{"_id":"66e35dcf84e9596d1701f094","slug":"independent-candidate-has-become-mla-after-contesting-for-the-second-time-in-guhla-kaithal-news-c-18-1-knl1004-474109-2024-09-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaithal News: गुहला में आजाद उम्मीदवार दूसरी बार लड़ने पर बने हैं विधायक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaithal News: गुहला में आजाद उम्मीदवार दूसरी बार लड़ने पर बने हैं विधायक
Fri, 13 Sep 2024 03:01 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 13 Sep 2024 03:01 AM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। पंजाब से सटे हल्का गुहला के विधानसभा क्षेत्र में आजाद चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के दूसरी बार चुनाव लड़ने पर विधायक बनने का इतिहास बना है। यह परंपरा 2009 से शुरू हुई थी, जो 2019 तक जारी रही। इस बार वर्ष 2019 में आजाद चुनाव लड़े देवेंद्र हंस को कांग्रेस ने टिकट दिया है।
इससे पहले वर्ष 2009 में कुलवंत बाजीगर निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर चुनाव लड़े। इसके बाद वे 2014 में विधायक बने। इसी प्रकार से जजपा के निवर्तमान विधायक ईश्वर सिंह की पुत्रवधु रेखा रानी ने वर्ष 2014 में निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ा था। इसके बाद उनके ससुर ईश्वर सिंह चुनाव लड़कर जीते थे। अब वर्ष 2024 के चुनावों में क्या माहौल रहेगा। यह तो चुनाव के परिणाम ही बताएंगे।
इतिहास ः गुहला विधानसभा क्षेत्र साल 1977 को अस्तित्व में आया। इस विधान सभा सीट पर अब तक हुए नौ चुनाव में आईएनएलडी ने सबसे अधिक यहां चार बार विधायक बनाए हैं, जबकि दो कांग्रेस, एक बार जनता पार्टी, एक बार बीजेपी तो पिछले चुनाव में जेजेपी यहां जीत हासिल करने में कामयाब रही।
विज्ञापन
इस क्षेत्र से कोई भी महिला नेत्री विधायक नहीं बनी है। हर चुनाव में महिला प्रत्याशी मैदान में तो उतरी हैं, लेकिन विधानसभा में पहुंचने का मौका किसी को नहीं मिला है।
2019 में हुए विधानसभा चुनाव में इस सीट पर जननायक जनता पार्टी के ईश्वर सिंह ने जीत हासिल की थी। उन्होंने कांग्रेस के दिल्लू राम को 4574 वोटों के मार्जिन से हराया था। 2014 में भाजपा के टिकट पर कुलवंत बाजीगर विधायक बने थे। दूसरे नंबर कांग्रेस के दिल्लू राम बाजीगर रहे थे।
थे। उन्हें 34 हजार 158 वोट मिले थे।रहे
जानिए कब होगी वोटिंग
हरियाण विधानसभा की 90 सीटों लिए 1 अक्टूबर को वोट डालेंगे जाएंगे। 4 अक्टूबर को नतीजे तारीख को घोषित होंगे। इसके लिए नामांकन की प्रक्रिया पांच सितंबर से शुरू हो जाएगी। आयोग के अनुसार 12 सितंबर तक नामांकन दाखिल किए जाएंगे। 13 सितंबर को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी। 16 सितंबर तक नाम वापस लिए जा सकेंगे।
2019 के चुनावों के परिणाम
पार्टी
कैंडिडेट
वोट
जेजेपी ईश्वर सिंह
36,518
कांग्रेस दिल्लू राम
31,944
आजाद
देवेंद्र हंस
29,473
देवेंद्र हंस के पास नहीं है खुद का मकान
गुहला विधानसभा से कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में नामांकन दाखिल करने वाले देवेंद्र हंस सबसे गरीब प्रत्याशी हैं। देवेंद्र हंस व उनकी पत्नी के पास मात्र एक लाख 77 हजार रुपये की राशि व 8 लाख रुपए का सोना है। देंवेंद्र हंस के पास ना तो खुद का मकान है और ना ही उनके पास कोई वाहन है। देवेंद्र हंस अपनी आजीविका चलाने के लिए रेफ्रिजरेटर मैकेनिक का काम करते हैं।
विज्ञापन
कैथल। पंजाब से सटे हल्का गुहला के विधानसभा क्षेत्र में आजाद चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के दूसरी बार चुनाव लड़ने पर विधायक बनने का इतिहास बना है। यह परंपरा 2009 से शुरू हुई थी, जो 2019 तक जारी रही। इस बार वर्ष 2019 में आजाद चुनाव लड़े देवेंद्र हंस को कांग्रेस ने टिकट दिया है।
इससे पहले वर्ष 2009 में कुलवंत बाजीगर निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर चुनाव लड़े। इसके बाद वे 2014 में विधायक बने। इसी प्रकार से जजपा के निवर्तमान विधायक ईश्वर सिंह की पुत्रवधु रेखा रानी ने वर्ष 2014 में निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ा था। इसके बाद उनके ससुर ईश्वर सिंह चुनाव लड़कर जीते थे। अब वर्ष 2024 के चुनावों में क्या माहौल रहेगा। यह तो चुनाव के परिणाम ही बताएंगे।
विज्ञापन
इतिहास ः गुहला विधानसभा क्षेत्र साल 1977 को अस्तित्व में आया। इस विधान सभा सीट पर अब तक हुए नौ चुनाव में आईएनएलडी ने सबसे अधिक यहां चार बार विधायक बनाए हैं, जबकि दो कांग्रेस, एक बार जनता पार्टी, एक बार बीजेपी तो पिछले चुनाव में जेजेपी यहां जीत हासिल करने में कामयाब रही।
विज्ञापन
इस क्षेत्र से कोई भी महिला नेत्री विधायक नहीं बनी है। हर चुनाव में महिला प्रत्याशी मैदान में तो उतरी हैं, लेकिन विधानसभा में पहुंचने का मौका किसी को नहीं मिला है।
2019 में हुए विधानसभा चुनाव में इस सीट पर जननायक जनता पार्टी के ईश्वर सिंह ने जीत हासिल की थी। उन्होंने कांग्रेस के दिल्लू राम को 4574 वोटों के मार्जिन से हराया था। 2014 में भाजपा के टिकट पर कुलवंत बाजीगर विधायक बने थे। दूसरे नंबर कांग्रेस के दिल्लू राम बाजीगर रहे थे।
थे। उन्हें 34 हजार 158 वोट मिले थे।रहे
जानिए कब होगी वोटिंग
हरियाण विधानसभा की 90 सीटों लिए 1 अक्टूबर को वोट डालेंगे जाएंगे। 4 अक्टूबर को नतीजे तारीख को घोषित होंगे। इसके लिए नामांकन की प्रक्रिया पांच सितंबर से शुरू हो जाएगी। आयोग के अनुसार 12 सितंबर तक नामांकन दाखिल किए जाएंगे। 13 सितंबर को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी। 16 सितंबर तक नाम वापस लिए जा सकेंगे।
2019 के चुनावों के परिणाम
पार्टी
कैंडिडेट
वोट
जेजेपी ईश्वर सिंह
36,518
कांग्रेस दिल्लू राम
31,944
आजाद
देवेंद्र हंस
29,473
देवेंद्र हंस के पास नहीं है खुद का मकान
गुहला विधानसभा से कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में नामांकन दाखिल करने वाले देवेंद्र हंस सबसे गरीब प्रत्याशी हैं। देवेंद्र हंस व उनकी पत्नी के पास मात्र एक लाख 77 हजार रुपये की राशि व 8 लाख रुपए का सोना है। देंवेंद्र हंस के पास ना तो खुद का मकान है और ना ही उनके पास कोई वाहन है। देवेंद्र हंस अपनी आजीविका चलाने के लिए रेफ्रिजरेटर मैकेनिक का काम करते हैं।