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Kaithal News: उदयातिथि के अनुसार 15 को मकर संक्रांति
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कलायत। मकर संक्रांति की तिथि को लेकर इस साल लोगों के बीच असमंजस की स्थिति है। आमतौर पर हर साल मकर संक्रांति का त्योहार 14 जनवरी के दिन पड़ती है। हालांकि जानकारों के अनुसार, इस बार मकर संक्रांति की तिथि 14 तो कई के अनुसार 15 जनवरी बताई जा रही है। पंडित विशाल शांडिल्य ने बताया कि उदयातिथि के अनुसार, इस बार 15 जनवरी को मकर संक्रांति मनाई जाएगी।
उन्होंने बताया कि 14 जनवरी की रात्रि 8:42 बजे पर सूर्य का राशि परिवर्तन होना है। इसी से मकर संक्रांति का पर्व 15 जनवरी को मनाया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि हिंदू धर्म शास्त्रों में मकर संक्रांति की तिथि को कुछ नियम बताए गए हैं। जिस दिन सूर्य उत्तरायण आते हैं और शनि राशि से मकर राशि में प्रवेश करते हैं उस दिन को मकर संक्रांति के रूप में मनाया जाता है। संक्रांति के दिन सूर्य के राशि परिवर्तन को अंधकार से प्रकाश की ओर हुआ परिवर्तन भी माना जाता है क्योंकि मकर संक्रांति के समय सूर्य बढ़ने लगता है। इससे दिन बड़े व रातें छोटी होने लगती है।
उन्होंने बताया कि इस बार सूर्यदेव का मकर राशि में प्रवेश 14 जनवरी की रात 08:43 मिनट पर होगा। इसलिए उदयातिथि के अनुसार 15 जनवरी 2023 को मकर संक्रांति व 14 को लोहड़ी पर्व मनाया जाएगा। शांडिल्य ने बताया कि 15 जनवरी को मकर संक्रांति का पुण्य काल रहेगा। जिसमें सूर्योदय से लेकर पूरे दिन दान पुण्य आदि किए जा सकेंगे। इस दिन सूर्य, शनि और शुक्र मकर राशि में रहेंगे जिससे त्रिग्रही योग बन रहा है। साथ ही चित्रा नक्षत्र, शश योग सुकर्मा योग, वाशी योग, सुनफा योग और बालव करण योग बनेगा। यह योग कई लोगों की किस्मत चमका देगा। इन योगों में शुभ कार्य, दान, पुण्य, तीर्थ यात्रा, भागवत महापुराण करना किस्मत के बंद दरवाजे खोल देता है।
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उन्होंने बताया कि 14 जनवरी की रात्रि 8:42 बजे पर सूर्य का राशि परिवर्तन होना है। इसी से मकर संक्रांति का पर्व 15 जनवरी को मनाया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि हिंदू धर्म शास्त्रों में मकर संक्रांति की तिथि को कुछ नियम बताए गए हैं। जिस दिन सूर्य उत्तरायण आते हैं और शनि राशि से मकर राशि में प्रवेश करते हैं उस दिन को मकर संक्रांति के रूप में मनाया जाता है। संक्रांति के दिन सूर्य के राशि परिवर्तन को अंधकार से प्रकाश की ओर हुआ परिवर्तन भी माना जाता है क्योंकि मकर संक्रांति के समय सूर्य बढ़ने लगता है। इससे दिन बड़े व रातें छोटी होने लगती है।
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उन्होंने बताया कि इस बार सूर्यदेव का मकर राशि में प्रवेश 14 जनवरी की रात 08:43 मिनट पर होगा। इसलिए उदयातिथि के अनुसार 15 जनवरी 2023 को मकर संक्रांति व 14 को लोहड़ी पर्व मनाया जाएगा। शांडिल्य ने बताया कि 15 जनवरी को मकर संक्रांति का पुण्य काल रहेगा। जिसमें सूर्योदय से लेकर पूरे दिन दान पुण्य आदि किए जा सकेंगे। इस दिन सूर्य, शनि और शुक्र मकर राशि में रहेंगे जिससे त्रिग्रही योग बन रहा है। साथ ही चित्रा नक्षत्र, शश योग सुकर्मा योग, वाशी योग, सुनफा योग और बालव करण योग बनेगा। यह योग कई लोगों की किस्मत चमका देगा। इन योगों में शुभ कार्य, दान, पुण्य, तीर्थ यात्रा, भागवत महापुराण करना किस्मत के बंद दरवाजे खोल देता है।
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