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JNU PHD Admission: जेएनयू में पीएचडी पात्रता पर विवाद, लेफ्ट और एबीवीपी आमने-सामने; पढ़ें पूरी खबर

Fri, 16 May 2025 03:21 PM IST
शाहीन परवीन अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: शाहीन परवीन Updated Fri, 16 May 2025 03:21 PM IST
सार

JNU PHD Admission: जेएनयू में पीएचडी दाखिले की पात्रता को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। इसी मुद्दे पर लेफ्ट छात्र संगठनों और एबीवीपी के बीच तीखी बहस छिड़ गई है। दोनों पक्ष विश्वविद्यालय प्रशासन पर अपने-अपने आरोप लगा रहे हैं।

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JNU PhD Admission Row: Left and ABVP Clash Over Eligibility Criteria
जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय, JNU - फोटो : Adobe Stock

विस्तार

JNU: जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में शैक्षणिक सत्र 2025-26 में पीएचडी दाखिले की पात्रता को लेकर विवाद शुरू हो गया है। एक ओर लेफ्ट पैनल के जेएनयू छात्रसंघ के पदाधिकारी जेएनयू प्रशासन पर पीएचडी दाखिले में जून में आयोजित होने वाले यूजीसी नेट के अंकों को दाखिला मानदंड में शामिल न करने का आरोप लगा रहे हैं, दूसरी ओर एबीवीपी से जेएनयू छात्रसंघ में संयुक्त सचिव वैभव मीणा ने पीएचडी दाखिले में जून के यूजीसी नेट के अंकों को भी शामिल किए जाने के संबंध में जानकारी दी है।

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छात्रसंघ के अध्यक्ष नीतीश कुमार ने कहा कि दाखिला शाखा के साथ बैठक हुई थी। इसमें दिसंबर के यूजीसी नेट के अंकों के आधार पर प्रक्रिया शुरू करने की जानकारी दी गई, जो पूरी तरह से धोखाधड़ी है। नेट के जरिये दाखिला लेने की प्रक्रिया पूरी तरह से अलोकतांत्रिक है। पिछले वर्ष छात्रसंघ जब भूख हड़ताल पर बैठा था तो प्रशासन ने वर्ष 2025-26 में पीएचडी दाखिले में जेएनयू प्रवेश परीक्षा वापस लाने की बात की थी।

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परीक्षा रद्द करने की वजह फंड की कमी

इस संबंध में सभी स्कूलों के डीन और स्पेशल सेंटर को पत्र भी लिखा गया। सभी ने जेएनयू प्रवेश परीक्षा कराने को लेकर अपने विचार दिए। फिर दोबारा से एक बैठक बुलाई गई, उसमें दो कारणों से प्रवेश परीक्षा न कराने का निर्णय लिया। इसमें फंड न होना भी एक कारण बताया गया। पीएचडी जेएनयू प्रवेश परीक्षा के लिए प्रशासन को लगभग ढाई करोड़ रुपये खर्च करने पड़ेंगे। जेएनयू प्रवेश परीक्षा दोबारा से लाने को लेकर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।

जेएनयू छात्रसंघ के संयुक्त सचिव वैभव मीणा ने कहा कि नए पीएचडी दाखिलों का सत्र नजदीक आ रहा है। ऐसी अफवाह थी कि जून में होने वाले यूजीसी नेट के अंकों को दाखिले के मानदंडों में शामिल नहीं किया जाएगा। जब इस बारे में दाखिला निदेशक से बात की तो उन्होंने ऐसा कोई भी निर्णय न लिए जाने की जानकारी दी। प्रोस्पेक्टस में ऐसी कोई बात शामिल नहीं होने जा रही है। जून में यूजीसी नेट देने वाले छात्र भी दाखिले के पात्र होंगे, छात्र अफवाहों पर ध्यान न दें। 

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