संवाद न्यूज एजेंसी
पिनगवां। जिला बागवानी विभाग की ओर से किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए विभिन्न योजनाएं चलाई जा रही हैं। जिला बागवानी अधिकारी अब्दुल रजाक ने बुधवार को प्रेस वार्ता में किसानों से पारंपरिक खेती के साथ बागवानी अपनाने और विभागीय योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने बताया कि बागवानी गतिविधियों पर विभाग की ओर से सब्सिडी दी जा रही है। अब्दुल रजाक ने बताया कि फलदार पौधे लगाने, कोल्ड स्टोरेज बनाने, डिहाइड्रेशन यूनिट स्थापित करने, फूलों और सब्जियों की खेती, मशरूम उत्पादन तथा मधुमक्खी पालन जैसी गतिविधियों के लिए योजनाएं उपलब्ध हैं। विभाग की ओर से प्रति एकड़ 42 हजार रुपये तक की सब्सिडी का प्रावधान है। उन्होंने बताया कि योजनाओं का लाभ लेने के लिए किसानों को सबसे पहले मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर पंजीकरण कराना होगा। इसके लिए आधार कार्ड, फैमिली आईडी और पासपोर्ट साइज फोटो सहित जरूरी दस्तावेज जमा कराने होंगे। किसान संबंधित दस्तावेज जिला बागवानी अधिकारी कार्यालय में दिखाकर नियमानुसार सब्सिडी के लिए आवेदन कर सकते हैं। जिला बागवानी अधिकारी ने बताया कि नूंह जिले में नींबू और बेर के बाग अधिक लगाए जा रहे हैं। बेर की फसल का सीजन नजदीक है। ऐसे में किसानों को फसल को कीटों से बचाने और समय पर सिंचाई करने पर विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्होंने बताया कि जिले में फिलहाल सरकारी नर्सरी नहीं है। हालांकि, तावड़ू में नर्सरी शुरू करने के प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द इसे चालू कराने की उम्मीद है।