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Surveen Chawla Interview: सुरवीन चावला ने साझा किए सक्सेस मंत्र, इन चार बातों से मिलती गई कामयाबी दर कामयाबी
Wed, 11 Jun 2025 10:12 PM IST
आराध्य त्रिपाठी
अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
Published by: आराध्य त्रिपाठी
Updated Wed, 11 Jun 2025 10:12 PM IST
सार
Surveen Chawla: 'राणा नायडू 2' और 'क्रिमिनल जस्टिस सीजन 4' को लेकर चर्चाओं में बनीं अभिनेत्री सुरवीन चावला ने अमर उजाला से बातचीत में अपने करियर और जिंदगी से जुड़े किस्से साझा किए।
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सुरवीन चावला
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
विस्तार
टेलीविजन पर ‘कहीं तो होगा’, बड़े परदे पर ‘हेट स्टोरी 2’ और ओटीटी पर ‘सेक्रेड गेम्स’ से तहलका मचाने वाली अभिनेत्री सुवरीन चावला भले 40 साल की हो चुकी हों, लेकिन उनकी अदाओं और उनकी शोखियों के दीवाने कम नहीं हुए हैं। सुरवीन की दो वेब सीरीज ‘क्रिमिनल जस्टिस 4’ और ‘राणा नायडू 2’ इन दिनों हर तरफ चर्चा में हैं। सुरवीन की अपनी शख्सियत ऐसी रही है कि उनको टेलीविजन से लेकर सिनेमा और अब ओटीटी पर हर तरफ प्यार मिल रहा है। एक बातचीत में सुरवीन ने अपनी शख्सीयत की चार बातें ‘अमर उजाला’ के साथ साझा कीं।
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समय के साथ निखरते रहना जरूरी
सुरवीन से जब बात सुंदर दिखने और अच्छे अभिनय में पहली प्राथमिकता को चुनने की आई तो वह कहती हैं, “जिस एक नियम को मैं अपने अभिनय यात्रा में लगातार अपनाती आई हूं, वह है अपनी कला के निखार के लिए लगातार मेहनत करना। ये सही है कि किसी हीरो या हीरोइन के लिए उसका कैमरे के सामने सुंदर दिखना भी जरूरी है लेकिन मेरा मानना है कि अभिनय एक ऐसा हुनर है जो समय के साथ साथ निखरता ही जाना चाहिए।”
सुरवीन से जब बात सुंदर दिखने और अच्छे अभिनय में पहली प्राथमिकता को चुनने की आई तो वह कहती हैं, “जिस एक नियम को मैं अपने अभिनय यात्रा में लगातार अपनाती आई हूं, वह है अपनी कला के निखार के लिए लगातार मेहनत करना। ये सही है कि किसी हीरो या हीरोइन के लिए उसका कैमरे के सामने सुंदर दिखना भी जरूरी है लेकिन मेरा मानना है कि अभिनय एक ऐसा हुनर है जो समय के साथ साथ निखरता ही जाना चाहिए।”
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सुरवीन चावला
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
एक समय में एक ही जगह ध्यान
सुरवीन चावला के करियर की एक खास बात उनको बहुत फोकस्ड रहना भी रहा है। जब उन्होंने टेलीविजन किया तो जी भरकर किया और जब सिनेमा में उन्हें अपनी मादकता दिखाने का वक्त आया तो वह उसमें भी पीछे नहीं रही। सुरवीन कहती हैं, “किसी भी क्षेत्र में सफलता के लिए बहुत जरूरी होता है ध्यान केंद्रित रखना। जैसे जैसे हमारे आसपास डिजिटल दुनिया का असर बढ़ रहा है, हमारा ध्यान एक जगह केंद्रित हो पाना बहुत मुश्किल है। लोगों को 30 सेकंड की रील्स में ही मनोरंजन मिल जा रहा है, ऐसे में कलाकारों के सामने दर्शकों को बांधकर रख पाने की चुनौती सबसे बड़ी है।”
सुरवीन चावला के करियर की एक खास बात उनको बहुत फोकस्ड रहना भी रहा है। जब उन्होंने टेलीविजन किया तो जी भरकर किया और जब सिनेमा में उन्हें अपनी मादकता दिखाने का वक्त आया तो वह उसमें भी पीछे नहीं रही। सुरवीन कहती हैं, “किसी भी क्षेत्र में सफलता के लिए बहुत जरूरी होता है ध्यान केंद्रित रखना। जैसे जैसे हमारे आसपास डिजिटल दुनिया का असर बढ़ रहा है, हमारा ध्यान एक जगह केंद्रित हो पाना बहुत मुश्किल है। लोगों को 30 सेकंड की रील्स में ही मनोरंजन मिल जा रहा है, ऐसे में कलाकारों के सामने दर्शकों को बांधकर रख पाने की चुनौती सबसे बड़ी है।”
सुरवीन चावला
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
कहानी के चयन में सावधानी जरूरी
सुरवीन के हिट धारावाहिकों की लंबी लिस्ट रही है। वह फिल्में भी कमाल की कर चुकी हैं। और ओटीटी पर तो उनका धमाल लगातार जारी है। इतनी दमदार कहानियां चुनने के पीछे उनका कौन सा कारक काम करता है, ये पूछने पर सुरवीन चावला कहती हैं, “किसी भी कहानी को सुनते समय और उसे स्वीकार करते समय मुझे उस किरदार के कहानी पर पड़ने वाले असर को ध्यान रखना होता है। मैं फैसला इस बिंदु से लेती हूं कि क्या ये किरदार अगर कहानी से हटा दिया जाए तो कहानी वैसी ही बनी रहेगी? अगर इसका उत्तर नहीं है तो ही मुझे कहानी पसंद आती है।”
सुरवीन के हिट धारावाहिकों की लंबी लिस्ट रही है। वह फिल्में भी कमाल की कर चुकी हैं। और ओटीटी पर तो उनका धमाल लगातार जारी है। इतनी दमदार कहानियां चुनने के पीछे उनका कौन सा कारक काम करता है, ये पूछने पर सुरवीन चावला कहती हैं, “किसी भी कहानी को सुनते समय और उसे स्वीकार करते समय मुझे उस किरदार के कहानी पर पड़ने वाले असर को ध्यान रखना होता है। मैं फैसला इस बिंदु से लेती हूं कि क्या ये किरदार अगर कहानी से हटा दिया जाए तो कहानी वैसी ही बनी रहेगी? अगर इसका उत्तर नहीं है तो ही मुझे कहानी पसंद आती है।”
बिना तैयारी के मत आइए
दो दशक से ज्यादा समय से लगातार कैमरे के सामने अपनी दमदार मौजूदगी कायम रखने कामयाब रहीं सुरवीन चावला अभिनय में आने की इच्छुक युवतियों के लिए एक अच्छी सलाह देती हैं। वह कहती हैं, “हीरोइन बनने के लिए इच्छुक किशोरियों और युवतियों को मेरी सलाह तो यही है कि अभिनय क्षेत्र किसी भी दूसरे पेशवेर क्षेत्र की तरह चुनौतियों से भरा है। यहां सफलता का कोई शॉर्टकट काम नहीं आता। लंबी रेस में बने रहना है तो इसमें पूरी तैयारी के साथ आना ही ठीक रहेगा।”
दो दशक से ज्यादा समय से लगातार कैमरे के सामने अपनी दमदार मौजूदगी कायम रखने कामयाब रहीं सुरवीन चावला अभिनय में आने की इच्छुक युवतियों के लिए एक अच्छी सलाह देती हैं। वह कहती हैं, “हीरोइन बनने के लिए इच्छुक किशोरियों और युवतियों को मेरी सलाह तो यही है कि अभिनय क्षेत्र किसी भी दूसरे पेशवेर क्षेत्र की तरह चुनौतियों से भरा है। यहां सफलता का कोई शॉर्टकट काम नहीं आता। लंबी रेस में बने रहना है तो इसमें पूरी तैयारी के साथ आना ही ठीक रहेगा।”