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UGC NET PhD: नेट के स्कोर से मिलेगा पीएचडी में प्रवेश, नहीं होगी अतिरिक्त प्रवेश परीक्षा की जरूरत
Thu, 28 Mar 2024 07:53 PM IST
आकाश कुमार
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
Published by: आकाश कुमार
Updated Thu, 28 Mar 2024 07:53 PM IST
सार
PhD and UGC NET 2024: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने कहा है कि सत्र 2024-25 से पीएचडी प्रवेश के लिए भी राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (नेट) स्कोर का उपयोग किया जाएगा। अब विश्वविद्यालयों को अलग-अलग प्रवेश परीक्षाएं आयोजित नहीं करनी पड़ेंगी।
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UGC NET PhD
- फोटो : Amar Ujala
विस्तार
PhD Admission Through UGC NET: नेट परीक्षा साल में दो बार, जून और दिसंबर में आयोजित की जाती है। इसके अंकों का उपयोग वर्तमान में जूनियर रिसर्च फेलोशिप (जेआरएफ) प्रदान करने और मास्टर डिग्री वाले लोगों के लिए सहायक प्रोफेसर के रूप में नियुक्ति की पात्रता के लिए किया जाता है। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने कहा है कि सत्र 2024-25 से पीएचडी प्रवेश के लिए भी राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (नेट) स्कोर का उपयोग किया जाएगा। यूजीसी ने कहा है कि इससे विश्वविद्यालयों और उच्च शिक्षा संस्थानों को अलग-अलग प्रवेश परीक्षाएं आयोजित नहीं करनी पड़ेंगी।
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यूजीसी के अधिकारियों के अनुसार, आयोग ने परीक्षा के प्रावधानों की समीक्षा के लिए एक विशेषज्ञ समिति का गठन किया था और पैनल की सिफारिशों के आधार पर यह निर्णय लिया है कि शैक्षणिक सत्र 2024-25 से पीएचडी कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए नेट स्कोर का उपयोग किया जा सकता है।
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"शैक्षणिक सत्र 2024-2025 से शुरू होकर, देश भर के विश्वविद्यालयों को पीएचडी कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए नेट स्कोर का उपयोग करने का अवसर मिलेगा, जो व्यक्तिगत विश्वविद्यालयों और उच्च शिक्षा संस्थानों (एचईआई) द्वारा आयोजित अलग-अलग प्रवेश परीक्षाओं की आवश्यकता को खत्म करेगा।"
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यूजीसी के अध्यक्ष जगदीश कुमार ने कहा, "साल में दो बार आयोजित होने वाले नेट का लाभ उठाकर, विश्वविद्यालय छात्रों को अधिक सहूलियत प्रदान कर सकते हैं, जिससे वे विभिन्न संस्थानों में पीएचडी कार्यक्रमों के लिए आवेदन करने के लिए किसी भी सत्र से अपने स्कोर का उपयोग कर सकते हैं।"
कुमार ने बताया कि यह पहल छात्रों को कई तरह से लाभ पहुंचाएगी। उनका कहना है कि इसके बाद से छात्रों को विभिन्न विश्वविद्यालयों द्वारा आयोजित कई प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी करने से राहत मिलेगी और इससे परीक्षा प्रबंधन और खर्चों का बोझ कम होगा।
उन्होंने कहा, "हम सभी विश्वविद्यालयों को 2024-2025 शैक्षणिक सत्र से शुरू होने वाले पीएचडी प्रवेश के लिए नेट परीक्षा स्कोर अपनाने के लिए दृढ़ता से प्रोत्साहित करते हैं।"
एक आधिकारिक अधिसूचना में यूजीसी ने यह भी कहा कि जून 2024 से, नेट उम्मीदवारों को तीन श्रेणियों में पात्र घोषित किया जाएगा। ये तीन श्रेणियां निम्न प्रकार होंगी -
- जेआरएफ के साथ पीएचडी में प्रवेश और सहायक प्रोफेसर के रूप में नियुक्ति
- जेआरएफ के बिना पीएचडी में प्रवेश और सहायक प्रोफेसर के रूप में नियुक्ति
- केवल पीएचडी कार्यक्रम में प्रवेश, जेआरएफ पुरस्कार या सहायक प्रोफेसर के रूप में नियुक्ति के लिए नहीं
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