फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   Lawyers' indefinite strike begins

Kaithal News: वकीलों का बेमियादी धरना शुरू

Fri, 09 Aug 2024 05:37 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल Updated Fri, 09 Aug 2024 05:37 AM IST
विज्ञापन
Lawyers' indefinite strike begins
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

गुहला-चीका। तहसील न्यायालय में मुकदमों के निस्तारण में विलंब, फाइलों को लंबित रखने, वादों के निपटारे में देरी व दाखिल खारिज में विलंब के विरोध में गुहला अदालत के वकीलों ने वीरवार को तहसील कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया। इस मौके पर उन्होंने तहसीलदार व प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

धरने की अध्यक्षता गुहला बार के अध्यक्ष सुरेंद्र हांडा (विक्की) ने की। वकीलों के प्रदर्शन के चलते बार एसोसिएशन का कार्य पूरा दिन ठप रहा। धरना शुरू करने के बाद तहसीलदार मनजीत मलिक वकीलों से मिलने पहुंचे थे, लेकिन वकीलों के साथ बातचीत में सहमति नहीं बन पाई थी।
विज्ञापन


अधिवक्ताओं को संबोधित करते हुए जीवानंद कौशिक व बीके कालड़ा ने कहा कि तहसीलदार मनजीत सिंह मलिक जानबूझकर वकीलों के काम को लटकाकर रखता है और दलालों के काम प्राथमिकता के आधार पर किए जाते हैं। वकीलों ने कहा कि गुहला तहसील कार्यालय में हर तरफ भ्रष्टाचार फैला हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि तहसीलदार के खिलाफ वकील पहले भी प्रदर्शन कर रोष जता चुके हैं परंतु तहसीलदार ने अपना रवैया नहीं बदला। बार के अध्यक्ष सुरेंद्र हांडा ने कहा कि वकीलों ने तहसील कार्यालय का दो माह से बायकाट कर रखा है और इस दौरान वकीलों का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री नायब सैनी से भी मिल चुका है, लेकिन उनकी कोई सुनवाई नही की गई।

इसी प्रकार सुरेंद्र हांडा बताया कि उन्हें जानकारी मिली है कि तहसील के कंप्यूटर ऑपरेटरों की हड़ताल के दौरान तहसीलदार मनजीत सिंह ने प्राइवेट कंप्यूटर ऑपरेटरों से कम से कम तीन रजिस्ट्रियां करवाई है। सुरेंद्र हांडा ने कहा कि जब तक सरकार तहसीलदार मनजीत का तबादला नहीं करता उनका धरना तब तक जारी रहेगा।


सभी फाइलें निर्धारित समय में निपटाई जाती हैं। प्रशासनिक कार्यों के साथ न्यायिक कार्य का निपटारा समय से किया जाता है। कुछ अधिवक्ताओं के व्यक्तिगत हितों की पूर्ति न होने के चलते अधिवक्ता उनके ऊपर निराधार आरोप लगा रहे हैं। कार्यालय में भ्रष्टाचार व रिश्वत लेने के सभी आरोप झूठे हैं। -मनजीत सिंह, तहसीलदार गुहला।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed