोनिका ने 139 गेंदों में 150 रन पूरे किए। वहीं पारी की आखिरी गेंद में 141 के निजी स्कोर पर अमनजोत एक रन चुराने के चक्कर में अपना विकेट गंवा बैठी। वहीं मोनिका पांडेय 158 रन पर नाबाद रही। चंडीगढ़ ने निर्धारित 50 ओवर में एक विकेट के नुकसान पर 336 रन जुटाए। अमनजोत ने अपनी पारी में कुल 14 चौके जड़े जबकि मोनिका ने अपनी पारी में 21 चौके और एक छक्का लगाया।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी मणिपुर की टीम की शुरुआत बेहद निराशाजनक रही। मैच के 5वें ओवर में कुमार शिबी ने रोनीबाला थोकचम को शून्य के स्कोर पर आउट किया। इसके बाद प्रीति (3) और किरणबाला (4) के रूप में जल्दी-जल्दी 2 और विकेट गिरे और स्कोर 3 विकेट के नुकसान पर 23 रन हो गया। विकेटकीपर बल्लेबाज कल्पना और कप्तान राजकुमारी ने पारी को संभालते हुए अभी 42 रन की सांझेदारी निभाई ही थी कि गेंदबाज रजनी देवी ने राजकुमारी को 25 रन पर आउट किया। राजकुमारी के आउट होने के बाद मणिपुर ने अपने शेष 6 विकेट मात्र 19 रन पर गिरा दिए। पूरी टीम 35वें ओवर में कुल 81 रन के स्कोर पर सिमट गई। गेंदबाजी में चंडीगढ़ से काशवी गौतम ने आठ रन देकर 3 विकेट लिए। वहीं कुमार शिबी और रजनी देवी ने भी 3-3 विकेट चटकाए। पारुषि को एक ही विकेट से संतोष करना पड़ा।
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बीसीसीआई से मान्यता मिलने के बाद दोनों खिलाड़ियों का पहला शतक
बीसीसीआई से मान्यता मिलने के बाद पहली बार यूटीसीए की टीम से खेलते हुए मोनिका पांडे और अमनजोत कौर चंडीगढ़ से शतक जड़ने वाली पहली महिला बल्लेबाज बनीं। मोनिका पांडे पीयू और अमनजोत कौर खालसा कालेज-26 की छात्रा है। दोनों खिलाड़ियों ने मणिपुर के खिलाफ शतक लगाकर कॅरिअर का अपना पहला शतक लगाया हैं। इसके साथ ही दोनो खिलाड़ियों ने पहले विकेट के लिए 300 रन की सांझेदारी करके चंडीगढ़ की ओर से सबसे बड़ी सांझेदारी का रिकार्ड भी बनाया है।
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लक्ष्य का पीछा करने उतरी मणिपुर की टीम मात्र 81 रन पर ही ढेर हो गई। इस जीत के साथ ही चंडीगढ़ सभी चार मैचों में जीत दर्ज करके 16 अंकों के साथ अंक तालिका में शीर्ष पर काबिज है। रविवार की सुबह चंडीगढ़ ने टॉस जीत कर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया जो टीम के लिए फायदेमंद साबित हुआ। सलामी बल्लेबाज कप्तान अमनजोत कौर और मोनिका पांडेय ने विपक्षी गेंदबाजों की धुनाई की और मात्र 16वें ओवर में बिना विकेट गंवाए 100 रन का आंकड़ा पार किया। दोनों के बीच 34वें ओवर में 200 रन की सांझेदारी हुई। इस जोड़ी में सबसे पहले अमनजोत कौर ने 124 गेंदों में अपना शतक पूरा किया। इसके बाद मोनिका ने 110 गेंदों में शतक ठोका। चंडीगढ़ ने 47वें ओवर में 300 रन को आंकड़ा पर किया। वहीं दूसरी ओर मोनिका ने 139 गेंदों में 150 रन पूरे किए। वहीं पारी की आखिरी गेंद में 141 के निजी स्कोर पर अमनजोत एक रन चुराने के चक्कर में अपना विकेट गंवा बैठी। वहीं मोनिका पांडेय 158 रन पर नाबाद रही। चंडीगढ़ ने निर्धारित 50 ओवर में एक विकेट के नुकसान पर 336 रन जुटाए। अमनजोत ने अपनी पारी में कुल 14 चौके जड़े जबकि मोनिका ने अपनी पारी में 21 चौके और एक छक्का लगाया।
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लक्ष्य का पीछा करने उतरी मणिपुर की टीम की शुरुआत बेहद निराशाजनक रही। मैच के 5वें ओवर में कुमार शिबी ने रोनीबाला थोकचम को शून्य के स्कोर पर आउट किया। इसके बाद प्रीति (3) और किरणबाला (4) के रूप में जल्दी-जल्दी 2 और विकेट गिरे और स्कोर 3 विकेट के नुकसान पर 23 रन हो गया। विकेटकीपर बल्लेबाज कल्पना और कप्तान राजकुमारी ने पारी को संभालते हुए अभी 42 रन की सांझेदारी निभाई ही थी कि गेंदबाज रजनी देवी ने राजकुमारी को 25 रन पर आउट किया। राजकुमारी के आउट होने के बाद मणिपुर ने अपने शेष 6 विकेट मात्र 19 रन पर गिरा दिए। पूरी टीम 35वें ओवर में कुल 81 रन के स्कोर पर सिमट गई। गेंदबाजी में चंडीगढ़ से काशवी गौतम ने आठ रन देकर 3 विकेट लिए। वहीं कुमार शिबी और रजनी देवी ने भी 3-3 विकेट चटकाए। पारुषि को एक ही विकेट से संतोष करना पड़ा।
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बीसीसीआई से मान्यता मिलने के बाद दोनों खिलाड़ियों का पहला शतक
बीसीसीआई से मान्यता मिलने के बाद पहली बार यूटीसीए की टीम से खेलते हुए मोनिका पांडे और अमनजोत कौर चंडीगढ़ से शतक जड़ने वाली पहली महिला बल्लेबाज बनीं। मोनिका पांडे पीयू और अमनजोत कौर खालसा कालेज-26 की छात्रा है। दोनों खिलाड़ियों ने मणिपुर के खिलाफ शतक लगाकर कॅरिअर का अपना पहला शतक लगाया हैं। इसके साथ ही दोनो खिलाड़ियों ने पहले विकेट के लिए 300 रन की सांझेदारी करके चंडीगढ़ की ओर से सबसे बड़ी सांझेदारी का रिकार्ड भी बनाया है।