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Sonakshi Sinha: भाई कुश सिन्हा का सोनाक्षी के करियर पर बड़ा बयान, बोले- टैलेंट का पूरा इस्तेमाल नहीं हुआ
Tue, 19 Aug 2025 05:45 PM IST
हिमांशु सोनी
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: हिमांशु सोनी
Updated Tue, 19 Aug 2025 05:45 PM IST
सार
Kussh Sinha On Sonakshi Sinha: बॉलीवुड डायरेक्टर कुश सिन्हा ने हाल ही में एक इंटरव्यू में बहन सोनाक्षी सिन्हा के करियर और उनकी फिल्मों की चॉइस खुलकर बात की है।
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सोनाक्षी और कुश
- फोटो : एक्स
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विस्तार
बॉलीवुड की दमदार अदाकारा सोनाक्षी सिन्हा की कुछ समय पहले रिलीज हुई फिल्म 'निकिता रॉय' बॉक्स ऑफिस पर कुछ खास नहीं कर पाई। हाल ही में उनके भाई और डायरेक्टर कुश सिन्हा ने बहन के करियर और उनकी क्षमता को लेकर खुलकर बात की। उन्होंने कहा कि सोनाक्षी में अपार टैलेंट है, लेकिन इंडस्ट्री में कई बार उनकी असली क्षमता को सही तरीके से सामने नहीं लाया गया।
'सोनाक्षी की रेंज है काफी बड़ी'
कुश सिन्हा ने 'फ्री प्रेस जर्नल' को दिए एक हालिया इंटरव्यू में कहा है कि उन्होंने हमेशा सोनाक्षी को एक अदाकारा के रूप में अलग नजरिए से देखा है। भाई होने के साथ-साथ एक दर्शक के तौर पर भी उन्होंने महसूस किया कि सोनाक्षी को वो मौके नहीं मिले जिनसे उनकी पूरी रेंज सामने आती। उन्होंने याद दिलाया कि लुटेरा और अकीरा जैसी फिल्मों में सोनाक्षी ने यह साबित किया कि वो सिर्फ कमर्शियल फिल्मों की हीरोइन नहीं बल्कि एक गंभीर और परिपक्व अभिनेत्री भी हैं।
ये खबर भी पढ़ें: RJ Mahvash: क्या चहल का चयन न होने पर दुखी हैं महवश? एशिया कप के लिए टीम इंडिया के सेलेक्शन पर पूछा यह सवाल
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'डायरेक्टर्स की झिझक बनती है रुकावट'
कुश ने इस बातचीत में यह भी कहा कि फिल्मकार कई बार सितारों को उनकी सीमाओं से आगे धकेलने से हिचकिचाते हैं। इसका नुकसान कलाकारों को होता है क्योंकि उनकी असली प्रतिभा पर्दे पर पूरी तरह से सामने नहीं आ पाती। हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि कलाकारों की अपनी पसंद भी बहुत मायने रखती है। कई बार कागज पर शानदार लगने वाला किरदार शूटिंग के दौरान उतना असरदार साबित नहीं होता।
सही चुनाव से बनता है करियर- कुश
कुश का मानना है कि इंडस्ट्री में टिके रहने के लिए फिल्मों का चुनाव बेहद सोच-समझकर करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कई बार अभिनेता कुछ प्रोजेक्ट्स चुन लेते हैं जो बाद में उतने प्रभावी साबित नहीं होते। वहीं, कभी-कभी उम्मीद से कहीं ज्यादा शानदार नतीजे भी मिल जाते हैं। यही इस इंडस्ट्री की अनिश्चितता है।
‘निकिता रॉय’ में दमदार परफॉर्मेंस
सोनाक्षी सिन्हा की फिल्म निकिता रॉय को लेकर भी कुश ने खास बातें साझा कीं। यह फिल्म खुद उन्होंने डायरेक्ट की थी और इसमें सोनाक्षी ने लीड रोल निभाया। कुश ने बताया कि इस फिल्म में सोनाक्षी का किरदार बेहद मुश्किल और उलझा हुआ था। वह एक ऐसी महिला की भूमिका निभा रही थीं जो टूटी हुई भी है, जिद्दी भी और कहीं न कहीं अपनी ही सोच में खोई हुई। कुश का कहना है कि सोनाक्षी ने इस किरदार की बारीकियों को बखूबी पकड़ा और उसे पर्दे पर जीवंत बना दिया।
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'सोनाक्षी की रेंज है काफी बड़ी'
कुश सिन्हा ने 'फ्री प्रेस जर्नल' को दिए एक हालिया इंटरव्यू में कहा है कि उन्होंने हमेशा सोनाक्षी को एक अदाकारा के रूप में अलग नजरिए से देखा है। भाई होने के साथ-साथ एक दर्शक के तौर पर भी उन्होंने महसूस किया कि सोनाक्षी को वो मौके नहीं मिले जिनसे उनकी पूरी रेंज सामने आती। उन्होंने याद दिलाया कि लुटेरा और अकीरा जैसी फिल्मों में सोनाक्षी ने यह साबित किया कि वो सिर्फ कमर्शियल फिल्मों की हीरोइन नहीं बल्कि एक गंभीर और परिपक्व अभिनेत्री भी हैं।
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'डायरेक्टर्स की झिझक बनती है रुकावट'
कुश ने इस बातचीत में यह भी कहा कि फिल्मकार कई बार सितारों को उनकी सीमाओं से आगे धकेलने से हिचकिचाते हैं। इसका नुकसान कलाकारों को होता है क्योंकि उनकी असली प्रतिभा पर्दे पर पूरी तरह से सामने नहीं आ पाती। हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि कलाकारों की अपनी पसंद भी बहुत मायने रखती है। कई बार कागज पर शानदार लगने वाला किरदार शूटिंग के दौरान उतना असरदार साबित नहीं होता।
सही चुनाव से बनता है करियर- कुश
कुश का मानना है कि इंडस्ट्री में टिके रहने के लिए फिल्मों का चुनाव बेहद सोच-समझकर करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कई बार अभिनेता कुछ प्रोजेक्ट्स चुन लेते हैं जो बाद में उतने प्रभावी साबित नहीं होते। वहीं, कभी-कभी उम्मीद से कहीं ज्यादा शानदार नतीजे भी मिल जाते हैं। यही इस इंडस्ट्री की अनिश्चितता है।
‘निकिता रॉय’ में दमदार परफॉर्मेंस
सोनाक्षी सिन्हा की फिल्म निकिता रॉय को लेकर भी कुश ने खास बातें साझा कीं। यह फिल्म खुद उन्होंने डायरेक्ट की थी और इसमें सोनाक्षी ने लीड रोल निभाया। कुश ने बताया कि इस फिल्म में सोनाक्षी का किरदार बेहद मुश्किल और उलझा हुआ था। वह एक ऐसी महिला की भूमिका निभा रही थीं जो टूटी हुई भी है, जिद्दी भी और कहीं न कहीं अपनी ही सोच में खोई हुई। कुश का कहना है कि सोनाक्षी ने इस किरदार की बारीकियों को बखूबी पकड़ा और उसे पर्दे पर जीवंत बना दिया।