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Kaithal News: रोडवेज में तीन दशक बाद होगी भर्ती
Fri, 16 Jan 2026 01:15 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 16 Jan 2026 01:15 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। हरियाणा रोडवेज विभाग में लंबे समय बाद मैकेनिकल स्टाफ की भर्ती की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। मुख्यालय की ओर से सभी डिपो प्रबंधकों से खाली पदों की विस्तृत सूची मांगी गई थी, जिसे कैथल डिपो ने भेज दिया है। जानकारी के अनुसार,
कैथल डिपो में मैकेनिकल के 41 और असिस्टेंट मैकेनिकल के 20 पद लंबे समय से खाली पड़े हैं।
गौरतलब है कि वर्ष 1993 के बाद से रोडवेज के बस अड्डों की वर्कशॉप में मैकेनिकल कर्मचारियों की नियमित भर्ती नहीं हो पाई। इसका सीधा असर बसों की समय पर मरम्मत पर पड़ा है। पर्याप्त स्टाफ न होने के कारण कई बार बसें बीच रास्ते खराब हो जाती हैं, जिससे यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ता है।
कैथल डिपो में वर्तमान में लगभग 160 बसें संचालित हो रही हैं। इनमें करीब 50 नई बसें हैं, जबकि लगभग 110 पुरानी बसें बीएस-3 और बीएस-4 श्रेणी की हैं। इन बसों की नियमित और समयबद्ध मरम्मत के लिए पर्याप्त तकनीकी स्टाफ की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही थी।
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डिपो प्रशासन की ओर से मुख्यालय को भेजी गई रिपोर्ट में बताया गया है कि मैकेनिकल और असिस्टेंट मैकेनिकल के अलावा डी-ग्रुप के कई पद भी खाली हैं। मुख्यालय ने अब डी-ग्रुप के रिक्त पदों की जानकारी भी मांगी है, जिसे डिपो द्वारा उपलब्ध करा दिया गया है। कैथल डिपो में हेल्पर के 18 पद, धुलाई कर्मियों के 5 पद खाली हैं, जबकि सफाई कर्मचारियों की भी अतिरिक्त आवश्यकता बताई गई है।
उम्मीद है कि आगामी भर्ती प्रक्रिया के बाद डिपो में स्टाफ की कमी दूर होगी और बसों के रखरखाव की व्यवस्था में सुधार आएगा।
ये पद भी हैं खाली
कैथल डिपो में असिस्टेंट इलेक्ट्रिशियन के 8, असिस्टेंट कार पेंटर के 4, असिस्टेंट वेल्डर के 2, असिस्टेंट टायरमैन के 5, पेंटर के 4 और टायरमैन के 4 पद रिक्त हैं। इसके अलावा करीब 150 परिचालक और 100 से अधिक चालक पद भी लंबे समय से खाली
पड़े हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि सीईटी परीक्षा के बाद सरकार इन पदों को भी भरेगी।
मैकेनिकल और असिस्टेंट मैकेनिकल के पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू होगी। मुख्यालय ने पहले खाली पदों की जानकारी मांगी थी, जिसे भेज दिया गया है। भर्ती होने के बाद बसों की मरम्मत से जुड़ी समस्याएं काफी हद तक दूर हो जाएंगी। अब डी-ग्रुप के खाली पदों की जानकारी भी मुख्यालय को भेजी जा चुकी है। - अनिल कुमार
वर्कशॉप मैनेजर
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कैथल। हरियाणा रोडवेज विभाग में लंबे समय बाद मैकेनिकल स्टाफ की भर्ती की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। मुख्यालय की ओर से सभी डिपो प्रबंधकों से खाली पदों की विस्तृत सूची मांगी गई थी, जिसे कैथल डिपो ने भेज दिया है। जानकारी के अनुसार,
कैथल डिपो में मैकेनिकल के 41 और असिस्टेंट मैकेनिकल के 20 पद लंबे समय से खाली पड़े हैं।
गौरतलब है कि वर्ष 1993 के बाद से रोडवेज के बस अड्डों की वर्कशॉप में मैकेनिकल कर्मचारियों की नियमित भर्ती नहीं हो पाई। इसका सीधा असर बसों की समय पर मरम्मत पर पड़ा है। पर्याप्त स्टाफ न होने के कारण कई बार बसें बीच रास्ते खराब हो जाती हैं, जिससे यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ता है।
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कैथल डिपो में वर्तमान में लगभग 160 बसें संचालित हो रही हैं। इनमें करीब 50 नई बसें हैं, जबकि लगभग 110 पुरानी बसें बीएस-3 और बीएस-4 श्रेणी की हैं। इन बसों की नियमित और समयबद्ध मरम्मत के लिए पर्याप्त तकनीकी स्टाफ की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही थी।
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डिपो प्रशासन की ओर से मुख्यालय को भेजी गई रिपोर्ट में बताया गया है कि मैकेनिकल और असिस्टेंट मैकेनिकल के अलावा डी-ग्रुप के कई पद भी खाली हैं। मुख्यालय ने अब डी-ग्रुप के रिक्त पदों की जानकारी भी मांगी है, जिसे डिपो द्वारा उपलब्ध करा दिया गया है। कैथल डिपो में हेल्पर के 18 पद, धुलाई कर्मियों के 5 पद खाली हैं, जबकि सफाई कर्मचारियों की भी अतिरिक्त आवश्यकता बताई गई है।
उम्मीद है कि आगामी भर्ती प्रक्रिया के बाद डिपो में स्टाफ की कमी दूर होगी और बसों के रखरखाव की व्यवस्था में सुधार आएगा।
ये पद भी हैं खाली
कैथल डिपो में असिस्टेंट इलेक्ट्रिशियन के 8, असिस्टेंट कार पेंटर के 4, असिस्टेंट वेल्डर के 2, असिस्टेंट टायरमैन के 5, पेंटर के 4 और टायरमैन के 4 पद रिक्त हैं। इसके अलावा करीब 150 परिचालक और 100 से अधिक चालक पद भी लंबे समय से खाली
पड़े हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि सीईटी परीक्षा के बाद सरकार इन पदों को भी भरेगी।
मैकेनिकल और असिस्टेंट मैकेनिकल के पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू होगी। मुख्यालय ने पहले खाली पदों की जानकारी मांगी थी, जिसे भेज दिया गया है। भर्ती होने के बाद बसों की मरम्मत से जुड़ी समस्याएं काफी हद तक दूर हो जाएंगी। अब डी-ग्रुप के खाली पदों की जानकारी भी मुख्यालय को भेजी जा चुकी है। - अनिल कुमार
वर्कशॉप मैनेजर