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Kurukshetra News: बिना पर्ची के भटकते रहे मरीज, ढाई घंटे तक नदारद रहा कर्मी
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कुरुक्षेत्र। एलएनजेपी अस्पताल में बिना कर्मचारी के इमरजेंसी पर्ची काउंटर । संवाद
कुरुक्षेत्र। एलएनजेपी अस्पताल की इमरजेंसी में पर्ची बनवाने के लिए युवक को करीब ढाई घंटे तक भटकना पड़ा। इमरजेंसी काउंटर से कर्मचारी नदारद रहने से स्वास्थ्य विभाग के प्रबंधों पर सवाल उठे। इस अव्यवस्था के कारण अन्य मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। यह मामला विभाग के अधिकारियों तक भी पहुंचा, जहां उन्हें आश्वासन मिला।
अमन ने आरोप लगाया कि दोपहर करीब 1:30 बजे वह अपनी मां कर्मजीत कौर को लेकर अस्पताल पहुंचा था। उसे बताया गया कि पहले पर्ची लेकर आएं, तभी उपचार आगे बढ़ेगा। वह पर्ची बनवाने इमरजेंसी काउंटर पर गया लेकिन वहां कोई कर्मचारी नहीं मिला। वह काफी देर तक काउंटर पर खड़ा रहा, उसके साथ कई अन्य मरीज भी पर्ची के लिए इंतजार कर रहे थे।
बिना पर्ची लौटाए मरीज
अमन को किसी अन्य कर्मचारी ने बताया कि वह कमरा नंबर 119 में मिलेगा। वह दो बार वहां गया, पर कोई नहीं मिला। अमन दोबारा इमरजेंसी काउंटर पर पहुंचा लेकिन कुर्सी फिर खाली मिली। इस दौरान वह करीब ढाई घंटे तक अस्पताल में रहा, लेकिन उसकी मां की पर्ची नहीं बन पाई। अमन का कहना है कि दर्द की शिकायत पर स्टाफ ने सिर्फ एक इंजेक्शन लगाकर उन्हें घर भेज दिया।
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आरएमओ बोले- गलतफहमी थी
एलएनजेपी अस्पताल के आरएमओ डॉ. बलराज ने कहा कि यह गलतफहमी का मामला था, जिसे सुलझा लिया गया है। अस्पताल की अन्य सेवाएं सुचारु रूप से चल रही हैं।
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अमन ने आरोप लगाया कि दोपहर करीब 1:30 बजे वह अपनी मां कर्मजीत कौर को लेकर अस्पताल पहुंचा था। उसे बताया गया कि पहले पर्ची लेकर आएं, तभी उपचार आगे बढ़ेगा। वह पर्ची बनवाने इमरजेंसी काउंटर पर गया लेकिन वहां कोई कर्मचारी नहीं मिला। वह काफी देर तक काउंटर पर खड़ा रहा, उसके साथ कई अन्य मरीज भी पर्ची के लिए इंतजार कर रहे थे।
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बिना पर्ची लौटाए मरीज
अमन को किसी अन्य कर्मचारी ने बताया कि वह कमरा नंबर 119 में मिलेगा। वह दो बार वहां गया, पर कोई नहीं मिला। अमन दोबारा इमरजेंसी काउंटर पर पहुंचा लेकिन कुर्सी फिर खाली मिली। इस दौरान वह करीब ढाई घंटे तक अस्पताल में रहा, लेकिन उसकी मां की पर्ची नहीं बन पाई। अमन का कहना है कि दर्द की शिकायत पर स्टाफ ने सिर्फ एक इंजेक्शन लगाकर उन्हें घर भेज दिया।
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आरएमओ बोले- गलतफहमी थी
एलएनजेपी अस्पताल के आरएमओ डॉ. बलराज ने कहा कि यह गलतफहमी का मामला था, जिसे सुलझा लिया गया है। अस्पताल की अन्य सेवाएं सुचारु रूप से चल रही हैं।