{"_id":"675b3da7a8dd14f7ac0f91c6","slug":"defects-found-in-30-out-of-50-buses-in-rajound-kaithal-news-c-18-1-knl1004-538644-2024-12-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaithal News: राजौंद में 50 में से 30 बसों में मिलीं खामियां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaithal News: राजौंद में 50 में से 30 बसों में मिलीं खामियां
Fri, 13 Dec 2024 01:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 13 Dec 2024 01:16 AM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। शिक्षा विभाग एवं आरटीए विभाग की संयुक्त टीम ने वीरवार को वीरवार को राजौंद खंड में निजी बसों की स्कूलों की जांच की। इस जांच के तहत बसों में सुरक्षा मानकों को जांचा। इस दौरान कई बसों में सुरक्षा के संदर्भ में लापरवाही मिली। संयुक्त टीम ने 51 बसों की जांच की। इसमें से 30 बसें नियमों पर खरी नहीं मिली।
वहीं, राजौंद में भी लापरवाही तो यह रही कि बसों में बच्चों को चढ़ाने व उतारने के लिए जो सहायकों के पास भी लाइसेंस तक नहीं थे। इस दौरान केवल एक महिला सहायक के पास ही लाइसेंस मिल पाया। इसके साथ ही इन बसों में भी में प्राथमिक उपचार बॉक्स नहीं मिला और सीसीटीवी कैमरों का बैकअप नहीं था। कुछ बसों में तो नियमों के आधार पर रंग भी सही नहीं मिला। सहायकों के पास लाइसेंस भी नहीं मिले। वहीं लाइटों, इंडिकेटर और सुरक्षा उपकरणों की खामियां देखने को मिली।
आरटीए विभाग के मोटर वाहन निरीक्षक अनिल सैनी ने बताया कि वीरवार को राजौंद खंड के अधीन आने वाले निजी स्कूलों की बसों की जांच की गई। इस दौरान करीब 30 बसों में खामियां पाई गई हैं। यदि जल्द सभी सुविधाएं पूरी कर विभाग को रिपोर्ट नहीं किया तो संचालकों को नोटिस देकर कड़ी से कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
कैथल। शिक्षा विभाग एवं आरटीए विभाग की संयुक्त टीम ने वीरवार को वीरवार को राजौंद खंड में निजी बसों की स्कूलों की जांच की। इस जांच के तहत बसों में सुरक्षा मानकों को जांचा। इस दौरान कई बसों में सुरक्षा के संदर्भ में लापरवाही मिली। संयुक्त टीम ने 51 बसों की जांच की। इसमें से 30 बसें नियमों पर खरी नहीं मिली।
वहीं, राजौंद में भी लापरवाही तो यह रही कि बसों में बच्चों को चढ़ाने व उतारने के लिए जो सहायकों के पास भी लाइसेंस तक नहीं थे। इस दौरान केवल एक महिला सहायक के पास ही लाइसेंस मिल पाया। इसके साथ ही इन बसों में भी में प्राथमिक उपचार बॉक्स नहीं मिला और सीसीटीवी कैमरों का बैकअप नहीं था। कुछ बसों में तो नियमों के आधार पर रंग भी सही नहीं मिला। सहायकों के पास लाइसेंस भी नहीं मिले। वहीं लाइटों, इंडिकेटर और सुरक्षा उपकरणों की खामियां देखने को मिली।
विज्ञापन
आरटीए विभाग के मोटर वाहन निरीक्षक अनिल सैनी ने बताया कि वीरवार को राजौंद खंड के अधीन आने वाले निजी स्कूलों की बसों की जांच की गई। इस दौरान करीब 30 बसों में खामियां पाई गई हैं। यदि जल्द सभी सुविधाएं पूरी कर विभाग को रिपोर्ट नहीं किया तो संचालकों को नोटिस देकर कड़ी से कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन