{"_id":"69f7c6e30bc436b32d0380d4","slug":"mapping-done-in-sections-now-enumerators-will-start-counting-kaithal-news-c-245-1-kht1013-148819-2026-05-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaithal News: खंडों में हुई मैपिंग, अब गणना शुरू करेंगे प्रगणक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaithal News: खंडों में हुई मैपिंग, अब गणना शुरू करेंगे प्रगणक
Mon, 04 May 2026 03:36 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Mon, 04 May 2026 03:36 AM IST
विज्ञापन
बरटा गांव में गणना को लेकर जानकारी जुटाते प्रगणक।
संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिले में जनगणना की प्रक्रिया ने अब रफ्तार पकड़ने लगी है। प्रशासनिक स्तर पर सभी खंडों की मैपिंग का कार्य लगभग पूरा कर लिया गया है, जिसके बाद अब प्रगणकों ने फील्ड में उतरकर डेटा जुटाने की तैयारी कर ली है। कैथल खंड में गणना का कार्य सुचारू रूप से शुरू हो चुका है, जबकि चीका, पूंडरी, कलायत और सीवन जैसे अन्य खंडों में भी आज से यह प्रक्रिया पूरी तरह शुरू होने की संभावना है।
जिले की अनुमानित आबादी लगभग 15 लाख है। इस विशाल जनसंख्या की सटीक गणना के लिए प्रशासन ने व्यापक स्तर पर अमले को मैदान में उतारा है। जिलेभर में 1840 प्रगणक और 330 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं। प्रत्येक सुपरवाइजर के अधीन लगभग 5 से 6 प्रगणक काम करेंगे, जो यह सुनिश्चित करेंगे कि कोई भी घर या परिवार इस प्रक्रिया से छूट न जाए।
प्रगणक जब आपके घर पहुंचेंगे, तो वे आपसे कुल 33 सवाल पूछेंगे। इन सवालों के जरिए न केवल जनसंख्या, बल्कि लोगों के जीवन स्तर और उपलब्ध सुविधाओं का आकलन भी किया जाएगा। प्रश्नावली में मकान की स्थिति (कच्चा या पक्का), कमरों की संख्या, परिवार के मुखिया का विवरण, पीने के पानी का स्रोत, शौचालय की सुविधा, रसोई का ईंधन और बिजली के कनेक्शन जैसे सवाल शामिल होंगे।
विज्ञापन
इसके अलावा, संपत्ति से जुड़े सवाल जैसे- साइकिल, कार, रेडियो, टीवी और मोबाइल फोन की उपलब्धता की जानकारी भी जुटाई जाएगी। संवाद
विज्ञापन
कैथल। जिले में जनगणना की प्रक्रिया ने अब रफ्तार पकड़ने लगी है। प्रशासनिक स्तर पर सभी खंडों की मैपिंग का कार्य लगभग पूरा कर लिया गया है, जिसके बाद अब प्रगणकों ने फील्ड में उतरकर डेटा जुटाने की तैयारी कर ली है। कैथल खंड में गणना का कार्य सुचारू रूप से शुरू हो चुका है, जबकि चीका, पूंडरी, कलायत और सीवन जैसे अन्य खंडों में भी आज से यह प्रक्रिया पूरी तरह शुरू होने की संभावना है।
जिले की अनुमानित आबादी लगभग 15 लाख है। इस विशाल जनसंख्या की सटीक गणना के लिए प्रशासन ने व्यापक स्तर पर अमले को मैदान में उतारा है। जिलेभर में 1840 प्रगणक और 330 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं। प्रत्येक सुपरवाइजर के अधीन लगभग 5 से 6 प्रगणक काम करेंगे, जो यह सुनिश्चित करेंगे कि कोई भी घर या परिवार इस प्रक्रिया से छूट न जाए।
विज्ञापन
प्रगणक जब आपके घर पहुंचेंगे, तो वे आपसे कुल 33 सवाल पूछेंगे। इन सवालों के जरिए न केवल जनसंख्या, बल्कि लोगों के जीवन स्तर और उपलब्ध सुविधाओं का आकलन भी किया जाएगा। प्रश्नावली में मकान की स्थिति (कच्चा या पक्का), कमरों की संख्या, परिवार के मुखिया का विवरण, पीने के पानी का स्रोत, शौचालय की सुविधा, रसोई का ईंधन और बिजली के कनेक्शन जैसे सवाल शामिल होंगे।
विज्ञापन
इसके अलावा, संपत्ति से जुड़े सवाल जैसे- साइकिल, कार, रेडियो, टीवी और मोबाइल फोन की उपलब्धता की जानकारी भी जुटाई जाएगी। संवाद