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सॉलिड इंडस्ट्रियल वेस्ट व केमिकल युक्त पानी मारकंडा नदी में डालने पर एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
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एसडीएम नारायणगढ़ को ज्ञापन सौंपते।
- फोटो : Ambala
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नारायणगढ़। मारकंडा नदी में इंडस्ट्रियल वेस्ट और केमिकल युक्त पानी छोड़ा जा रहा है। इस संदर्भ में भारतीय इंकलाब संघ के संयोजक एडवोकेट धर्मवीर ढींडसा ने अपने साथियों सहित उप मंडल अधिकारी नारायणगढ़ को ज्ञापन सौंपा है। जिसमें उन्होंने ऐसा करने वाली औद्योगिक इकाइयों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में उन्होंने बताया है कि काला आम्ब में स्थापित औद्योगिक इकाईयों द्वारा प्रदूषण से संबंधित मापदंडों व नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही है। सॉलिड इंडस्ट्रियल वेस्ट व केमिकल युक्त पानी सीधा मारकंडा नदी में छोड़ा जा रहा है। हिमाचल प्रदेश और हरियाणा में बहने वाली नदी मारकंडा का न केवल पौराणिक महत्व है बल्कि इस क्षेत्र में रहने वाले लोगों की जीवन रेखा मारकंडा नदी है। मारकंडा नदी के पौराणिक व धार्मिक महत्व और लोगों की आस्था का अंदाजा मारकंडा नदी के किनारे बनी मंदिरों की शृंखला से लगाया जा सकता है यहां तक कि धार्मिक अनुष्ठानों में संकल्प के दौरान भी मारकंडा क्षेत्र का संदर्भ आता है।
ज्ञापन में मांग की गई है कि प्रदूषण विभाग से इसकी व्यापक जांच करवाकर रिपोर्ट तैयार करवाई जाए व दोषी इकाईयों के खिलाफ कार्यवाही की जाए। रजत लखनोरा व संजीव बख्तुआ ने कहा कि अगर इस ज्ञापन पर प्रशासन ने कोई ठोस कार्यवाही नहीं की तो जन आंदोलन व जन जागरण अभियान पैदल यात्रा के माध्यम से शुरू किया जाएगा। इस अवसर पर राजीव शर्मा, संजीव कुमार, रजत सिंह, नवीन काला आम्ब, नीरज तोमर, सतीश चौधरी, विनोद कुमार, संदीप सैनी, धर्मवीर धीमान, अमित सिंह आदि मौजूद रहे।
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ज्ञापन में उन्होंने बताया है कि काला आम्ब में स्थापित औद्योगिक इकाईयों द्वारा प्रदूषण से संबंधित मापदंडों व नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही है। सॉलिड इंडस्ट्रियल वेस्ट व केमिकल युक्त पानी सीधा मारकंडा नदी में छोड़ा जा रहा है। हिमाचल प्रदेश और हरियाणा में बहने वाली नदी मारकंडा का न केवल पौराणिक महत्व है बल्कि इस क्षेत्र में रहने वाले लोगों की जीवन रेखा मारकंडा नदी है। मारकंडा नदी के पौराणिक व धार्मिक महत्व और लोगों की आस्था का अंदाजा मारकंडा नदी के किनारे बनी मंदिरों की शृंखला से लगाया जा सकता है यहां तक कि धार्मिक अनुष्ठानों में संकल्प के दौरान भी मारकंडा क्षेत्र का संदर्भ आता है।
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ज्ञापन में मांग की गई है कि प्रदूषण विभाग से इसकी व्यापक जांच करवाकर रिपोर्ट तैयार करवाई जाए व दोषी इकाईयों के खिलाफ कार्यवाही की जाए। रजत लखनोरा व संजीव बख्तुआ ने कहा कि अगर इस ज्ञापन पर प्रशासन ने कोई ठोस कार्यवाही नहीं की तो जन आंदोलन व जन जागरण अभियान पैदल यात्रा के माध्यम से शुरू किया जाएगा। इस अवसर पर राजीव शर्मा, संजीव कुमार, रजत सिंह, नवीन काला आम्ब, नीरज तोमर, सतीश चौधरी, विनोद कुमार, संदीप सैनी, धर्मवीर धीमान, अमित सिंह आदि मौजूद रहे।
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