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Ambala News: कपड़ा उद्योग को संजीवनी देकर सत्ता पाने की तैयारी में भाजपा
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वैभव शर्मा
अंबाला। एशिया की सबसे बड़ी मार्केट कही जाने वाली अंबाला की कपड़ा मार्केट आज भी चुनावी मैदान में एक मुद्दा बनती दिखाई दे रही है। इस मार्केट से कई राज्यों के लोग कपड़ों की खरीददारी करने आते हैं। ऐसे में इसी बात को ध्यान में रखते हुए अब भाजपा इसी मुद्दे को लेकर चुनावी मैदान में उतरी है।
शुक्रवार को बराड़ा की अनाज मंडी में केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने भी अपने भाषण में अंबाला में एकीकृत कपड़ा पार्क या टेक्सटाइल पार्क व रेडीमेड कपड़े के उद्योग की स्थापना की घोषणा पर जोर दिया। यहां के स्थानीय कपड़ा कारोबारियों की यह मांग भी रही है कि उनके व्यापार को विकसित करन के लिए सरकार कुछ प्रयास करे।
वैसे वर्ष 2021 के आम बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने देश में ऐसे कई टेक्सटाइल पार्क व एकीकृत कपड़ा पार्क खोलने और इसके जरिए निवेश को बढ़ावा देने की घोषणा की थी। मगर यह प्रयास अंबाला के कपड़ा मार्केट तक नहीं पहुंच सके। उस समय तत्कालीन कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी ने इस प्रयास की सराहना की थी।
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अब जब भाजपा फिर वोट के लिए लोगों के दरवाजों पर खड़ी है तो इस मुद्दे को अंबाला जिला के भाजपा के घोषणा पत्र में विशेष स्थान दिया गया है। वहीं इस मुद्दे को संजीवनी की तरह मानते हुए सत्ता के शीर्ष तक पहुंचने की तैयारी में है।
उद्योगों से टटोली नब्ज
अंबाला में साइंस उद्योग, मिक्सी उद्योग और कपड़ा उद्योग तीन प्रमुख उद्योग हैं। मगर तीनों उद्योगों के साथ पिछले कुछ वर्षों से अन्याय हो रहा है। इन उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए कोई ठोस कदम दिखाई नहीं देते हैं। इसमें मिक्सी उद्योग की तो चुनिंदा यूनिटें ही रह गईं हैं। ऐसे में गृहमंत्री अमित शाह ने खरखोदा जैसा अंबाला को औद्योगिक शहर बनाने की घोषणा कर जिला की चारों विधानसभाओं के मतदाताओं को साधने का प्रयास किया है। अभी तक जीटी रोड पर होने के बावजूद अंबाला का औद्योगिक विकास अधिक नहीं हो सका है। वहीं नारायणगढ़ की बात करें तो यहां के लोग हिमाचल प्रदेश के काला आम्ब में स्थित इंडस्ट्रीज में नौकरी को जाते हैं।
बनाैंदी चीनी मिल से कई क्षेत्रों के किसान जुड़े
गृहमंत्री ने मां बाला सुंदरी शक्तिपीठ और श्री गुरु रविदास आश्रम को प्रणाम कर अपने भाषण की शुरुआत की। उन्होंने 500 रुपये का सिलिंडर, महिलाओं को 2100 रुपये और आयुष्मान योजना में बीमा सुरक्षा कवर बढ़ाने पर जोर दिया इसके साथ ही नारायणगढ़ में बनौंदी में स्थित शुगर मिल को जैसे तैसे साल दर साल प्रबंधन चला रहा है। मिल पर किसानों का करोड़ों रुपये बकाया है। इस मिल से नारायणगढ़, शहजादपुर, मुलाना, बराड़ा आदि क्षेत्रों के किसान जुड़े हुए हैं ऐसे में गृहमंत्री अमित शाह ने इस मुद्दे को भी छुआ। उन्होंने कहा कि चीनी मिल काे दोबारा से स्थापित किया जाएगा।
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अंबाला। एशिया की सबसे बड़ी मार्केट कही जाने वाली अंबाला की कपड़ा मार्केट आज भी चुनावी मैदान में एक मुद्दा बनती दिखाई दे रही है। इस मार्केट से कई राज्यों के लोग कपड़ों की खरीददारी करने आते हैं। ऐसे में इसी बात को ध्यान में रखते हुए अब भाजपा इसी मुद्दे को लेकर चुनावी मैदान में उतरी है।
शुक्रवार को बराड़ा की अनाज मंडी में केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने भी अपने भाषण में अंबाला में एकीकृत कपड़ा पार्क या टेक्सटाइल पार्क व रेडीमेड कपड़े के उद्योग की स्थापना की घोषणा पर जोर दिया। यहां के स्थानीय कपड़ा कारोबारियों की यह मांग भी रही है कि उनके व्यापार को विकसित करन के लिए सरकार कुछ प्रयास करे।
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वैसे वर्ष 2021 के आम बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने देश में ऐसे कई टेक्सटाइल पार्क व एकीकृत कपड़ा पार्क खोलने और इसके जरिए निवेश को बढ़ावा देने की घोषणा की थी। मगर यह प्रयास अंबाला के कपड़ा मार्केट तक नहीं पहुंच सके। उस समय तत्कालीन कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी ने इस प्रयास की सराहना की थी।
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अब जब भाजपा फिर वोट के लिए लोगों के दरवाजों पर खड़ी है तो इस मुद्दे को अंबाला जिला के भाजपा के घोषणा पत्र में विशेष स्थान दिया गया है। वहीं इस मुद्दे को संजीवनी की तरह मानते हुए सत्ता के शीर्ष तक पहुंचने की तैयारी में है।
उद्योगों से टटोली नब्ज
अंबाला में साइंस उद्योग, मिक्सी उद्योग और कपड़ा उद्योग तीन प्रमुख उद्योग हैं। मगर तीनों उद्योगों के साथ पिछले कुछ वर्षों से अन्याय हो रहा है। इन उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए कोई ठोस कदम दिखाई नहीं देते हैं। इसमें मिक्सी उद्योग की तो चुनिंदा यूनिटें ही रह गईं हैं। ऐसे में गृहमंत्री अमित शाह ने खरखोदा जैसा अंबाला को औद्योगिक शहर बनाने की घोषणा कर जिला की चारों विधानसभाओं के मतदाताओं को साधने का प्रयास किया है। अभी तक जीटी रोड पर होने के बावजूद अंबाला का औद्योगिक विकास अधिक नहीं हो सका है। वहीं नारायणगढ़ की बात करें तो यहां के लोग हिमाचल प्रदेश के काला आम्ब में स्थित इंडस्ट्रीज में नौकरी को जाते हैं।
बनाैंदी चीनी मिल से कई क्षेत्रों के किसान जुड़े
गृहमंत्री ने मां बाला सुंदरी शक्तिपीठ और श्री गुरु रविदास आश्रम को प्रणाम कर अपने भाषण की शुरुआत की। उन्होंने 500 रुपये का सिलिंडर, महिलाओं को 2100 रुपये और आयुष्मान योजना में बीमा सुरक्षा कवर बढ़ाने पर जोर दिया इसके साथ ही नारायणगढ़ में बनौंदी में स्थित शुगर मिल को जैसे तैसे साल दर साल प्रबंधन चला रहा है। मिल पर किसानों का करोड़ों रुपये बकाया है। इस मिल से नारायणगढ़, शहजादपुर, मुलाना, बराड़ा आदि क्षेत्रों के किसान जुड़े हुए हैं ऐसे में गृहमंत्री अमित शाह ने इस मुद्दे को भी छुआ। उन्होंने कहा कि चीनी मिल काे दोबारा से स्थापित किया जाएगा।