अब क्या करेंगे शाहरुख, फैन की नाकामी की जिम्मेदारी कौन लेगा?
फ्लॉप दिलवाले के दर्द से शाहरुख खान उबर भी नहीं सके कि उन्हें फैन के रूप में एक और झटका लगा। दिलवाले के लिए सितारे की टीम ने निर्देशक रोहित शेट्टी के सिर पर ठीकरा फोड़ा था। गॉसिप गलियारों में फैन की विफलता के लिए निर्माता आदित्य चोपड़ा का नाम उछाला जा रहा है, जिन्होंने दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे जैसी फिल्म दर्शकों को दी है।
फिल्म फ्लॉप होने पर अक्सर झगड़ा होता है कि जिम्मेदार कौन? आम तौर पर ऐक्टरों की जगह निर्माता-निर्देशक के खाते में नाकामी की वजह दर्ज की जाती हैं। ऐक्टर मानता ही नहीं कि दर्शक उसे रिजेक्ट कर सकते हैं। उस पर अगर ऐक्टर कोई सितारा है तो हर प्रकार से ऐसी कहानियां मीडिया में डाली जाती हैं कि जो हुआ उसकी वजह कोई और है। दिलवाले के बाद शाहरुख खान की एक और विफलता फैन के रूप में दर्ज हो चुकी है।
फिल्म को सिनेमाघरों में दो हफ्ते से ज्यादा हो गए हैं और यह केवल 80 करोड़ से कुछ अधिक भारत में कमा सकी है। फैन हाल के वर्षों में शाहरुख की सबसे कम कमाई करने वाली फिल्म है। ऐसे में शाहरुख के मीडिया मैनेजर परेशान हैं कि सितारे की फीकी पड़ती चमक को कैसे बचाएं?
दिलवाले के बाद शाहरुख कैंप ने निर्देशक रोहित शेट्टी पर नाकामी का ठीकरा फोड़ा था कि उन्होंने फिल्म खराब बनाई। इसे लेकर शाहरुख औररोहित कैंप में ऐसा विवाद हुआ कि भविष्य में साथ काम करने के सारी कसमें, सारे वादे टूट गए। अब फैन को लेकर गॉसिप गलियारे गर्म हो रहे हैं कि इसके लिए जिम्मेदार निर्माता है। सवाल यह है कि यह बात कहां से आई और कौन इसे हवा दे रहा है?
शाहरुख फिल्म से पहले ही खुश नहीं थे!
शुरुआती तीन दिनों के बाद फैन औंधे मुंह गिर गई और शाहरुख का स्टारडम चारों खाने चित हो गया। फैन के बाद शाहरुख के फिल्मों के चयन पर भी अंगुलियां उठने लगी हैं। परंतु उनका खेमा इस बातों से ध्यान भटकाने के लिए दूसरी ही चर्चाएं फैला रहा है। मीडिया में आ रही खबरों के अनुसार फैन की मेकिंग में निर्माता आदित्य चोपड़ा ने खूब दखलंदाजी की।
फिल्म समीक्षकों और दर्शकों ने एक राय से कहा कि फैन का दूसरा हिस्सा खास तौर पर निराशाजनक है। इसमें कहानी के बजाय जबर्दस्ती ऐक्शन दृश्यों और शाहरुख द्वारा फैन को पकड़ने के लिए लगाई लंबी-लंबी रेस पर जोर दिया गया है। यह रेसिंग दर्शकों के गले नहीं उतरी क्योंकि इसमें कहानी कहीं की नहीं रह गई और रोमांच अलग खत्म हो गया।
फिल्म से जुड़े सूत्रों के हवाले से कहा जा रहा है कि लेखक-निर्देशक मनीष शर्मा ने फिल्म को ऐसे आकार नहीं दिया था। स्क्रिप्ट के स्तर पर फिल्म कुछ और थी। इसे बहुत ही टाइट लिखा गया था और दूसरे हिस्से को भी पहले की तरह कंटेंट पर आधारित बनाया गया था। मगर निर्माता आदित्य चोपड़ा ने दूसरे हिस्से में बदलाव कराए और उसे मसाला सिनेमा में बदल दिया। परिणाम यह हुआ कि इंटरवेल के बाद कहानी बिल्कुल कमजोर हो गई।
फैन ना कंटेट के लिए रही ना एंटरटेनमेंट के लिए
सबसे खराब बात ये रही कि फैन न कंटेट वाले दर्शकों के लिए रही और न मसाला एंटरटेनमेंट के इच्छुक दर्शकों के लिए। मीडिया में आ रही चर्चाओं में बताया जा रहा है कि आदित्य ही चाहते थे कि फैन का दूसरा हिस्सा पहले से बिल्कुल अलग रहे। इसीलिए उन्होंने शाहरुख द्वारा फैन का पीछा करने के दृश्यों को लंबा कराया।
सूत्र यह भी कह रहे हैं कि शाहरुख इस बदलाव से बिल्कुल खुश नहीं थे और उन्होंने निर्माता से फिल्म की लंबाई कम करने को भी कहा था। परंतु इंडस्ट्री की सबड़े निर्माता ने उनकी नहीं एक नहीं सुनी। ऐसे में जबकि फिल्म को पूरी तरह निर्माता की इच्छा के अनुसार आकार दिया गया, शाहरुख खेमा इस बात से नाखुश है कि नाकामी सितारे के हिस्से में दर्ज हो।
माना जा रहा है कि फैन की मेकिंग में आदित्य के हस्तक्षेप का आम हो जाना इसी बात का संकेत है कि शाहरुख की टीम चाहती है कि सच्चाई लोगों के सामने आए।