विद्या बालन की कोशिशों से बना शकुंतला देवी का गिनीज बुक रिकॉर्ड सर्टिफिकेट, बेटी ने यूं जताई खुशी
मानव कंप्यूटर कहलाईं शकुंतला देवी की फिल्म शुक्रवार को ओटीटी पर रिलीज होने जा रही हैं। शकुंतला देवी गणित के गुणा भाग चुटकी बजाते कर देती थीं, लेकिन क्या आपको पता है कि वह कौन सी गणना है जिसके लिए गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ने उन्हें इंसानों में सबसे तेज गणना करने वाले इंसान का तमगा दिया।
इसे जानने से पहले ये भी जान लीजिए कि शकुंतला देवी के 1980 में बनाए इस रिकॉर्ड का आधिकारिक तमगा अब जाकर उनकी बेटी अनुपमा बनर्जी को मिला है। लंदन के इंपीरियल कॉलेज में 18 जून 1980 को शकुंतला देवी को ये साबित करना था कि वह गणित में कितनी तेज हैं। उन्हें 13 अंकों की सरसरी तौर पर चुनी गई दो संख्याएं दी गईं जिसका गुणनफल उन्होंने सिर्फ 28 सेकंड में शतप्रतिशत सही सही बता दिया।
अनुपमा अपनी मां की इस उपलब्धि का कागजी दस्तावेज अब पाकर काफी खुश नजर आईं। वह कहती हैं, 'मां की तरफ से सम्मान अपने हाथों में ग्रहण करना ही एक अलग ही अनुभूति देने वाला क्षण है। सिर्फ मेरी मां ये कर सकती थीं।'
वहीं फिल्म में शकुंतला देवी का किरदार कर रहीं विद्या बालन कहती हैं, 'लंदन में शूटिंग के दौरान हमारी अनुपमा से खूब मुलाकातें होतीं और तभी मुझे पता चला कि शकुंतला देवी की इतनी बड़ी उपलब्धि का कोई सर्टिफिकेट ही नहीं है। तब हम सबने मिलकर इसके लिए कोशिश की और मैं रोमांचित हूं ये सोचकर कि अनुपमा अपनी मां की इस निशानी को अब हमेशा सीने से लगाकर रख सकेंगी।'
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